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Deoria News: सदर रेलवे स्टेशन से गांजा तस्कर समेत तीन गिरफ्तार
Tue, 07 May 2024 03:39 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Tue, 07 May 2024 03:39 AM IST
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मऊ एसओजी ने तीनों को डेढ़ क्विंटल गांजा के साथ रंगे हाथ पकड़ा
ट्रेन से गांजा लेकर सप्लायर डिलीवरी देने पहुंचा था देवरिया
मौसी के लड़के के साथ गांजा लेने रेलवे स्टेशन पहुंचा था धन्नू सिंह
मऊ ले जाने के बाद गांजा तस्करी के मामले में तीनों का किया चालान
धन्नू का तीन पुस्त पुराना है गांजा तस्करी का धंधा, बड़ा भाई गांजा तस्करी में बंद है जेल में
स्थानीय पुलिस को इस मामले की जानकारी नहीं, चर्चाओं का बाजार गर्म
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/बघौचघाट। सदर रेलवे स्टेशन गेट के सामने से रविवार को मऊ में गांजा तस्करी के एक मामले में जाल बिछाते हुए देवरिया पहुंची एसओजी ने तीन युवकों को दबोच लिया। उनके पास से करीब डेढ़ क्विंटल गांजा जब्त किया। इसके बाद वाहन में बैठाकर पुलिस मऊ चली गई। जहां सोमवार को कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद तीनों को जेल भेज दिया।
गिरफ्तार गांजा तस्कर व उसकी मौसी का लड़का बिहार प्रांत के विजयीपुर से गांजा की सप्लाई देने ट्रेन से देवरिया पहुंचा। सप्लायर असम का रहने वाला बताया जाता है। गांजा तस्कर का बड़ा भाई करीब डेढ़ क्विंटल गांजा की तस्करी करने के आरोप में देवरिया जेल में बंद है। इधर, जिले में पहुंचकर गांजा तस्करों के विरुद्ध कार्रवाई कर मऊ एसओजी चली गई, लेकिन जिले के पुलिस महकमे को इसकी भनक भी नहीं लगी।
गांजा तस्करी से जुड़े एक मामले में मऊ की एसओजी देवरिया सदर रेलवे स्टेशन पर पहुंची हुई थी। एसओजी के जवान एकदम सादे लिबास में स्टेशन परिसर में फैले हुए थे। उन्हें सूचना मिली थी कि बिहार प्रांत के विजयीपुर थाना क्षेत्र के मठिया गांव निवासी गांजा तस्कर धन्नू सिंह ने असम से गांजा की खेप मंगाई है। यह गांजा ट्रेन के माध्यम से सदर रेलवे स्टेशन पहुंच रहा है। उसे खुद सप्लायर अपनी देखरेख में ला रहा है।
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इसके बाद एसओजी जवानों ने गांजा लेकर निकलते समय गांजा तस्कर धन्नू सिंह, उसके मौसी के लड़के और गांजा सप्लायर तीनों को रंगे हाथों दबोच लिया। तीनों के पास से दो ब्रीफकेस बरामद हुआ। इसमें करीब डेढ़ क्विंटल गांजा रखा गया था। एसओजी ने धन्नू की बाइक, कार को भी जब्त कर लिया और मऊ लेकर चली गई। सोमवार को कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद तीनों को जेल भी भेज दिया।
इधर, मऊ एसओजी की इस कार्रवाई की भनक जिले के पुलिस महकमे को नहीं लग सकी। एसपी सकंल्प शर्मा ने कहा कि मामले की जानकारी सीओ से ली जा रही है। फिलहाल, मऊ एसओजी ने इस संबंध में कोई जानकारी नहीं दी है।
गांजा तस्कर धन्नू का तीन पुस्त पुराना है गांजा का धंधा, भाई बंद है देवरिया जेल में
धन्नू के कहने पर असम से गांजा लेकर देवरिया आया था सप्लायर
डेढ़ करोड़ के गांजा के साथ रुपये व वाहन जब्त कर चली गई मऊ
बघौचघाट। बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के मठिया गांव निवासी धन्नू सिंह का गांजा तस्करी पुस्तैनी धंधा हो गया है। उसकी तीसरी पीढ़ी गांजा तस्करी से जुड़ी हुई है। इससे पहले उसके पिता वीरेंद्र सिंह भी गांजा तस्करी से जुड़े थे, जिनकी हत्या कर दी गई। वहीं, उसके बाबा भी गांजा तस्करी का कार्य कर चुके हैं।
