फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Four people die from fever in village Lalbuzia

ललबुझिया गांव में बुखार से चार लोगों की मौत

Sat, 19 Aug 2017 12:05 AM IST
मूसाझाग ( बदायूं)। 
मूसाझाग ( बदायूं)।  Updated Sat, 19 Aug 2017 12:05 AM IST
विज्ञापन
Four people die from fever in village Lalbuzia
doctor
मरने वालों में महिला, उसकी नवजात बेटी और दो ननद शामिल 
विज्ञापन

स्वास्थ विभाग की टीम मौके पर पहुंची, ग्रामीणों का चेकअप किया 

जगत ब्लाक क्षेत्र के ललबुझिया गांव में बुखार से चार लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में महिला, उसकी नवजात बच्ची और दो ननद शामिल हैं। शुक्रवार को मौके पर पहुंची स्वास्थ्य टीम ने दिनभर गांव में रहकर बुखार पीड़ित मरीजों की जांच की। परिवारजनों ने नवजात बच्ची समेत चारों का अंतिम संस्कार कर दिया। 
ललबुझिया गांव निवासी अर्जुन की गर्भवती पत्नी 26 वर्षीय गीता देवी, अर्जुन की चचेरी बहन 20 वर्षीय मिथलेश और 17 साल की कुसुमा देवी को पिछले एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। परिवारीजनों ने तीनों का पड़ोसी गांव में झोलाछाप को दिखाया, लेकिन फायदा नहीं हुआ। परिवारीजनों के मुताबिक 16 अगस्त की शाम सात बजे गीता को शहर के खेड़ा नवादा स्थित मेट्रो अस्पताल में भर्ती कराया गया। अगले दिन बुधवार की सुबह नौ बजे गीता ने बेटी को जन्म दिया। जन्म के कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई। दोपहर करीब दो बजे गीता ने भी दम तोड़ दिया। परिवारीजन दोनों के शव घर ले गए और अंतिम संस्कार कर दिया। 
विज्ञापन

उधर, बुखार से पीड़ित रामकिशोर की बेटी 20 साल वर्षीय मिथलेश और 17 वर्षीय कुसुमा देवी को बृहस्पतिवार सुबह शहर के नेकपुर मोहल्ला स्थित शिव अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां रात करीब दस बजे कुसुमा देवी की मौत हो गई। इसके छह घंटे बाद रात में करीब चार बजे मिथलेश ने दम तोड़ दिया। दोनों बहनों के शव घर ले जाए गए तो परिवार में कोहराम मच गया। परिवारीजनों का कहना है कि चारो लोगों की मौत बुखार से हुई है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

बुखार से चार लोगों का पता लगने पर पूरे गांव मातम छा गया। मृतकों के घर कुछ ही देर में लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर पूर्वाह्न 11.30 बजे स्वास्थ्य विभाग की टीम ललबुझिया पहुंची। जहां प्राथमिक विद्यालय में कैंप लगाकर बुखार और सर्दी-जुकाम से पीड़ित लोगों का चेकअप किया और मुफ्त में दवाएं दीं। ब्लड सैंपल लिए गए और स्लाइड भी बनाई गई। मगर दोनों लड़कियों का पोस्टमार्टम नहीं कराया गया। परिवारीजनों ने दोपहर बाद दोनों को दफना दिया। 
-----
कोट....
दोनों लड़कियों की मौत वायरल से हुई है। महिला और उसकी नवजात बच्ची की मौत बुखार से नहीं हुई। इन दोनों की मौत कैसे हुई इसकी जांच की जा रही है। 
- नेमी चंद्रा, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed