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Budaun News: जीटीआई का भवन निर्माण पूरा, इस माह हो सकता है हस्तांतरित
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बदायूं। बिल्सी में जीटीआई भवन का निर्माण पूरा हो चुका है। केवल फिनिशिंग का काम ही बचा है। वह भी कुछ दिन में पूरा हो जाएगा। इसके बाद में बाद में बिल्डिंग को इसी माह हस्तांतरित करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
जिले में केवल शहर समेत अलापुर और सहसवान में राजकीय पॉलिटेक्निक (जीटीआई) स्थित है। इन कॉलेजों में कम सीट होने की वजह से कई बार छात्र-छात्राओं को बाहर ही राह देखनी होती है। ऐसे में जिले में इसको बनवाने की कई बार मांग उठती रही है। ऐसे में जीटीआई बनाने के लिए शासन से मंजूरी मिल गई। इसके बाद में प्रशासन द्वारा बिल्सी तहसील क्षेत्र के गांव खेड़ा में राजकीय पॉलिटेक्निक के लिए जमीन का चयन किया गया।
शासन ने बिल्सी क्षेत्र में नया राजकीय पॉलिटेक्निक बनाने के लिए हरी झंडी दे दी। साथ ही उनके निर्माण के लिए 20 करोड़ 97 लाख रुपये की धनराशि को मंजूर किया। साथ ही कार्यदायी संस्था यूपी सिडको का चयन करने के बाद उनके धनराशि भी मुहैया करा दी गई। इसके बाद में 14 अगस्त 2020 से इसका निर्माण कार्य होना शुरू हो गया। इसको 31 मार्च 2024 तक पूरा होना था। जो लगभग पूरा हो चुका है। फिनिशिंग का काम चल रहा है। जल्द ही इसको हस्तांतरित करने की प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
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इन गांव के छात्र-छात्राओं को होगा फायदा
खेड़ा गांव में जहां पर जीटीआई भवन बनाया जा रहा है उसके पास में पहाड़पुर, शहबाजपुर, पुसगवां, नगला शाहबाद, सीतपुर, राम नगला, सतेती, सहजाद नगर, भतरी गोर्वधनपुर आदि गांव हैं। ऐसे में इन गांवों के विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा।
बिल्सी वाली जीटीआई को लेकर कार्यदायी संस्था से वार्ता हुई थी। इसी माह उन्होंने बिल्डिंग हस्तांतरित करने की बात कही है। उम्मीद है कि इस माह बिल्डिंग हमको मिल जाएगी। -एसके आजार, प्रधानाचार्य, जीटीआई, बदायूं
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जिले में केवल शहर समेत अलापुर और सहसवान में राजकीय पॉलिटेक्निक (जीटीआई) स्थित है। इन कॉलेजों में कम सीट होने की वजह से कई बार छात्र-छात्राओं को बाहर ही राह देखनी होती है। ऐसे में जिले में इसको बनवाने की कई बार मांग उठती रही है। ऐसे में जीटीआई बनाने के लिए शासन से मंजूरी मिल गई। इसके बाद में प्रशासन द्वारा बिल्सी तहसील क्षेत्र के गांव खेड़ा में राजकीय पॉलिटेक्निक के लिए जमीन का चयन किया गया।
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शासन ने बिल्सी क्षेत्र में नया राजकीय पॉलिटेक्निक बनाने के लिए हरी झंडी दे दी। साथ ही उनके निर्माण के लिए 20 करोड़ 97 लाख रुपये की धनराशि को मंजूर किया। साथ ही कार्यदायी संस्था यूपी सिडको का चयन करने के बाद उनके धनराशि भी मुहैया करा दी गई। इसके बाद में 14 अगस्त 2020 से इसका निर्माण कार्य होना शुरू हो गया। इसको 31 मार्च 2024 तक पूरा होना था। जो लगभग पूरा हो चुका है। फिनिशिंग का काम चल रहा है। जल्द ही इसको हस्तांतरित करने की प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
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इन गांव के छात्र-छात्राओं को होगा फायदा
खेड़ा गांव में जहां पर जीटीआई भवन बनाया जा रहा है उसके पास में पहाड़पुर, शहबाजपुर, पुसगवां, नगला शाहबाद, सीतपुर, राम नगला, सतेती, सहजाद नगर, भतरी गोर्वधनपुर आदि गांव हैं। ऐसे में इन गांवों के विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा।
बिल्सी वाली जीटीआई को लेकर कार्यदायी संस्था से वार्ता हुई थी। इसी माह उन्होंने बिल्डिंग हस्तांतरित करने की बात कही है। उम्मीद है कि इस माह बिल्डिंग हमको मिल जाएगी। -एसके आजार, प्रधानाचार्य, जीटीआई, बदायूं