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तरबूज की खेती कर अर्जित किया मुनाफा

Sun, 24 May 2020 05:09 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 24 May 2020 05:09 PM IST
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Earned profits by cultivating watermelon
खेतों में तैयार तरबूज के फल को दिखाता किसान - फोटो : CHANDAULI
चंदौली। जनपद के किसान अब परंपरागत खेती से इतर कुछ नया और अलग करके अपनी आर्थिक स्थिति सुधारने में लगे हैं। ऐसे में अबकी बार ग्रीष्म ऋतु में किसानों का झुकाव तरबूज की खेती की तरह दिखा। जिला मुख्यालय से सटे भदलपुरा गांव के किसान चक्र सुदर्शन यादव ने अपने 15 बिस्वा खेत में तरबूज की खेती प्रयोग के तौर पर की। उन्होंने उन्नत बीजों का इस्तेमाल किया और 75 कुंतल पैदावार प्राप्त की और लाकडाउन के बावजूद 10 रुपये किलो के हिसाब से फलों की बिक्री करके अच्छा मुनाफा अर्जित किया।
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भदलपुरा निवासी किसान चक्र सुदर्शन यादव ने बताया कि वह प्रति वर्ष गेहूं की खेती करते थे, लेकिन अबकी बार कुछ नया करने के उद्देश्य से तरबूज की खेती का मन बनाया। ऐसे में सकाटा कम्पनी के उन्नत बीजों की जानकारी हुई। कंपनी के लोगों से बातचीत के बाद 15 फरवरी को घर के समीप स्थित खेतों में बीज बोए। इसकी खेती पर कुल 15 हजार रुपये खर्च आए। बताया कि बीते 15 अप्रैल से खेतों से उपज प्राप्त कर उसे गांव पर ही बेच रहे हैं। बताया कि तरबूत इतने स्वादिष्ट हैं कि लोग घर पर आकर उसकी खरीद कर रहे हैं। लाकडाउन के कारण तरबूज मंडियों तक नहीं पहुंचा। इसके बाद भी कुल पैदावार 75 कुंतल में से 60 कुंतल की बिक्री कर 60 हजार से अधिक मुनाफा कमा लिया। वहीं 12 कुंतल फल खेतों में ही नुकसान हो गया। साथ ही घरवाले ने भी पूरी गर्मी भर फल का लुत्फ उठाया। बताया कि अगले साल पांच बीघे में तरबूज की खेती करेंगे। तरबूज की खेती का पहला प्रयोग काफी सफल रहा। यदि लाकडाउन नहीं होता तो मुनाफा और अधिक होता।
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