फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chitrakoot News ›   workers dont want to left village in chitrakoot

शहर नहीं जाना चाहते मजदूर, गांव में तलाशेंगें रोजगार

Fri, 01 May 2020 09:06 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 01 May 2020 09:06 PM IST
विज्ञापन
workers dont want to left village in chitrakoot
खोही में लॉकडाउन के 38 दिन गुजर चुके हैं, लेकिन मजदूरों एवं कामगारों का पलायन रुकने का नाम नहीं ले रहा। कोरोना महामारी के चलते लॉकडाउन से आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। प्रवासी मजदूरों के शहरों से गांव वापस लौटने का सिलसिला निरंतर जारी है। अब गांव के युवा बाहर नहीं जाना चाहते।
विज्ञापन

पलायन की रफ्तार को थामने के लिए मजदूर एवं कामगारों के रिवर्स माइग्रेशन को ध्यान में रखकर भारत रत्न नानाजी देशमुख का प्रकल्प दीनदयाल शोध संस्थान एक ठोस रणनीति बनाने में लगा हुआ है। प्रधान सचिव अतुल जैन ने स्थानीय संसाधनों और लोकल टैलेंट को बढ़ावा देने की बात कही है। दीनदयाल शोध संस्थान ने इसके लिए अपने सभी प्रकल्पों के कार्यकर्ताओं को सर्वेक्षण कार्य में लगाया हुआ है।
विज्ञापन

शहरों से लौटे प्रवासी मजदूर एवं कामगारों के सर्वे के लिए एक फार्मेट तैयार किया गया है। जिसमें 36 तरह के बिंदुओं को रखा गया है, उनमें से अधिकांश उनकी आजीविका पर आधारित है। संगठन सचिव अभय महाजन ने बताया कि सर्वेक्षण में जो जानकारी निकल कर आ रही है, उसमें आधे से ज्यादा लोग काम के लिए अब पुन: बाहर नहीं जाना चाहते हैं। इसलिए अब गांव में ही रोजगार के अवसर तलाशने होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed