{"_id":"59a5ae174f1c1b58738b45c5","slug":"161504030231-deoria-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाहर बजती रही तालियां, अंदर तड़पते रहे मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाहर बजती रही तालियां, अंदर तड़पते रहे मरीज
Updated Tue, 29 Aug 2017 11:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नीलांबुज मिश्र
देवरिया। जिला अस्पताल के बाहर विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन में आए केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र की खातिरदारी में स्वास्थ्य महकमा जुटा रहा। अस्पताल में अंदर मरीज इलाज के अभाव में परेशान थे। दोपहर तक ओपीडी में एक भी डॉक्टर नहीं बैठे थे। यही हाल महिला अस्पताल का रहा। सीजर नहीं होने से कई प्रसूताओं को लौटना पड़ा। सिर्फ इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टर रोगियों का इलाज करते नजर आए।
बीमार जिला अस्पताल को इलाज की दरकार है। सत्ता पक्ष के कद्दावर नेता हों या अफसर सिर्फ बेहतर इंतजाम करने का दावा कर रहे हैं। मंगलवार को अस्पताल कैंपस में बना विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। केंद्रीय मंत्री के पहुंचने के बाद ओपीडी और कार्यालय छोड़ सभी डॉक्टर और कर्मचारी पहुंच गए। सुबह नौ बजे पकड़ी बाजार निवासी मुख्तार, बरौली निवासी गंगा प्रसाद, भरौली निवासी दीपक, देसही बरवा निवासी कपिलदेव गुप्ता आदि घर की महिलाओं और बच्चों को लेकर जिला अस्पताल पहुुंचे और एक बजे तक ओपीडी में डॉक्टरों का इंतजार करते रहे। केंद्रीय मंत्री का कार्यक्रम होने की वजह से कोई डॉक्टर दोपहर तक ओपीडी में नहीं पहुंचा। इसके चलते इमरजेंसी में मौजूद डॉ. रोहित सिंह के पास मरीजों की भीड़ लगी रही। महिला अस्पताल में सीजर के लिए गर्भवती महिलाएं परेशान थीं। विजयपुर से आईं शबनम, उसरा बाजार की द्रोपती, अहिल्यापुर की रेखा को रात से सीजर के लिए डॉक्टर रोक रखे थे। ओटी के बाहर यह महिलाएं परेशान थी। दोपहर तक उनका सीजर नहीं हो सका था। वहीं दस गर्भवती महिलाओं को सीएमएस माला कुमारी ने डॉक्टर की कमी बताकर लौटा दिया। केंद्रीय मंत्री की खातिरदारी में लगे स्वास्थ्यकर्मी से अगर कोई मरीज मजबूरी बता रहा था तो, वे अनसुना कर दे रहे थे। सीएमएस डॉ. केसी राय ने बताया कि डॉ. पीएन कन्नौजिया, एएन वर्मा की कैंप में ड्यूटी लगी थी। डॉ. डीके सिंह छुट्टी पर है। अकेले डॉ. एचके मिश्रा थे, जो वार्डों में राउंड पर थे। मैं विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन में व्यस्त था। इसलिए ओपीडी में रोगियों का इलाज नहीं हो पाया।
सिर्फ चार सीजर करूंगी, चाहो तो हटवा दो
अस्पताल में सीजर के नाम पर रकम वसूली जा रही है। दलालों के जरिए जाने वाली गर्भवती महिलाओं का सीजर आसानी से हो जा रहा है। वैसे गर्भवती महिलाओं को गंभीर बताते हुुए डॉक्टर रेफर कर दे रहे हैं। केेंद्रीय मंत्री कलराज के कार्यक्रम में कई लोग गए और सीजर नहीं करने की बात कही। डीएम ने महिला सीएमएस को फोन किया। उन्होंने दो टूक जवाब दिया मैं सिर्फ चार सीजर करूंगी। इससे अधिक मेरे बस की बात नहीं है, दस गर्भवती महिलाओं को रेफर कर दी हूं। यह जवाब मिलते ही डीएम चुप्पी साध लिए।
विज्ञापन
नहीं ज्वॉइन किया रेडियोलॉजिस्ट
