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सांसत
Updated Thu, 04 Jan 2018 10:34 PM IST
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रुद्रपुर, एकौना। क्षेत्र के किसान सांसत में हैं। उनके सामने जान और फसल बचाने की चुनौती है। फसलों को नुकसान पहुंचा रहे छुट्टा पशुओं की रखवाली के लिए किसान कड़ाके की ठंड में खेतों रात गुजार रहे है। ऐसे में ठंड से किसानों को परेशान होना पड़ रहा है। फसलों के नुकसान को लेकर शासन-प्रशासन की चुप्पी से किसानों में और भी नाराजगी है। क्षेत्र में घूम रहे करीब तीन हजार छुट्टा पशु गेहूं की फसल चौपट कर रहे हैं। पशु किसानों के खेतों में घुसते ही पूरी फसल चर जा रहे हैं। ओलावृष्टि और बाढ़ में दो फसल गवां चुके किसान इस बार छुट्टा पशुओं की वजह से परेशान है। किसानों के शिकायत के बाद भी प्रशासन समस्या से निजात दिलाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा है। नाराज किसान जगह-जगह पशुओं को लेकर सड़क जाम भी कर चुके है। बावजूद इसके छुट्टा पशुओं को जंगल भेजवाने के लिए कोई योजना नहीं बनी। किसान फसल की रखवाली के लिए कड़ाके की ठंड में रात खेतों में गुजार रहे है। किसान सचिन यादव ने कहा कि फसलों के लिए खेत में ठंड भी झेलने को मजबूर है। यदि फसल नहीं बची तो परिवार भुखमरी का शिकार हो जाएगा। रामसूरत चौधरी ने कहा कि दिन और रात खेत की रखवाली में बीत रहा है। शासन प्रशासन किसानों की समस्याओं को लेकर लापरवाह बना है। जमाल अहमद ने कहा कि लगातार तीसरी फसल नुकसान होने के कागार पर है।
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