{"_id":"66eb377f65548da65606a5a4","slug":"deoria-news-auto-drivers-are-charging-more-fare-as-evening-falls-deoria-news-c-208-1-sgkp1008-135584-2024-09-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Deoria News: शाम ढलते ही ज्यादा किराया वसूल रहे हैं ऑटो चालक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Deoria News: शाम ढलते ही ज्यादा किराया वसूल रहे हैं ऑटो चालक
Thu, 19 Sep 2024 01:56 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 19 Sep 2024 01:56 AM IST
विज्ञापन
देवरिया। लोकल रूटों पर बसों के अभाव से यात्रियों को खूब परेशानी हो रही है। दिन में ही कसया-पडरौना, खुखुंदू, भलअुनी, बैरोना, करुअना, बरहज सहित अन्य जगहों को जाने वाले यात्री ऑटो का सहारा ले रहे हैं। डिपो स्तर पर शाम सात बजे के बाद ही कसया-पडरौना, सलेमपुर रूट पर बस सेवा बंद हो जाती है, ऐसे में इधर के यात्री ऑटो चालकों को निर्धारित किराए से दुगुना देकर जाने को मजबूर हैं।
देवरिया बस स्टैंड सामने आए दिन यह सीन देखने को मिल रहा है। दूसरी साइड में सलेमपुर जाने वाले रोड पर आटो स्टैंड नहीं होने के बावजूद दिन में ही खुलेआम ऑटो व ई-रिक्शा चालक बरहज व सलेमपुर तक की सवारी बैठाकर ले जा रहे हैं। इन्हें रोकने-टोकने वाला कोई नहीं है। शाम के सात बजे तो ऑटो चालकों दबंगई करने लगते हैं। जैसे-जैसे समय बढ़ता है, उसी अनुपात में इनका किराया भी बढ़ता जाता है। जैसे 29 किमी सलेमपुर या 25 किमी बरहज तक जाने का किराया अगर 40 रुपये है तो रात्रि आठ से नौ बजे के बीच दुगना किराया वसूल रहे हैं। नौ से 10 बजे के बीच तो यह किराया 100 रुपये तक हो जा रहा है। कोई आपत्ति करता है तो ऑटो चालक मारपीट पर भी उतारू हो जाते हैं।
-- -- -- -- -
जहां बस नहीं चलती, उन रूटों पर करते हैं मनमानी
जिन रूटाें पर बसों की संख्या कम है या नहीं चलती हैं, वहां ऑटो चालक मनमानी कर रहे हैं। यह अपने हिसाब से सवारी भरते हैं और किराया अधिक वसूलते हैं। बुधवार की दोपहर 2 बजे सु़रौली-पैकौली, रुद्रपुर व को जाने वाले यात्री परेशान दिखे। राघवनगर कोचिंग सेंटर से नीट की तैयारी कर रही सुषमा सिंह ने बताया कि सुरौली जिला मुख्यालय से लगभग 10 किमी है लेकिन दिन में ही ऑटो चालक 30 से 40 रुपये किराया ले रहे हैं।
विज्ञापन
-- -- -- -- -
देवरिया डिपो में रात्रिकालीन सेवा का संचालन नहीं होता। शाम आठ बजे के बाद ही यहां बसों का संचालन बंद हो जाता है। गोरखपुर से आने वाली बसें जो सलेमपुर, लार, मगहरा, बंगरा बाजार आदि जगहों के लिए जाती हैं, लेट होने पर ही रात आठ बजे के बाद आती हैं। ऐसे में यहीं बसें अपने निर्धारित ठहराव वाले स्थानों पर जाने के लिए वहां जाती होंगी। सुबह में पांच बजे से ही यहां बसों का संचालन शुरू कर दिया जाता है।
राकेश पति त्रिपाठी, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी
-- -- -- -
नगरपालिका की ओर से गोरखपुर व कसया ओवरब्रिज के पास ऑटो स्टैंड के लिए जगह निर्धारित कर दी गई है। गौरी बाजार व कसया की ओर से ऑटो चालक अब यहां वाहन खड़ा कर सवारी भरेंगे। शहर में आने की इजाजत इन्हें नहीं होगी। सख्ती दिखाई गई तो बुधवार को कुछ ऑटो चालकों ने इसका विरोध भी किया लेकिन उन्हें नए आदेश का पालन करना ही होगा। नहीं मानने पर चालान किया जाएगा।
भूपेंद्र सिंह, टीएसआई
विज्ञापन
देवरिया बस स्टैंड सामने आए दिन यह सीन देखने को मिल रहा है। दूसरी साइड में सलेमपुर जाने वाले रोड पर आटो स्टैंड नहीं होने के बावजूद दिन में ही खुलेआम ऑटो व ई-रिक्शा चालक बरहज व सलेमपुर तक की सवारी बैठाकर ले जा रहे हैं। इन्हें रोकने-टोकने वाला कोई नहीं है। शाम के सात बजे तो ऑटो चालकों दबंगई करने लगते हैं। जैसे-जैसे समय बढ़ता है, उसी अनुपात में इनका किराया भी बढ़ता जाता है। जैसे 29 किमी सलेमपुर या 25 किमी बरहज तक जाने का किराया अगर 40 रुपये है तो रात्रि आठ से नौ बजे के बीच दुगना किराया वसूल रहे हैं। नौ से 10 बजे के बीच तो यह किराया 100 रुपये तक हो जा रहा है। कोई आपत्ति करता है तो ऑटो चालक मारपीट पर भी उतारू हो जाते हैं।
विज्ञापन
जहां बस नहीं चलती, उन रूटों पर करते हैं मनमानी
जिन रूटाें पर बसों की संख्या कम है या नहीं चलती हैं, वहां ऑटो चालक मनमानी कर रहे हैं। यह अपने हिसाब से सवारी भरते हैं और किराया अधिक वसूलते हैं। बुधवार की दोपहर 2 बजे सु़रौली-पैकौली, रुद्रपुर व को जाने वाले यात्री परेशान दिखे। राघवनगर कोचिंग सेंटर से नीट की तैयारी कर रही सुषमा सिंह ने बताया कि सुरौली जिला मुख्यालय से लगभग 10 किमी है लेकिन दिन में ही ऑटो चालक 30 से 40 रुपये किराया ले रहे हैं।
विज्ञापन
देवरिया डिपो में रात्रिकालीन सेवा का संचालन नहीं होता। शाम आठ बजे के बाद ही यहां बसों का संचालन बंद हो जाता है। गोरखपुर से आने वाली बसें जो सलेमपुर, लार, मगहरा, बंगरा बाजार आदि जगहों के लिए जाती हैं, लेट होने पर ही रात आठ बजे के बाद आती हैं। ऐसे में यहीं बसें अपने निर्धारित ठहराव वाले स्थानों पर जाने के लिए वहां जाती होंगी। सुबह में पांच बजे से ही यहां बसों का संचालन शुरू कर दिया जाता है।
राकेश पति त्रिपाठी, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी
नगरपालिका की ओर से गोरखपुर व कसया ओवरब्रिज के पास ऑटो स्टैंड के लिए जगह निर्धारित कर दी गई है। गौरी बाजार व कसया की ओर से ऑटो चालक अब यहां वाहन खड़ा कर सवारी भरेंगे। शहर में आने की इजाजत इन्हें नहीं होगी। सख्ती दिखाई गई तो बुधवार को कुछ ऑटो चालकों ने इसका विरोध भी किया लेकिन उन्हें नए आदेश का पालन करना ही होगा। नहीं मानने पर चालान किया जाएगा।
भूपेंद्र सिंह, टीएसआई