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नकली दूध बनाने वाले को आजीवन कारावास
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बदायूं
Updated Fri, 13 Apr 2018 08:14 PM IST
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डेमो
- फोटो : डेंमो
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नकली दूध का धंधा करने वाले को अपर सत्र न्यायाधीश तृतीय मधुलिका चौधरी ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने मुजरिम पर दस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। नकली दूध बनाने का भंडाफोड़ करीब आठ साल पहले इस्लामनगर थाना क्षेत्र के गांव पिनौनी में हुआ था।
इस्लामनगर थाना क्षेत्र के पिनौनी निवासी अवनेश कुमार गुप्ता पुत्र भगवान दास गुप्ता नकली दूध बनाने का धंधा करता था। गोपनीय शिकायत मिलने पर डीएम के निर्देश पर गठित टीम ने छह मार्च 2010 को अवनेश के यहां छापा मारा था। अवनेश ने टीम को बहकाने के लिए कह दिया कि यहां कोई गलत काम नहीं होता है। बल्कि पड़ोसी को फंसाने के लिए विपिन कुमार शर्मा के घर नकली दूध का कारोबार होने का बहाना कर दिया। टीम के तलाशी लेने पर विपिन के घर कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। विपिन के परिवार वालों ने टीम को बताया कि जिसने यहां पर भेजा है, वही नकली दूध का कारोबार करता है। तब टीम ने अवनेश के घर की तलाशी ली। तलाशी के दौरान अवनेश घर से भाग गया। उसके घर में टीम को भारी मात्रा में नकली दूध बनाने की सामग्री, उपकरण और नकली दूध मिला।
टीम की ओर से थाना इस्लामनगर में छह मार्च 2010 को अवनेश गुप्ता के खिलाफ नकली दूध का कारोबार करने का मामला दर्ज कराया गया। एडीजे मधुलिका चौधरी ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन किया। अभियोजन की ओर से एडीजीसी मुकेश बाबू यादव और बचाव पक्ष के अधिवक्ता की दलीलों को सुनने के बाद नकली दूध का कारोबार करने के मुजरिम अवनेश गुप्ता को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
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इस्लामनगर थाना क्षेत्र के पिनौनी निवासी अवनेश कुमार गुप्ता पुत्र भगवान दास गुप्ता नकली दूध बनाने का धंधा करता था। गोपनीय शिकायत मिलने पर डीएम के निर्देश पर गठित टीम ने छह मार्च 2010 को अवनेश के यहां छापा मारा था। अवनेश ने टीम को बहकाने के लिए कह दिया कि यहां कोई गलत काम नहीं होता है। बल्कि पड़ोसी को फंसाने के लिए विपिन कुमार शर्मा के घर नकली दूध का कारोबार होने का बहाना कर दिया। टीम के तलाशी लेने पर विपिन के घर कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। विपिन के परिवार वालों ने टीम को बताया कि जिसने यहां पर भेजा है, वही नकली दूध का कारोबार करता है। तब टीम ने अवनेश के घर की तलाशी ली। तलाशी के दौरान अवनेश घर से भाग गया। उसके घर में टीम को भारी मात्रा में नकली दूध बनाने की सामग्री, उपकरण और नकली दूध मिला।
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टीम की ओर से थाना इस्लामनगर में छह मार्च 2010 को अवनेश गुप्ता के खिलाफ नकली दूध का कारोबार करने का मामला दर्ज कराया गया। एडीजे मधुलिका चौधरी ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन किया। अभियोजन की ओर से एडीजीसी मुकेश बाबू यादव और बचाव पक्ष के अधिवक्ता की दलीलों को सुनने के बाद नकली दूध का कारोबार करने के मुजरिम अवनेश गुप्ता को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
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