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Deoria News: निमोनिया की चपेट में मासूम, पीआईसीयू वार्ड फुल

Fri, 15 Nov 2024 03:21 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया Updated Fri, 15 Nov 2024 03:21 AM IST
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Innocent child suffering from pneumonia, PICU ward full
देवरिया। मौसम बदलने और सुबह-शाम की ठंड का असर बच्चों की सेहत पर पड़ रहा है। थोड़ी सी लापरवाही भारी पड़ रही है। बच्चे निमोनिया से पीड़ित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में मरीजों की संख्या बढ़ी है। रोजाना 40 से 50 इस बीमारी के बच्चे इलाज के लिए आ रहे हैं। इनमें गंभीर आठ से दस मरीजों को भर्ती कराया जा रहा है, जबकि सामान्य मरीज को डॉक्टर दवा और सावधानी बरतने को कह रहे हैं। इनके ठीक होने में सात से पंद्रह दिन का समय लग जा रहा है, जबकि पीआईसीयू वार्ड फुल रह रहा है।
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मौसम में परिवर्तन और ठंड बढ़ने से वायरस व बैक्टीरिया का संक्रमण बढ़ जाता है। लापरवाही बरतने पर बच्चों में इंफेक्शन तेज हो गया है। रोग प्रतिरोध क्षमता कम होने के कारण बच्चों के चपेट में आने से स्वास्थ्य बिगड़ जा रहा है। महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में बुखार, सर्दी, जुकाम, सांस, उल्टी-दस्त से पीड़ित बच्चों को लेकर परिजन पहुंच रहे हैं। इसमें निमोनिया के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। हर रोज करीब 40 से 50 मरीज आ रहे हैं। इसमें गंभीर मरीजों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को बाल रोग विभाग में मरीजों की भीड़ थी। डॉ. इकबाल ने 160 से अधिक बच्चों का इलाज किया। इसमें सर्दी, खांसी, सांस लेने में दिक्कत के मरीज शामिल रहे। अधिकांश मरीजों को दवा के साथ बचाव का सुझाव दिया गया। सुबह 45 बच्चे भर्ती थे। पीआईसीयू के 15 बेड पर 17 और 20 बेड के चिल्ड्रेन वार्ड में 28 मरीज भर्ती किए गए थे। इसमें बुखार के 28, सांस के आठ, उलटी-दस्त के चार, पेट दर्द के तीन सहित अन्य बीमारी से पीड़ित मरीज थे।
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बाल रोग विभाग के अध्यक्ष डॉ. इकबाल ने बताया कि इस समय मौसम बदला है और सुबह-शाम ठंड पड़ रही है। इस वातावरण में वायरस और बैक्टीरिया ग्रोथ करते हैं। निमोनिया के मरीज बढ़े हैं। यह फेफड़े का संक्रमण होता है। इंफ्लुएंजा, आरएसबी वायरस के कारण वायरल निमोनिया होता है। इसमें बुखार, खांसी, नाक बहना, कभी-कभी सांस की समस्या होती है।
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