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Chitrakoot News: पद्मश्री डॉ. बीके जैन को श्रद्धांजलि देने के लिए दूसरे दिन भी उमड़ी भीड़
Mon, 02 Mar 2026 11:22 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
Updated Mon, 02 Mar 2026 11:22 PM IST
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02 सीकेटीपी-15- श्रद्धांजलि सभा में डॉ. जैन के चित्र पर श्रद्धा के फुल चढ़ाते लोग। संवाद
चित्रकूट। पद्मश्री डॉ. बीके जैन को सोमवार, 2 मार्च को श्रद्धांजलि सभा में भावभीनी विदाई दी गई। कर्मयोगी की महायात्रा कार्यक्रम के तहत हजारों लोगों ने उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।
29 फरवरी को उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए भी हजारों की भीड़ उमड़ी थी। 1 मार्च 2026 को चिकित्सालय परिसर में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनके पुत्र जिनेश जैन और डॉ. इलेश जैन ने मुखाग्नि दी। 2 मार्च को आयोजित श्रद्धांजलि सभा की शुरुआत मंगलाचरण और भजन-कीर्तन से हुई। संत-महात्माओं, ट्रस्टियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने डॉ. जैन को सच्चा कर्मयोगी बताया। उन्होंने अपना जीवन नेत्रहीनों और जरूरतमंदों की सेवा में समर्पित किया। उनकी पहल से हजारों लोगों को आँखों की रोशनी मिली और चित्रकूट सेवा का राष्ट्रीय केंद्र बना।
परिवार की श्रद्धांजलि
सभा में उनकी धर्मपत्नी ऊषा जैन, पुत्र जिनेश जैन, डॉ. इलेश जैन उपस्थित थे। बहुएँ श्रुति जैन और मौसम जैन सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने भी श्रद्धांजलि दी। सभी ने अश्रुपूर्ण नेत्रों से उन्हें याद किया। डॉ. जैन की सेवाएँ और सादगी भरा जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा। उपस्थित जनसमूह ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
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29 फरवरी को उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए भी हजारों की भीड़ उमड़ी थी। 1 मार्च 2026 को चिकित्सालय परिसर में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनके पुत्र जिनेश जैन और डॉ. इलेश जैन ने मुखाग्नि दी। 2 मार्च को आयोजित श्रद्धांजलि सभा की शुरुआत मंगलाचरण और भजन-कीर्तन से हुई। संत-महात्माओं, ट्रस्टियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने डॉ. जैन को सच्चा कर्मयोगी बताया। उन्होंने अपना जीवन नेत्रहीनों और जरूरतमंदों की सेवा में समर्पित किया। उनकी पहल से हजारों लोगों को आँखों की रोशनी मिली और चित्रकूट सेवा का राष्ट्रीय केंद्र बना।
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परिवार की श्रद्धांजलि
सभा में उनकी धर्मपत्नी ऊषा जैन, पुत्र जिनेश जैन, डॉ. इलेश जैन उपस्थित थे। बहुएँ श्रुति जैन और मौसम जैन सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने भी श्रद्धांजलि दी। सभी ने अश्रुपूर्ण नेत्रों से उन्हें याद किया। डॉ. जैन की सेवाएँ और सादगी भरा जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा। उपस्थित जनसमूह ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।

02 सीकेटीपी-15- श्रद्धांजलि सभा में डॉ. जैन के चित्र पर श्रद्धा के फुल चढ़ाते लोग। संवाद
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