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अब 20 प्रतिशत ही रिकवरी होगी तहसीलदारों से
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बदायूं। जिले में पिछले दिनों करीब छह करोड़ का घोटाला दातागंज कोषागार में पकड़ में आया था। इससे प्रशासन से लेकर शासन तक में हलचल मच गई थी। मुख्य आरोपी ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया जबकि सहायक फरार चल रहा है। शासन ने निर्देश दिए हैं कि आरोपी से समेत यहां पर तैनात रहने वाले सभी तहसीलदारों से रिकवरी की जाएगी। इसको लेकर शासन ने निर्देश दिए हैं। इसमें कहा कि अब 20 प्रतिशत रिकवरी यहां पर तैनात तहसीलदारों से होगी। बाकी शेष धनराशि की रिकवरी रोकड़िया और उनके सहायक से की जाएगी।
जनपद के दातागंज तहसील में स्थित उपकोषागार कुछ माह पूर्व स्टांप घोटाला सामने आया। जब इसकी जांच की गई तो यह घोटाला छह करोड़ के करीब का निकला। ऐसे में दातागंज में तैनात रोकड़िया हरीश कुमार, सहायक राजेश सगर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई। इस बीच रोकड़िया हरीश कुुमार ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। तब से वह जेल में हैं। इस बीच शासन ने गबन हुई धनराशि की रिकवरी के निर्देश दिए। ऐसे में शासन ने कहा कि दातागंज में तैनात रहे सभी तहसीलदारों से रिकवरी की जाएगी। हालांकि उन्होंने यह भी निर्देश दिए है कि जिस तहसीलदार के समय में जितनी धनराशि का गबन हुआ है। उतनी धनराशि में से 20 प्रतिशत धनराशि इन तहसीलदारों से ली जाएगी। इसके अलावा सहायक राजेश सगर जो अभी फरार चल रहा है। उससे 20 प्रतिशत उसे वसूली की जाएगी। साथ ही 60 प्रतिशत की वसूली मुख्य आरोपी रोकड़िया हरीश कुमार से की जाएगी। वाईपी सिंह, मुख्य कोषाधिकारी ने बताया कि शासन ने आरोपी से रिकवरी के निर्देश दिए हैं। इसमें प्रतिशत के हिसाब से रिकवरी की जाएगी। मुख्य आरोपी से 60 प्रतिशत, सहायक और उस समय तैनात रहे तहसीलदारों से 20-20 प्रतिशत की रिकवरी की जाएगी।
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जनपद के दातागंज तहसील में स्थित उपकोषागार कुछ माह पूर्व स्टांप घोटाला सामने आया। जब इसकी जांच की गई तो यह घोटाला छह करोड़ के करीब का निकला। ऐसे में दातागंज में तैनात रोकड़िया हरीश कुमार, सहायक राजेश सगर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई। इस बीच रोकड़िया हरीश कुुमार ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। तब से वह जेल में हैं। इस बीच शासन ने गबन हुई धनराशि की रिकवरी के निर्देश दिए। ऐसे में शासन ने कहा कि दातागंज में तैनात रहे सभी तहसीलदारों से रिकवरी की जाएगी। हालांकि उन्होंने यह भी निर्देश दिए है कि जिस तहसीलदार के समय में जितनी धनराशि का गबन हुआ है। उतनी धनराशि में से 20 प्रतिशत धनराशि इन तहसीलदारों से ली जाएगी। इसके अलावा सहायक राजेश सगर जो अभी फरार चल रहा है। उससे 20 प्रतिशत उसे वसूली की जाएगी। साथ ही 60 प्रतिशत की वसूली मुख्य आरोपी रोकड़िया हरीश कुमार से की जाएगी। वाईपी सिंह, मुख्य कोषाधिकारी ने बताया कि शासन ने आरोपी से रिकवरी के निर्देश दिए हैं। इसमें प्रतिशत के हिसाब से रिकवरी की जाएगी। मुख्य आरोपी से 60 प्रतिशत, सहायक और उस समय तैनात रहे तहसीलदारों से 20-20 प्रतिशत की रिकवरी की जाएगी।
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