वर्तमान में धन्नू अपने बड़े भाई मन्नू के साथ गांजा तस्करी का कार्य करता था। करीब दो माह पहले मन्नू गांजा तस्करी के आरोप में बघौचघाट पुलिस के हत्थे चढ़ गया था। उसके बाद पुलिस ने उसके पास से 1.70 क्विंटल गांजा बरामद कर जब्त करते हुए उसे देवरिया जेल भेज दिया था। भाई के जेल जाने के बाद वह कुछ दिन तक शांत रहा। इसके बाद बरियापुर थाने के रमन छपरा गांव स्थित अपने एक रिश्तेदार की शह पर फिर से गांजा की तस्करी शुरू कर दी। उसके साथ बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के बंधौरा गांव का रहने वाला उसकी मौसी का लड़का भी जुड़ा था।
मन्नू की अनुपस्थिति में बुआ के लड़के की शह पर धन्नू ने असम से डेढ़ क्विंटल गांजा मंगाया। इसके बाद रविवार की रात करीब आठ बजे एक कार व बाइक से देवरिया पहुंचा। जहां भोर में ट्रेन के पहुंचने पर दो ब्रीफकेस में मौजूद डेढ़ क्विंटल गांजा लेकर मेन गेट पर पहुंचे। जहां पहले से सादे लिबास में मौजूद मऊ एसओजी ने तीनों को दबोच लिया। डेढ़ क्विंटल गांजा, सप्लायर को देने के लिए लाए गए रुपये, बाइक व कार को जब्त करते हुए मऊ एसओजी लेकर चली गई।
असम के लाल रंग के चिपड़ गांजा की पूर्वांचल में खासी मांग, डेढ़ करोड़ आंकी जा रही कीमत
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/बघौचघाट। जिले के अलावा पूर्वांचल के गोरखपुर, कुशीनगर और सीमापवर्ती बिहार प्रांत के सिवान, गोपालगंज, छपरा के अलावा बलिया, गाजीपुर में असम के गांजा की काफी मांग है।
जिले में गांजा की तस्करी असम के साथ नेपाल से होती है, लेकिन असम के लाल रंग के चिपड़ गांजा की अपने यहां काफी मांग है। इसलिए आए दिन जिले में असम से गांजा की खेप आती रहती है। जिले में गांजा की तस्करी ट्रक और अन्य वाहनों से होती थी। धन्नू के भाई मन्नू ट्रक से गांजा की सप्लाई लेकर आ रहा था, जिसे बघौचघाट पुलिस ने दबोच लिया था। इसके बाद धन्नू ट्रेन से गांजा की खेप मंगाने लगा। बीच में कुरियर कंपनी के माध्यम से भी जिले में गांजा की खेप मंगाई जा चुकी है। इसका भंडाभोड़ पुलिस कर चुकी है।
इधर, धन्नू भी गांजा तस्करी कर रहा था लेकिन गांजा के एक मामले में मऊ एसओजी काफी दिनों से जाल बुन रही थी। मऊ एसओजी को मुखबिर ने सूचना दी थी कि बिहार के विजयपुर के मठिया गांव निवासी तस्कर धन्नू ने डेढ़ क्विंटल गांजा मंगाया है जो ट्रेन से देवरिया आ रहा है। मऊ एसओजी ने पहले ही देवरिया सदर रेलवे स्टेशन गेट से लेकर परिसर में अपना डेरा डाल रखा था। इसके बाद सही समय देखकर तस्कर व सप्लायर को दबोच लिया और अपने साथ लेती गई। जब्त गांजा की कीमत बाजार में करीब डेढ़ करोड़ रुपये के करीब आंकी जा रही है।
बिहार की सीमा होने लाभ लेकर करते हैं तस्करी
गांजा तस्कर धन्नू देवरिया जिले की धुसवा सीमा से सटे बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के मठिया गांव निवासी है। बॉर्डर का गांव होने के नाते अपने को सुरक्षित समझ कर उत्तर प्रदेश के रामपुर कारखाना, बरियारपुर, कोतवाली, बघौचघाट, तरकुलवा तथा कुशीनगर में गांजा की सप्लाई करता है। चर्चा है कि पुलिस की मिलीभगत से धन्नू बेखौफ होकर यूपी, बिहार में गांजा तस्करी का कार्य करता था।
कोट
