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धर्मनगरी में हर-हर महादेव और बोल बम की गूंज
धर्मनगरी में हर-हर महादेव और बोल बम की गूंज
Updated Mon, 20 Aug 2018 10:44 PM IST
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रामघाट स्थित स्वामी मत्गयेंन्द्रनाथ को जलाभिषेक करतीं महिलाएं
- फोटो : अमर उजाला
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अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। सावन के अंतिम सोमवार को शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए भक्त उमड़ पडे़। जिसमें सबसे अधिक भीड़ रामघाट स्थित मत्यगजेंद्र नाथ मंदिर में रही। वही घरों व शिवालयों व भगवान शिव का पार्थिव बनाकर विधि विधान से पूजा पाठ की गई। पूरी धर्मनगरी हर-हर महादेव व बोल बम से गूंज उठी।
सावन के अंतिम सोमवार को तड़के से ही भक्त शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए उमड़ पडे़। धर्मनगरी के रामघाट स्थित मत्यगजेंद्र नाथ के मंदिर में बड़ी संख्या में भक्त लाइन लगाकर जलाभिेषक किया। जिसमें महिलाए भी शामिल रही। श्रद्धालुओं को नियंत्रित करने के लिए पुलिस कर्मी तैनात रहे। वही जिले पहाड़ी कस्बे में स्थित पालेश्वर बाबा, मऊ क्षेत्र के ऋषियन आश्रम, भरतकूप क्षेत्र के मड़फा के शंकर जी के मंदिर में ग्रामीण जलाभिषेक करने के लिए पहुंचे। वही मठ मंदिराें सहित घरों में भगवान शिव का पार्थिव बनाकर विधि विधान से पूजा पाठ की गई। कई स्थानों पर भंडारे का भी आयोजन किया गया।
कई स्थानों से पुलिसकर्मी नदारत
चित्रकूट। सावन माह के अंतिम सोमवार को भीड़ होने की पहले से ही संभावना थी लेकिन सुरक्षा के नाम पर पुलिस कर्मी कई स्थानों से नदारद रहे। मत्यगजेंद्र नाथ के मंदिर में तड़के चार बजे से ही भक्तों की लाइन लगती है लेकिन सुरक्षाकर्मी सुबह आठ बजे पहुंचे। इसके बाद भीड़ का इतना दबाव होता है कि दो चार पुलिस कर्मी इसे नियंत्रित ही नहीं कर पाते। मंदिर प्रशासन ने महिला पुरुष भक्तों के लिए अलग-अलग लाइन बनाई थी। मंदिर की सीढ़ियों के नीचे से इसे नियंत्रित करने का प्रयास किया जाता है लेकिन मंदिर के अंदर पहुंचते ही पहले जलाभिषेक व दर्शन की होड़ मच जाती है। मंदिर परिसर में सुरक्षाकर्मी नजर नहीं आए। जो भी मौजूद थे वह सब मंदिर के पास ही बने एक बरामदे में आराम फरमाते नजर आए।
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जारी रही टेंपो चालकों की मनमानी
चित्रकूट। सावन के अंतिम सोमवार को चित्रकूट जाने के लिए मुख्यालय, शिवरामपुर, भरतकूप, खोही, खुटहा के अलावा सुदूर क्षेत्र से आए तीर्थयात्री टेंपो चालकों की मनमानी का शिकार हुए। निर्धारित किराए से अधिक किराया वसूला गया। जिसे लेकर खूब नोकझोंक हुई। कुछ यात्रियों ने पुलिसकर्मियों से शिकायत की लेकिन कोई प्रभाव नहीं पडृ़ा। गौरतलब है कि रविवार को महोबा के दो तीर्थयात्रियों को टेंपो चालक ने मनमाना किराया न मिलने पर मारा पीटा था।
चित्रकूट। सावन के अंतिम सोमवार को शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए भक्त उमड़ पडे़। जिसमें सबसे अधिक भीड़ रामघाट स्थित मत्यगजेंद्र नाथ मंदिर में रही। वही घरों व शिवालयों व भगवान शिव का पार्थिव बनाकर विधि विधान से पूजा पाठ की गई। पूरी धर्मनगरी हर-हर महादेव व बोल बम से गूंज उठी।
सावन के अंतिम सोमवार को तड़के से ही भक्त शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए उमड़ पडे़। धर्मनगरी के रामघाट स्थित मत्यगजेंद्र नाथ के मंदिर में बड़ी संख्या में भक्त लाइन लगाकर जलाभिेषक किया। जिसमें महिलाए भी शामिल रही। श्रद्धालुओं को नियंत्रित करने के लिए पुलिस कर्मी तैनात रहे। वही जिले पहाड़ी कस्बे में स्थित पालेश्वर बाबा, मऊ क्षेत्र के ऋषियन आश्रम, भरतकूप क्षेत्र के मड़फा के शंकर जी के मंदिर में ग्रामीण जलाभिषेक करने के लिए पहुंचे। वही मठ मंदिराें सहित घरों में भगवान शिव का पार्थिव बनाकर विधि विधान से पूजा पाठ की गई। कई स्थानों पर भंडारे का भी आयोजन किया गया।
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कई स्थानों से पुलिसकर्मी नदारत
चित्रकूट। सावन माह के अंतिम सोमवार को भीड़ होने की पहले से ही संभावना थी लेकिन सुरक्षा के नाम पर पुलिस कर्मी कई स्थानों से नदारद रहे। मत्यगजेंद्र नाथ के मंदिर में तड़के चार बजे से ही भक्तों की लाइन लगती है लेकिन सुरक्षाकर्मी सुबह आठ बजे पहुंचे। इसके बाद भीड़ का इतना दबाव होता है कि दो चार पुलिस कर्मी इसे नियंत्रित ही नहीं कर पाते। मंदिर प्रशासन ने महिला पुरुष भक्तों के लिए अलग-अलग लाइन बनाई थी। मंदिर की सीढ़ियों के नीचे से इसे नियंत्रित करने का प्रयास किया जाता है लेकिन मंदिर के अंदर पहुंचते ही पहले जलाभिषेक व दर्शन की होड़ मच जाती है। मंदिर परिसर में सुरक्षाकर्मी नजर नहीं आए। जो भी मौजूद थे वह सब मंदिर के पास ही बने एक बरामदे में आराम फरमाते नजर आए।
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जारी रही टेंपो चालकों की मनमानी
चित्रकूट। सावन के अंतिम सोमवार को चित्रकूट जाने के लिए मुख्यालय, शिवरामपुर, भरतकूप, खोही, खुटहा के अलावा सुदूर क्षेत्र से आए तीर्थयात्री टेंपो चालकों की मनमानी का शिकार हुए। निर्धारित किराए से अधिक किराया वसूला गया। जिसे लेकर खूब नोकझोंक हुई। कुछ यात्रियों ने पुलिसकर्मियों से शिकायत की लेकिन कोई प्रभाव नहीं पडृ़ा। गौरतलब है कि रविवार को महोबा के दो तीर्थयात्रियों को टेंपो चालक ने मनमाना किराया न मिलने पर मारा पीटा था।