PDDU Nagar: प्लेटफॉर्म पर डेढ़ करोड़ कैश के साथ टहल रहा था शख्स, चीनी भाषा में लिखा टोकन भी बरामद
पीडीडीयू नगर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या तीन और चार की सीढ़ियों के पास ट्रॉली बैग लिए एक युवक दिखा। जीआरपी ने बैग की जांच की तो डेढ़ करोड़ रुपये मिले। युवक रुपये के बारे में कोई कागजात नहीं दिखा सका।
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पीडीडीयू नगर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या तीन से डेढ़ करोड़ रुपये के साथ एक शख्स को जीआरपी ने पकड़ा। वह दिल्ली से रुपये लेकर कोलकाता जा रहा था। जीआरपी ने रुपये और आरोपी को आयकर विभाग के अधिकारियों के हवाले कर दिया। हवाला के रुपये होने की आशंका है। जांच जारी है।
पुलिस उपाधीक्षक वाराणसी कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि शनिवार दोपहर ढाई बजे के करीब प्लेटफॉर्म संख्या तीन और चार की सीढ़ियों के पास ट्रॉली बैग लिए एक युवक दिखा। शक होने पर बैग की तलाशी ली गई तो उसमें से दो हजार और पांच सौ रुपये की गड्डियां मिलीं। वह रुपये के बारे में कोई कागजात नहीं दिखा सका।
युवक बोला- काम के बदले मिलता है कमिशन
उन्होंने बताया कि उसे पकड़ कर जीआरपी कोतवाली ले आई। गिनती की गई तो डेढ़ करोड़ रुपये थे। युवक ने अपना नाम राजेश दास बताया। वह छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के तरदा बैकपाली कनकी कता रहने वाला है। उसने बताया कि उसे रुपये दिल्ली से आशीष अग्रवाल ने दिए थे।
उसे कोलकाता में एक व्यक्ति को देना था। इसके बदले उसे कमिशन मिलता। जीआरपी सीओ वाराणसी ने बताया कि रुपयों के बरामदगी की सूचना आयकर विभाग को दी गई। आगे की कार्रवाई आयकर विभाग की टीम करेगी।
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टोकन के जरिए होता है रुपयों का लेन देन
एक शहर से दूसरे शहर तक रुपयों का लेन देन टोकन के जरिए होता है। पं. दीनदयाल उपाध्याय रेलवे स्टेशन पर डेढ़ करोड़ रुपयों के साथ पकड़े गए राजेश दास के पास से एक कोल्ड ड्रिंक के ओपनर जैसी वस्तु मिली है, जिस पर चीनी भाषा में कुछ लिखा है। उसके नीचे नंबर लिखा हुआ है। सीओ कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि राजेश दास कोलकाता पहुंच कर किसी व्यक्ति को वह टोकन देता। उसके नंबर का मिलान करने पर राजेश उसे रुपये देता।
रुपये भेजने वाले की तलाश में जुटी पुलिस
टोकन में चीनी भाषा में कुछ लिखा है। इससे कयास लगाया जा रहा है कि रुपये हवाला कारोबारी के हो सकते हैं। गिरफ्तार राजेश को इस बारे में कोई जानकारी नहीं है। उसका कहा है कि उसे रुपये कोलकाता पहुंचाने की जिम्मेदारी मिली थी। कोलकाता से सोना या मादक पदार्थ की तस्करी भी होती है। वहां से बंग्लादेश और चीन तक तस्करी की जाती है। सीओ ने बताया कि रुपये भेजने वाले आशीष अग्रवाल के बारे में पता लगाया जा रहा है।