रेडियोलॉजिस्ट के छुट्टी पर जाने की वजह से 20 दिन से महिला अस्पताल का अल्ट्रासाउंड बंद है। गर्भवती महिलाओं को रकम खर्च कर अल्ट्रासाउंड कराना पड़ रहा है। एडी हेल्थ ने सलेमपुर में तैनात रेडियोलॉजिस्ट डॉ. बृजनंदन की तैनाती महिला अस्पताल किया है, लेकिन अभी तक ज्वॉइन नहीं किया है। इससे गर्भवती महिलाओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
देवरिया। जिला अस्पताल के बाहर विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन में आए केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र की खातिरदारी में स्वास्थ्य महकमा जुटा रहा। अस्पताल में अंदर मरीज इलाज के अभाव में परेशान थे। दोपहर तक ओपीडी में एक भी डॉक्टर नहीं बैठे थे। यही हाल महिला अस्पताल का रहा। सीजर नहीं होने से कई प्रसूताओं को लौटना पड़ा। सिर्फ इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टर रोगियों का इलाज करते नजर आए।
बीमार जिला अस्पताल को इलाज की दरकार है। सत्ता पक्ष के कद्दावर नेता हों या अफसर सिर्फ बेहतर इंतजाम करने का दावा कर रहे हैं। मंगलवार को अस्पताल कैंपस में बना विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। केंद्रीय मंत्री के पहुंचने के बाद ओपीडी और कार्यालय छोड़ सभी डॉक्टर और कर्मचारी पहुंच गए। सुबह नौ बजे पकड़ी बाजार निवासी मुख्तार, बरौली निवासी गंगा प्रसाद, भरौली निवासी दीपक, देसही बरवा निवासी कपिलदेव गुप्ता आदि घर की महिलाओं और बच्चों को लेकर जिला अस्पताल पहुुंचे और एक बजे तक ओपीडी में डॉक्टरों का इंतजार करते रहे। केंद्रीय मंत्री का कार्यक्रम होने की वजह से कोई डॉक्टर दोपहर तक ओपीडी में नहीं पहुंचा। इसके चलते इमरजेंसी में मौजूद डॉ. रोहित सिंह के पास मरीजों की भीड़ लगी रही। महिला अस्पताल में सीजर के लिए गर्भवती महिलाएं परेशान थीं। विजयपुर से आईं शबनम, उसरा बाजार की द्रोपती, अहिल्यापुर की रेखा को रात से सीजर के लिए डॉक्टर रोक रखे थे। ओटी के बाहर यह महिलाएं परेशान थी। दोपहर तक उनका सीजर नहीं हो सका था। वहीं दस गर्भवती महिलाओं को सीएमएस माला कुमारी ने डॉक्टर की कमी बताकर लौटा दिया। केंद्रीय मंत्री की खातिरदारी में लगे स्वास्थ्यकर्मी से अगर कोई मरीज मजबूरी बता रहा था तो, वे अनसुना कर दे रहे थे। सीएमएस डॉ. केसी राय ने बताया कि डॉ. पीएन कन्नौजिया, एएन वर्मा की कैंप में ड्यूटी लगी थी। डॉ. डीके सिंह छुट्टी पर है। अकेले डॉ. एचके मिश्रा थे, जो वार्डों में राउंड पर थे। मैं विंग ट्रॉमा सेंटर के उद्घाटन में व्यस्त था। इसलिए ओपीडी में रोगियों का इलाज नहीं हो पाया।
विज्ञापन
सिर्फ चार सीजर करूंगी, चाहो तो हटवा दो
अस्पताल में सीजर के नाम पर रकम वसूली जा रही है। दलालों के जरिए जाने वाली गर्भवती महिलाओं का सीजर आसानी से हो जा रहा है। वैसे गर्भवती महिलाओं को गंभीर बताते हुुए डॉक्टर रेफर कर दे रहे हैं। केेंद्रीय मंत्री कलराज के कार्यक्रम में कई लोग गए और सीजर नहीं करने की बात कही। डीएम ने महिला सीएमएस को फोन किया। उन्होंने दो टूक जवाब दिया मैं सिर्फ चार सीजर करूंगी। इससे अधिक मेरे बस की बात नहीं है, दस गर्भवती महिलाओं को रेफर कर दी हूं। यह जवाब मिलते ही डीएम चुप्पी साध लिए।
विज्ञापन
नहीं ज्वॉइन किया रेडियोलॉजिस्ट
रेडियोलॉजिस्ट के छुट्टी पर जाने की वजह से 20 दिन से महिला अस्पताल का अल्ट्रासाउंड बंद है। गर्भवती महिलाओं को रकम खर्च कर अल्ट्रासाउंड कराना पड़ रहा है। एडी हेल्थ ने सलेमपुर में तैनात रेडियोलॉजिस्ट डॉ. बृजनंदन की तैनाती महिला अस्पताल किया है, लेकिन अभी तक ज्वॉइन नहीं किया है। इससे गर्भवती महिलाओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।