{"_id":"67cdd5f3882961ebee0adc63","slug":"as-holi-nears-sale-of-food-items-increases-chitrakoot-news-c-215-sknp1043-113714-2025-03-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chitrakoot News: होली नजदीक तो बढ़ी खाने पीने की सामग्री की बिक्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chitrakoot News: होली नजदीक तो बढ़ी खाने पीने की सामग्री की बिक्री
Sun, 09 Mar 2025 11:24 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
Updated Sun, 09 Mar 2025 11:24 PM IST
विज्ञापन
चित्रकूट। होली का त्योहार नजदीक आते ही खाने पीने की सामग्री में मिलावट शुरू हो गई है। मिलावट कहीं आपकी सेहत खराब न कर दे। केमिकल्स व रंगों का उपयोग कर सामग्री बेची जा रही है। बाजार में ब्रांडेड दुकानों से लेकर गलियों तक की दुकानों में होली की तैयारी है। ऐसे में पापड़ चिप्स, नमकीन व किराना सामग्री की मांग बढ़ गई। जिससे शहर के मुख्य बाजार में किराना सामग्री खूब बेची जा रही है। जगह- जगह इसकी दुकानें सजी हुई हैं। कई दुकानदार मिलावट कर सामग्री बेच रहे हैं। जिसमें बेसन से लेकर सरसों के तेल, मसाले आदि सहित नमकीन में मिलावट की जाती है। मिलावट रोकने के लिए खादय विभाग की टीमें लगातार छापे डालकर नमूने ले रही है।
नमकीन, पापड़ व चिप्स को रंगीन बनाने के लिए केमिकल्स व रंगों का उपयोग किया जाता है। जो खाने में विभिन्न प्रकार की बीमारियों को जन्म देती है। शहर के राजेश चौहान ने बताया कि मुनाफा अधिक कमाने के चक्कर में कुछ व्यापारी मिलावट करते हैं। इस खेल में अधिकारी भी मिले रहते हैं। माकपा के जिला सचिव रुद्र प्रसाद मिश्रा का कहना है कि मिलावट खोरी का कार्य बडे़ स्तर पर शहर में होता है। वहां से छोटे गांव व कस्बों में सामान जाता है। जिसमें तेल के साथ बेसन, मैदा, आटा सहित अन्य वस्तुओं में मिलावट की जाती है।
-- -- -- -- -- -
शहर के डॉ. सीताराम गुप्ता ने बताया कि खाने पीने की सामग्री में समझौता नहीं करना चाहिए। खासकर त्योहारों में घर में बनाए गए पकवान का उपयोग करें। ब्रांडेड कंपनी की ही सामग्री खरीदें। खुले में रखी खादय सामग्री कतई न खरीदें। बच्चों को मैदा व खोवे की सामग्री का ज्यादा सेवन न करने दें।
विज्ञापन
विज्ञापन
नमकीन, पापड़ व चिप्स को रंगीन बनाने के लिए केमिकल्स व रंगों का उपयोग किया जाता है। जो खाने में विभिन्न प्रकार की बीमारियों को जन्म देती है। शहर के राजेश चौहान ने बताया कि मुनाफा अधिक कमाने के चक्कर में कुछ व्यापारी मिलावट करते हैं। इस खेल में अधिकारी भी मिले रहते हैं। माकपा के जिला सचिव रुद्र प्रसाद मिश्रा का कहना है कि मिलावट खोरी का कार्य बडे़ स्तर पर शहर में होता है। वहां से छोटे गांव व कस्बों में सामान जाता है। जिसमें तेल के साथ बेसन, मैदा, आटा सहित अन्य वस्तुओं में मिलावट की जाती है।
विज्ञापन
शहर के डॉ. सीताराम गुप्ता ने बताया कि खाने पीने की सामग्री में समझौता नहीं करना चाहिए। खासकर त्योहारों में घर में बनाए गए पकवान का उपयोग करें। ब्रांडेड कंपनी की ही सामग्री खरीदें। खुले में रखी खादय सामग्री कतई न खरीदें। बच्चों को मैदा व खोवे की सामग्री का ज्यादा सेवन न करने दें।
विज्ञापन