गांजा तस्कर व सप्लायर सहित तीन की गिरफ्तारी की कोई सूचना नहीं है। न ही मऊ एसओजी ने गिरफ्तारी के संबंध में कोई जानकारी दी है। आपके स्तर से जानकारी मिली है। सीओ से मामले की जानकारी ले रहा हूं।
-संकल्प शर्मा, एसपी, देवरिया
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ट्रेन से गांजा लेकर सप्लायर डिलीवरी देने पहुंचा था देवरिया
मौसी के लड़के के साथ गांजा लेने रेलवे स्टेशन पहुंचा था धन्नू सिंह
मऊ ले जाने के बाद गांजा तस्करी के मामले में तीनों का किया चालान
धन्नू का तीन पुस्त पुराना है गांजा तस्करी का धंधा, बड़ा भाई गांजा तस्करी में बंद है जेल में
स्थानीय पुलिस को इस मामले की जानकारी नहीं, चर्चाओं का बाजार गर्म
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/बघौचघाट। सदर रेलवे स्टेशन गेट के सामने से रविवार को मऊ में गांजा तस्करी के एक मामले में जाल बिछाते हुए देवरिया पहुंची एसओजी ने तीन युवकों को दबोच लिया। उनके पास से करीब डेढ़ क्विंटल गांजा जब्त किया। इसके बाद वाहन में बैठाकर पुलिस मऊ चली गई। जहां सोमवार को कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद तीनों को जेल भेज दिया।
गिरफ्तार गांजा तस्कर व उसकी मौसी का लड़का बिहार प्रांत के विजयीपुर से गांजा की सप्लाई देने ट्रेन से देवरिया पहुंचा। सप्लायर असम का रहने वाला बताया जाता है। गांजा तस्कर का बड़ा भाई करीब डेढ़ क्विंटल गांजा की तस्करी करने के आरोप में देवरिया जेल में बंद है। इधर, जिले में पहुंचकर गांजा तस्करों के विरुद्ध कार्रवाई कर मऊ एसओजी चली गई, लेकिन जिले के पुलिस महकमे को इसकी भनक भी नहीं लगी।
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गांजा तस्करी से जुड़े एक मामले में मऊ की एसओजी देवरिया सदर रेलवे स्टेशन पर पहुंची हुई थी। एसओजी के जवान एकदम सादे लिबास में स्टेशन परिसर में फैले हुए थे। उन्हें सूचना मिली थी कि बिहार प्रांत के विजयीपुर थाना क्षेत्र के मठिया गांव निवासी गांजा तस्कर धन्नू सिंह ने असम से गांजा की खेप मंगाई है। यह गांजा ट्रेन के माध्यम से सदर रेलवे स्टेशन पहुंच रहा है। उसे खुद सप्लायर अपनी देखरेख में ला रहा है।
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इसके बाद एसओजी जवानों ने गांजा लेकर निकलते समय गांजा तस्कर धन्नू सिंह, उसके मौसी के लड़के और गांजा सप्लायर तीनों को रंगे हाथों दबोच लिया। तीनों के पास से दो ब्रीफकेस बरामद हुआ। इसमें करीब डेढ़ क्विंटल गांजा रखा गया था। एसओजी ने धन्नू की बाइक, कार को भी जब्त कर लिया और मऊ लेकर चली गई। सोमवार को कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद तीनों को जेल भी भेज दिया।
इधर, मऊ एसओजी की इस कार्रवाई की भनक जिले के पुलिस महकमे को नहीं लग सकी। एसपी सकंल्प शर्मा ने कहा कि मामले की जानकारी सीओ से ली जा रही है। फिलहाल, मऊ एसओजी ने इस संबंध में कोई जानकारी नहीं दी है।
गांजा तस्कर धन्नू का तीन पुस्त पुराना है गांजा का धंधा, भाई बंद है देवरिया जेल में
धन्नू के कहने पर असम से गांजा लेकर देवरिया आया था सप्लायर
डेढ़ करोड़ के गांजा के साथ रुपये व वाहन जब्त कर चली गई मऊ
बघौचघाट। बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के मठिया गांव निवासी धन्नू सिंह का गांजा तस्करी पुस्तैनी धंधा हो गया है। उसकी तीसरी पीढ़ी गांजा तस्करी से जुड़ी हुई है। इससे पहले उसके पिता वीरेंद्र सिंह भी गांजा तस्करी से जुड़े थे, जिनकी हत्या कर दी गई। वहीं, उसके बाबा भी गांजा तस्करी का कार्य कर चुके हैं।
