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जहरीला कीड़ा काटने से दादी-नाती की मौत
Updated Fri, 11 Aug 2017 11:39 PM IST
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चित्रकूट। धान की फसल की रखवाली कर रहे दादी-नाती को जहरीले कीड़े ने काट लिया। परिजन उन्हें सीएचसी ले गए। वहां से जिला अस्पताल ले जाते समय दोनों की मौत हो गई।
मारकुंडी निवासी सत्यनारायण विश्वकर्मा की पत्नी चुनबादी (60) शुक्रवार तड़के अपने पांच साल के नाती अंकित के साथ धान की फसल की रखवाली करने गई थी। खेत के पास दोनों को जहरीले कीड़े ने काट लिया। दोनों किसी तरह घर पहुंचे और घरवालों को जानकारी दी। दोनों का झाड़फूंक के साथ घरेलू उपचार किया गया।
हालत में सुधार न होने पर ग्रामीण दोनों को सीएचसी मानिक पुर ले गए। हालत गंभीर देख डॉक्टर ने रेफर कर दिया। जिला अस्पताल लाते समय दोनों की मौत हो गई। परिजन दोनों शव गांव ले गए। जानकारी होने पर शाम को थाने के एसआई केशव वर्मा गांव पहुंचे और ग्रामीणों को समझाकर पंचनामा कराया।
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बताया जाता है कि अंकित विश्वकर्मा दो भाइयों में छोटा था। इसी साल स्कूल में नाम लिखाया था। उसके पिता नरेंद्र सूरत में प्राइवेट नौकरी करते हैं। घटना के समय बच्चे की मां अपने मायके सतना में और पिता सूरत में थे। जानकारी होने पर दोनों गांव रवाना हो गए हैं।
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मारकुंडी निवासी सत्यनारायण विश्वकर्मा की पत्नी चुनबादी (60) शुक्रवार तड़के अपने पांच साल के नाती अंकित के साथ धान की फसल की रखवाली करने गई थी। खेत के पास दोनों को जहरीले कीड़े ने काट लिया। दोनों किसी तरह घर पहुंचे और घरवालों को जानकारी दी। दोनों का झाड़फूंक के साथ घरेलू उपचार किया गया।
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हालत में सुधार न होने पर ग्रामीण दोनों को सीएचसी मानिक पुर ले गए। हालत गंभीर देख डॉक्टर ने रेफर कर दिया। जिला अस्पताल लाते समय दोनों की मौत हो गई। परिजन दोनों शव गांव ले गए। जानकारी होने पर शाम को थाने के एसआई केशव वर्मा गांव पहुंचे और ग्रामीणों को समझाकर पंचनामा कराया।
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बताया जाता है कि अंकित विश्वकर्मा दो भाइयों में छोटा था। इसी साल स्कूल में नाम लिखाया था। उसके पिता नरेंद्र सूरत में प्राइवेट नौकरी करते हैं। घटना के समय बच्चे की मां अपने मायके सतना में और पिता सूरत में थे। जानकारी होने पर दोनों गांव रवाना हो गए हैं।