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हृदयगति रूकने से जेल में बंदी की मौत
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हृदयगति रुकने से बंदी की मौत
हत्या और डकैती के मामले में जेल में बंद था रामसेवक
बिहार के शाहपुर पकड़ीहार का रहने वाला था बंदी
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। हत्या और लूट के मामले में जिला जेल में बंद एक बदमाश की रविवार की दोपहर में हृदयगति रुकने से मौत हो गई। आनन-फानन जेलकर्मी उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराए। यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल प्रशासन की सूचना पर सदर कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जेल प्रशासन ने बंदी की मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी है।
बिहार प्रांत के गोपालगंज जिले के गोपालपुर थाना क्षेत्र के शाहपुर पकड़ीहार गांव का रहने वाला रामसेवक (48) पुत्र रामजीत पर वर्ष 1992 में लूट और हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था। पुलिस के मुताबिक रामसेवक गिरोह बनाकर लूट की घटनाओं को अंजाम देता था। विरोध करने पर हत्या भी कर देता था। पुलिस ने पांच सितम्बर 2016 को रामसेवक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। तभी से वह जिला जेल में बंद था। रविवार की दोपहर में उसके सीने में तेज दर्द होने लगा। उसे जेल अस्पताल में ले जाया गया। हालत बिगड़ने पर जेल प्रशासन ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां इमरजेंसी में तैनात डॉ. रोहित सिंह ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल प्रशासन ने सूचना कोतवाली पुलिस को दी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जेल के डॉ. संजय गुप्ता ने बताया कि बंदी की हार्ट अटैक से मौत हुई है। जेल प्रशासन ने बंदी की मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी है।
कोट-
दो साल से जिला जेल में बंद बदमाश की हृदयगति रुकने से मौत हो गई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। बंदी के मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी गई है।
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-दिलीप कुमार पांडेय, जेल अधीक्षक।
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हत्या और डकैती के मामले में जेल में बंद था रामसेवक
बिहार के शाहपुर पकड़ीहार का रहने वाला था बंदी
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। हत्या और लूट के मामले में जिला जेल में बंद एक बदमाश की रविवार की दोपहर में हृदयगति रुकने से मौत हो गई। आनन-फानन जेलकर्मी उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराए। यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल प्रशासन की सूचना पर सदर कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जेल प्रशासन ने बंदी की मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी है।
बिहार प्रांत के गोपालगंज जिले के गोपालपुर थाना क्षेत्र के शाहपुर पकड़ीहार गांव का रहने वाला रामसेवक (48) पुत्र रामजीत पर वर्ष 1992 में लूट और हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था। पुलिस के मुताबिक रामसेवक गिरोह बनाकर लूट की घटनाओं को अंजाम देता था। विरोध करने पर हत्या भी कर देता था। पुलिस ने पांच सितम्बर 2016 को रामसेवक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। तभी से वह जिला जेल में बंद था। रविवार की दोपहर में उसके सीने में तेज दर्द होने लगा। उसे जेल अस्पताल में ले जाया गया। हालत बिगड़ने पर जेल प्रशासन ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां इमरजेंसी में तैनात डॉ. रोहित सिंह ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल प्रशासन ने सूचना कोतवाली पुलिस को दी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जेल के डॉ. संजय गुप्ता ने बताया कि बंदी की हार्ट अटैक से मौत हुई है। जेल प्रशासन ने बंदी की मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी है।
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कोट-
दो साल से जिला जेल में बंद बदमाश की हृदयगति रुकने से मौत हो गई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। बंदी के मौत की सूचना उसके परिवारवालों को दे दी गई है।
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-दिलीप कुमार पांडेय, जेल अधीक्षक।