वर्तमान में धन्नू अपने बड़े भाई मन्नू के साथ गांजा तस्करी का कार्य करता था। करीब दो माह पहले मन्नू गांजा तस्करी के आरोप में बघौचघाट पुलिस के हत्थे चढ़ गया था। उसके बाद पुलिस ने उसके पास से 1.70 क्विंटल गांजा बरामद कर जब्त करते हुए उसे देवरिया जेल भेज दिया था। भाई के जेल जाने के बाद वह कुछ दिन तक शांत रहा। इसके बाद बरियापुर थाने के रमन छपरा गांव स्थित अपने एक रिश्तेदार की शह पर फिर से गांजा की तस्करी शुरू कर दी। उसके साथ बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के बंधौरा गांव का रहने वाला उसकी मौसी का लड़का भी जुड़ा था।
मन्नू की अनुपस्थिति में बुआ के लड़के की शह पर धन्नू ने असम से डेढ़ क्विंटल गांजा मंगाया। इसके बाद रविवार की रात करीब आठ बजे एक कार व बाइक से देवरिया पहुंचा। जहां भोर में ट्रेन के पहुंचने पर दो ब्रीफकेस में मौजूद डेढ़ क्विंटल गांजा लेकर मेन गेट पर पहुंचे। जहां पहले से सादे लिबास में मौजूद मऊ एसओजी ने तीनों को दबोच लिया। डेढ़ क्विंटल गांजा, सप्लायर को देने के लिए लाए गए रुपये, बाइक व कार को जब्त करते हुए मऊ एसओजी लेकर चली गई।
असम के लाल रंग के चिपड़ गांजा की पूर्वांचल में खासी मांग, डेढ़ करोड़ आंकी जा रही कीमत
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/बघौचघाट। जिले के अलावा पूर्वांचल के गोरखपुर, कुशीनगर और सीमापवर्ती बिहार प्रांत के सिवान, गोपालगंज, छपरा के अलावा बलिया, गाजीपुर में असम के गांजा की काफी मांग है।
जिले में गांजा की तस्करी असम के साथ नेपाल से होती है, लेकिन असम के लाल रंग के चिपड़ गांजा की अपने यहां काफी मांग है। इसलिए आए दिन जिले में असम से गांजा की खेप आती रहती है। जिले में गांजा की तस्करी ट्रक और अन्य वाहनों से होती थी। धन्नू के भाई मन्नू ट्रक से गांजा की सप्लाई लेकर आ रहा था, जिसे बघौचघाट पुलिस ने दबोच लिया था। इसके बाद धन्नू ट्रेन से गांजा की खेप मंगाने लगा। बीच में कुरियर कंपनी के माध्यम से भी जिले में गांजा की खेप मंगाई जा चुकी है। इसका भंडाभोड़ पुलिस कर चुकी है।
इधर, धन्नू भी गांजा तस्करी कर रहा था लेकिन गांजा के एक मामले में मऊ एसओजी काफी दिनों से जाल बुन रही थी। मऊ एसओजी को मुखबिर ने सूचना दी थी कि बिहार के विजयपुर के मठिया गांव निवासी तस्कर धन्नू ने डेढ़ क्विंटल गांजा मंगाया है जो ट्रेन से देवरिया आ रहा है। मऊ एसओजी ने पहले ही देवरिया सदर रेलवे स्टेशन गेट से लेकर परिसर में अपना डेरा डाल रखा था। इसके बाद सही समय देखकर तस्कर व सप्लायर को दबोच लिया और अपने साथ लेती गई। जब्त गांजा की कीमत बाजार में करीब डेढ़ करोड़ रुपये के करीब आंकी जा रही है।
बिहार की सीमा होने लाभ लेकर करते हैं तस्करी
गांजा तस्कर धन्नू देवरिया जिले की धुसवा सीमा से सटे बिहार प्रांत के विजयीपुर थाने के मठिया गांव निवासी है। बॉर्डर का गांव होने के नाते अपने को सुरक्षित समझ कर उत्तर प्रदेश के रामपुर कारखाना, बरियारपुर, कोतवाली, बघौचघाट, तरकुलवा तथा कुशीनगर में गांजा की सप्लाई करता है। चर्चा है कि पुलिस की मिलीभगत से धन्नू बेखौफ होकर यूपी, बिहार में गांजा तस्करी का कार्य करता था।
कोट
गांजा तस्कर व सप्लायर सहित तीन की गिरफ्तारी की कोई सूचना नहीं है। न ही मऊ एसओजी ने गिरफ्तारी के संबंध में कोई जानकारी दी है। आपके स्तर से जानकारी मिली है। सीओ से मामले की जानकारी ले रहा हूं।
-संकल्प शर्मा, एसपी, देवरिया