{"_id":"68963cad9753af9e7f0c5eee","slug":"the-old-man-was-lying-dead-in-the-house-for-three-days-nobody-had-any-clue-etah-news-c-163-1-eta1001-137407-2025-08-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etah News: तीन दिन तक घर में मृत पड़ा रहा वृद्ध, नहीं लगी किसी को भनक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etah News: तीन दिन तक घर में मृत पड़ा रहा वृद्ध, नहीं लगी किसी को भनक
Fri, 08 Aug 2025 11:36 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Fri, 08 Aug 2025 11:36 PM IST
विज्ञापन
एटा। शहर के मोहल्ला परशुराम नगर में तीन दिन तक एक वृद्ध घर में मृत पड़ा रहा और किसी को भनक नहीं लगी। शुक्रवार सुबह तेज दुर्गंध आने पर अंदर देखा गया तो वृद्ध की लाश पड़ी दिखी। इसके बाद पुलिस को बुलाया गया।
मोहल्ला परशुराम नगर निवासी आदित्य मिश्रा ने बताया कि पड़ोस में रहने वाले संतोष (65) घर में अकेले ही रहते थे। विवाह हुआ था मगर पत्नी और बेटी 15 वर्ष से कस्बा व थाना उझानी जिला बदायूं में रहते हैं। संतोष की स्थिति काफी दयनीय हो गई थी। वह कचरा बीनकर गुजारा करते थे। अंतिम बार लगभग 4 दिन पूर्व घर से बाहर देखे गए थे। बृहस्पतिवार की देर रात से आसपास रहने वाले लोगों को तेज दुर्गंध महसूस हुई। सोचा घर में चूहा मर गया होगा।
शुक्रवार सुबह तेज बदबू आई तो इनके घर के अंदर पहुंचे। दरवाजा खुला हुआ था। संतोष कमरे में चारपाई पर मृत अवस्था में पड़े हुए थे और तेज दुर्गंध आ रही थी। सूचना देने पर पुलिस पहुंची और इनके पैतृक गांव धिरामई में खबर पहुंचाई। वहां से कुछ लोगों के आने पर शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया गया। इसमें तीन दिन पहले वृद्ध की मृत्यु होना पाया गया है।
विज्ञापन
परिजन पीछे हटे, संस्था ने कराया अंतिम संस्कार
सूचना देने के बाद भी मृतक की पत्नी और बेटी नहीं पहुंचीं। गांव से परिवार के जो लोग आए वो भी अंतिम संस्कार के नाम पर पीछे हट गए। थाना प्रभारी अमित कुमार ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद कोई परिजन शव ले जाने को तैयार नहीं हुआ जिसके कारण पुलिस ने ही संस्कार मानव सेवा समिति के साथ मिलकर अंतिम संस्कार कराया है।
विज्ञापन
मोहल्ला परशुराम नगर निवासी आदित्य मिश्रा ने बताया कि पड़ोस में रहने वाले संतोष (65) घर में अकेले ही रहते थे। विवाह हुआ था मगर पत्नी और बेटी 15 वर्ष से कस्बा व थाना उझानी जिला बदायूं में रहते हैं। संतोष की स्थिति काफी दयनीय हो गई थी। वह कचरा बीनकर गुजारा करते थे। अंतिम बार लगभग 4 दिन पूर्व घर से बाहर देखे गए थे। बृहस्पतिवार की देर रात से आसपास रहने वाले लोगों को तेज दुर्गंध महसूस हुई। सोचा घर में चूहा मर गया होगा।
विज्ञापन
शुक्रवार सुबह तेज बदबू आई तो इनके घर के अंदर पहुंचे। दरवाजा खुला हुआ था। संतोष कमरे में चारपाई पर मृत अवस्था में पड़े हुए थे और तेज दुर्गंध आ रही थी। सूचना देने पर पुलिस पहुंची और इनके पैतृक गांव धिरामई में खबर पहुंचाई। वहां से कुछ लोगों के आने पर शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया गया। इसमें तीन दिन पहले वृद्ध की मृत्यु होना पाया गया है।
विज्ञापन
परिजन पीछे हटे, संस्था ने कराया अंतिम संस्कार
सूचना देने के बाद भी मृतक की पत्नी और बेटी नहीं पहुंचीं। गांव से परिवार के जो लोग आए वो भी अंतिम संस्कार के नाम पर पीछे हट गए। थाना प्रभारी अमित कुमार ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद कोई परिजन शव ले जाने को तैयार नहीं हुआ जिसके कारण पुलिस ने ही संस्कार मानव सेवा समिति के साथ मिलकर अंतिम संस्कार कराया है।