फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Gas refilling

एक कॉल पर पहुंचते थे माफिया के गैस सिलिंडर, ऐसे चलता था नेटवर्क

Mon, 10 Feb 2020 01:26 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Mon, 10 Feb 2020 01:26 AM IST
विज्ञापन
Gas refilling
बदायूं। शहर में जिन दो गोदामों से भारी मात्रा में सिलिंडर बरामद हुए थे, उनका संचालक माफिया सिर्फ गैस रीफिलिंग के काले धंधे तक सीमित नहीं था, बल्कि उसका नेटवर्क पूरे शहर में फैला था। उसके गोदामों से हलवाइयों, मिठाई की दुकानों, शादी हॉल और वैवाहिक समारोह में रसोई गैस भरे सिलिंडर सप्लाई किए जाते थे। नेटवर्क से जुड़े लोगों के एक फोन करते और माफिया के कारिंदे तुरंत सिलिंडर पहुंचा देते थे। माफिया के पास ऐसे ग्राहकों की बाकायदा सूची मौजूद थी। किसके यहां कब सिलिंडर जाना है, ये भी उन्हें पता रहता था।
विज्ञापन

लौड़ा बहेड़ी का गैस माफिया इस धंधे में सबसे आगे था। वह जिस तरह रसोई गैस की कालाबाजारी कर रहा था, उसे देखकर ही दो अन्य लोगों ने यह काला धंधा शुरू कर दिया था। एक ने बड़ी ज्यारत के पास और दूसरे ने लालपुल के पास गैस रीफिलिंग का धंधा शुरू किया था। पता लगने पर उन दोनों से माफिया की नोकझोंक भी हुई थी। हालांकि माफिया के सामने वे ज्यादा दिनों तक टिक नहीं पाए थे। 10 जनवरी को माफिया के गोदाम में छापा पड़ा। यहां से 240 रसोई सिलिंडर बरामद हुए। उसके बाद नए दोनों धंधेबाजों नेकाम बंद कर दिया। उनके सिलिंडर कहां गए। अभी पुलिस और प्रशासन इसका पता नहीं लगा सका है। इधर, दातागंज रेलवे क्रासिंग के पास गैस रीफिलिंग करने वाला कैलाश उर्फ बंटू भी किसी से कम नहीं था। शुरूआत में उसने अकेले काम शुरू किया। ज्यादा काम बढ़ा तो उसने दो नौकर रख लिए। सूत्रों के मुताबिक बंटू के शादी समारोह में काम करने वाले हलवाई, मिठाई विक्रेताओं, होटल, ढाबा और यहां तक की लॉन, मैरिज हॉल के मालिकों से तक अच्छे संबंध थे। किसी को सिलिंडर की जरूरत होती थी तो वे एक कॉल करते और बंटू के कर्मचारी उन तक सिलिंडर पहुंचा देते थे। इसके साथ ही उसका गैस रीफिलिंग का धंधा जोरों पर चल रहा था। इस धंधे से ही बंटू लाखों का आदमी बन गया। अभी तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई है।
विज्ञापन

माफिया का ध्यान पूरा रखते थे गैस एजेंसी मालिक
शहर में इतना बड़ा गोरखधंधा करने वाले माफिया का गैस एजेंसी मालिक पूरा ध्यान रखते थे। एक गैस एजेंसी मालिक ने तो अपनी गाड़ी तक दे दी थी। उसी से सिलिंडर इधर-उधर ढोये जा रहे थे। वो गाड़ी और उसका ड्राइवर जब टीम ने छापा मारा था। तब मौके से ही पकड़ा गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

... तो बंटू भी पहुंचा माननीय की शरण में
छह फरवरी को बंटू के खिलाफ सिविल लाइंस थाने में एफआईआर दर्ज हुई थी। तब से बंटू पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है। जबकि बंटू के दो नौकर और गैस एजेंसी का ड्राइवर जेल जा चुका है। बंटू की गिरफ्तारी न होने से माना जा रहा है, वह भी एक माननीय की शरण में पहुंच चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed