डीजीसी साधना शर्मा के हत्यारोपियों की संपति कुर्क

Bareily Bureau Updated Mon, 15 Jan 2018 12:28 AM IST
डीजीसी साधना शर्मा के हत्यारोपियों की संपति कुर्क
घर से बाहर सामान न‌िकालती पु‌ल‌िस। - फोटो : अमर उजाला
बदायूं। प्रभारी जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) साधना शर्मा की हत्या के मामले में फरार घोषित प्रतिष्ठित परिवारों के दो आरोपियों की संपत्ति रविवार को कुर्क कर ली गई। उझानी पुलिस ने सिविल लाइन पुलिस के साथ मिलकर शहर और उझानी में संयुक्त कार्रवाई की। बरामद माल को उझानी कोतवाली में रखवा दिया गया है।
साधना शर्मा की हत्या में मुख्य आरोपी पूर्व भाजपा नेता और ठेकेदार पीसी शर्मा ने पहले हाजिर होकर अपनी जमानत करा ली थी। उनकी पत्नी कमलेश शर्मा अदालत के कई निर्देशों के बाद भी हाजिर नहीं हुई थीं। खुद को केस में गलत तरीके से फंसाने वाली उनकी रिट एप्लीकेशन हाईकोर्ट से भी खारिज हो गई थी। दूसरे आरोपी और साधना शर्मा के सगे बहनोई उझानी निवासी व्यवसायी श्रवण कुमार अग्रवाल भी न तो पुलिस गिरफ्त में आए और न कोर्ट में हाजिर हुए। शुक्रवार को सीजेएम मोहम्मद असलम सिद्दीकी ने कमलेश शर्मा और श्रवण गुप्ता की संपत्ति कुर्क करने का आदेश जारी कर दिया। इस क्रम में उझानी से एसआई राकेश कुमार ने बदायूं के सिविल लाइन थाने आकर इंस्पेक्टर देवेश सिंह से मदद मांगी। इसके बाद देवेश सिंह के साथ फोर्स पीसी शर्मा के डीएम रोड स्थित आवास पर पहुंची। यहां घर खुला था और पीसी शर्मा मौजूद थे। इंस्पेक्टर देवेश सिंह के मुताबिक पुलिस ने पीसी शर्मा से कुर्की में सहयोग की बात कही तो वह तैयार हो गए। इसके बाद पत्नी कमलेश शर्मा का कमरा खोलकर यहां रखा फर्नीचर, बेड, टीवी समेत अन्य घरेलू उपयोग का सामान जब्त कर लिया। उझानी पुलिस गाड़ी में माल भरकर साथ ले गई।
उझानी। साधना शर्मा हत्याकांड में फरार घोषित मोहल्ला श्रीनारायनगंज निवासी श्रवण गुप्ता की घर की कुर्की के लिए रविवार अपराह्न में सीओ भूषण वर्मा के साथ पुलिस फोर्स पहुंचा। पुलिस को श्रवण के घर में उनके परिवार वाले मिले। परिवार वालों ने सभी सामान अपना बताया। पुलिस ने श्रवण के कमरे की तलाशी ली। प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार शर्मा ने बताया कि घरेलू सामान से जुड़ी 35 वस्तुओं को कुर्क कर लिया गया। डेढ़ घंटा चली कार्रवाई के दौरान दरवाजे पर पुलिस का पहरा रहा।
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मेरा सामान कुर्क किया, फर्द भी नहीं दी: पीसी
कुर्की की कार्रवाई के बाद पीसी शर्मा ने इसे नियमों के विपरीत बताकर आईजी से लेकर कई अधिकारियों को ईमेल किया। उन्होंने कहा कि जिस सामान को पुलिस ने कुर्क किया वह उनकी पत्नी का नहीं उनका है। उन्होंने मौके पर ही इंस्पेक्टर को संबंधित स्थान के स्वामित्व का बैनामा भी दिखाया पर उन्होंने उसे मानने से इंकार कर दिया। कुर्क सामान की फर्द भी उन्हें नहीं दी। उन्हें डर है कि इंस्पेक्टर उन्हें झूठे केस में भी फंसा सकते हैं।
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स्कूटी को रौंदकर की गई थी साधना की हत्या
प्रभारी डीजीसी साधना शर्मा की हत्या 23 मई 2016 को बदायूं रोड पर जिरौलिया के पास कार सवार हमलावरों ने उनकी स्कूटी को रौंदकर की थी। उस समय वह कोर्ट से घर लौट रही थीं। शुरू में मामला एक्सीडेंट का लग रहा था। बाद में आरोप लगा कि हत्याकांड में साधना के करीबी पीसी शर्मा का हाथ है। पीसी शर्मा इस समय जमानत पर चल रहे हैं। बाद में पीसी की पत्नी कमलेश, उझानी निवासी साधना के बहनोई श्रवण गुप्ता, श्रवण की पत्नी श्रद्धा गुप्ता का नाम भी जांच के दौरान प्रकाश में आया। श्रद्धा गुप्ता का गिरफ्तारी स्टे चल रहा है। फरार चल रहे कमलेश शर्मा और श्रवण गुप्ता के खिलाफ कोर्ट ने कुर्की आदेश जारी किया था।

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