{"_id":"1c1c4fd53fe2d9636c1b7b0edce68ec5","slug":"the-prakashkotsava-of-gurunanak-dev-celebrated-with-the-spritualality-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"धूमधाम से मनाया गया गुरु नानक देव का प्रकाशोत्सव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धूमधाम से मनाया गया गुरु नानक देव का प्रकाशोत्सव
अमर उजाला ब्यूरो, बदायूं
Updated Wed, 02 Dec 2015 09:30 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्त्री सत्संग सभा ने किया गुरुदेव का गुणगान
सम्मान स्वरूप पूर्व राज्यमंत्री को भेंट की तलवार
पंजाबी कॉलोनी स्थित गुरुद्वारा परिसर में तीन दिन पहले शुरू प्रकाशोत्सव कार्यक्रम के समापन पर बुधवार सुबह में अखंड पाठ साहिब के तहत दरबार सजा। हजूरी रागी जत्थे में शामिल सोहन सिंह और सतविंदर सिंह ने खुले पांडाल में गुरू की महिमा का गुणगान किया। उन्होंने गुरुनानक देव के जीवन पर भी प्रकाश डाला। स्त्री सत्संग की ओर से महिलाओं ने कीर्तन किया। गुरुदेव का समर्पित गायन कर महिला-पुरुषों को भाव विभोर कर दिया। गुरु-गुरु करमन मोर गुरू बिना में नाही हीर पर महिला झूम उठीं।
हैदराबाद से पहुंचे ज्ञानी गुरुदित्त सिंह ने गुरु नानक देव से जुड़े प्रसंग सुनाए। सबद कीर्तन में भी गुरुदेव का गुणगान किया गया। आयोजक मंडल की ओर से अमरपाल सिंह अरोरा रोंपी और पुलकित भाटिया ने सत्संग सभा के पदाधिकारियों का स्वागत किया। पूर्व राज्यमंत्री विमल कृष्ण अग्रवाल को सम्मान स्वरूप तलवार भेंट की गई। बाद में सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुषों ने लंगर छका। प्रकाशोत्सव में गुरुचरन सिंह भाटिया, चरनजीत अदलखा, राजन मेंदीरत्ता, जयपाल थरेजा, सुभाषचंद्र मिनोचा, गोपालकृष्ण सपरा, राजेश सचदेवा, गुरदीप सिंह, जगदीश चंद्र सपरा, सूरजभान सचदेवा, राजेश सचदेवा, अजय कुकरेजा, अनुराग धींगड़ा, वेदप्रकाश अदलखा, नेवराज छाबड़ा, मनोहर लाल छाबड़ा, ओमप्रकाश अदलखा आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
सम्मान स्वरूप पूर्व राज्यमंत्री को भेंट की तलवार
पंजाबी कॉलोनी स्थित गुरुद्वारा परिसर में तीन दिन पहले शुरू प्रकाशोत्सव कार्यक्रम के समापन पर बुधवार सुबह में अखंड पाठ साहिब के तहत दरबार सजा। हजूरी रागी जत्थे में शामिल सोहन सिंह और सतविंदर सिंह ने खुले पांडाल में गुरू की महिमा का गुणगान किया। उन्होंने गुरुनानक देव के जीवन पर भी प्रकाश डाला। स्त्री सत्संग की ओर से महिलाओं ने कीर्तन किया। गुरुदेव का समर्पित गायन कर महिला-पुरुषों को भाव विभोर कर दिया। गुरु-गुरु करमन मोर गुरू बिना में नाही हीर पर महिला झूम उठीं।
हैदराबाद से पहुंचे ज्ञानी गुरुदित्त सिंह ने गुरु नानक देव से जुड़े प्रसंग सुनाए। सबद कीर्तन में भी गुरुदेव का गुणगान किया गया। आयोजक मंडल की ओर से अमरपाल सिंह अरोरा रोंपी और पुलकित भाटिया ने सत्संग सभा के पदाधिकारियों का स्वागत किया। पूर्व राज्यमंत्री विमल कृष्ण अग्रवाल को सम्मान स्वरूप तलवार भेंट की गई। बाद में सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुषों ने लंगर छका। प्रकाशोत्सव में गुरुचरन सिंह भाटिया, चरनजीत अदलखा, राजन मेंदीरत्ता, जयपाल थरेजा, सुभाषचंद्र मिनोचा, गोपालकृष्ण सपरा, राजेश सचदेवा, गुरदीप सिंह, जगदीश चंद्र सपरा, सूरजभान सचदेवा, राजेश सचदेवा, अजय कुकरेजा, अनुराग धींगड़ा, वेदप्रकाश अदलखा, नेवराज छाबड़ा, मनोहर लाल छाबड़ा, ओमप्रकाश अदलखा आदि मौजूद थे।
विज्ञापन