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अस्पतालों में खत्म, बाहर लग रही सरकारी एआरवी
Updated Thu, 18 Jan 2018 10:01 AM IST
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अस्पतालों में खत्म, बाहर
लग रही सरकारी एआरवी
जिला अस्पताल में वैक्सीन लगाने आया मेडिकल स्टोर कर्मचारी भागा
महंगी वैक्सीन लगवाने को मजबूर मरीजों ने परिसर में किया हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिले के सभी सीएचसी-पीएचसी पर एआरवी पहले ही खत्म हो गई थी। पांच दिन पहले जिला अस्पताल में भी एंटी रैबीज वैक्सीन निपट गई। चौंकाने वाली बात यह भी है जिला अस्पताल के सामने मौजूद एक मेडिकल स्टोर पर सरकारी वैक्सीन मौजूद है जो महंगे दामों पर मरीजों को लगाई जा रही है। बुधवार को महंगी वैक्सीन लगवाने को मजबूर मरीजों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया।
एआरवी के चक्कर में पांच दिन से रोज कर्मचारियों की मरीजों और तीमारदारों से नोकझोंक हो रही है। करीह डेढ़ महीने पहले ही सीएमओ के कोटे की वैक्सीन निपट गई थी। इसके बाद जिले के 14 सीएचसी और तीन पीएचसी पर एआरवी लगाई जानी बंद कर दी गई। इन अस्पतालों में वैक्सीन का टोटा पड़ा तो देहात की भीड़ भी शहर की ओर उमड़ पड़ी। जिला अस्पताल पर पहले से ही करीब डेढ़ सौ मरीज प्रतिदिन एआरवी लगाने का बोझ था जो दोगुना हो गया। इस वजह से वहां भी किल्लत हो गई। पांच दिन से जिला अस्पताल में भी एआरवी नहीं है। इस बारे में सीएमएस ने ओपीडी में लिखित पर्ची भी चस्पा करा दी है। ऐसे में दूरदराज से कुत्ता, बंदर व सियार काटे के मरीज आते हैं और नाराज होकर लौट जाते हैं। हंगामे आए दिन की बात हैं। बुधवार को भी वैक्सीन न मिलने पर परेशान लोगों ने अस्पताल परिसर में नारेबाजी की। उझानी के अल्लापुर चमारी गांव निवासी विवेक, दातागंज के सिसैया निवासी अंशू पुत्र विजेंद्र और चरण सिंह आदि शामिल थे। इस बीच सामने स्थित एक मेडिकल स्टोर का कर्मचारी आया और प्राइवेट डॉक्टरों के मुकाबले कम दर पर एआरवी लगाने की बात कही। लोगों के अनुरोध पर वह मेडिकल स्टोर से वैक्सीन लेकर जिला अस्पताल परिसर में आ गया और कई लोगों के वैक्सीन लगा दी। इस बीच कुछ लोगों का ध्यान खींचा तो पाया कि यह वैक्सीन केवल सरकारी अस्पतालों में लगाने के लिए गवर्नमेंट सप्लाई वाली है। लोगों ने सरकारी वैक्सीन मेडिकल स्टोर पर उपलब्ध होने की बात कहकर हंगामा किया। इसके बाद मेडिकल कर्मचारी फरार हो गया।
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वर्जन
अस्पताल से 16 दिसंबर को ही वैक्सीन मंगाने का पत्र भेजा गया था। अभी तक वैक्सीन नहीं मिल सकी है। मैं बाहर हूं। सरकारी सप्लाई वाली वैक्सीन बाहर कैसे बिक रही है, इस बारे में जानकारी नहीं है। कल ही लौटकर मामले की जांच कराई जाएगी। - डॉ. आरएस यादव, सीएमएस जिला अस्पताल
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अस्पतालों में खत्म, बाहर
लग रही सरकारी एआरवी
जिला अस्पताल में वैक्सीन लगाने आया मेडिकल स्टोर कर्मचारी भागा
महंगी वैक्सीन लगवाने को मजबूर मरीजों ने परिसर में किया हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिले के सभी सीएचसी-पीएचसी पर एआरवी पहले ही खत्म हो गई थी। पांच दिन पहले जिला अस्पताल में भी एंटी रैबीज वैक्सीन निपट गई। चौंकाने वाली बात यह भी है जिला अस्पताल के सामने मौजूद एक मेडिकल स्टोर पर सरकारी वैक्सीन मौजूद है जो महंगे दामों पर मरीजों को लगाई जा रही है। बुधवार को महंगी वैक्सीन लगवाने को मजबूर मरीजों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया।
एआरवी के चक्कर में पांच दिन से रोज कर्मचारियों की मरीजों और तीमारदारों से नोकझोंक हो रही है। करीह डेढ़ महीने पहले ही सीएमओ के कोटे की वैक्सीन निपट गई थी। इसके बाद जिले के 14 सीएचसी और तीन पीएचसी पर एआरवी लगाई जानी बंद कर दी गई। इन अस्पतालों में वैक्सीन का टोटा पड़ा तो देहात की भीड़ भी शहर की ओर उमड़ पड़ी। जिला अस्पताल पर पहले से ही करीब डेढ़ सौ मरीज प्रतिदिन एआरवी लगाने का बोझ था जो दोगुना हो गया। इस वजह से वहां भी किल्लत हो गई। पांच दिन से जिला अस्पताल में भी एआरवी नहीं है। इस बारे में सीएमएस ने ओपीडी में लिखित पर्ची भी चस्पा करा दी है। ऐसे में दूरदराज से कुत्ता, बंदर व सियार काटे के मरीज आते हैं और नाराज होकर लौट जाते हैं। हंगामे आए दिन की बात हैं। बुधवार को भी वैक्सीन न मिलने पर परेशान लोगों ने अस्पताल परिसर में नारेबाजी की। उझानी के अल्लापुर चमारी गांव निवासी विवेक, दातागंज के सिसैया निवासी अंशू पुत्र विजेंद्र और चरण सिंह आदि शामिल थे। इस बीच सामने स्थित एक मेडिकल स्टोर का कर्मचारी आया और प्राइवेट डॉक्टरों के मुकाबले कम दर पर एआरवी लगाने की बात कही। लोगों के अनुरोध पर वह मेडिकल स्टोर से वैक्सीन लेकर जिला अस्पताल परिसर में आ गया और कई लोगों के वैक्सीन लगा दी। इस बीच कुछ लोगों का ध्यान खींचा तो पाया कि यह वैक्सीन केवल सरकारी अस्पतालों में लगाने के लिए गवर्नमेंट सप्लाई वाली है। लोगों ने सरकारी वैक्सीन मेडिकल स्टोर पर उपलब्ध होने की बात कहकर हंगामा किया। इसके बाद मेडिकल कर्मचारी फरार हो गया।
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अस्पताल से 16 दिसंबर को ही वैक्सीन मंगाने का पत्र भेजा गया था। अभी तक वैक्सीन नहीं मिल सकी है। मैं बाहर हूं। सरकारी सप्लाई वाली वैक्सीन बाहर कैसे बिक रही है, इस बारे में जानकारी नहीं है। कल ही लौटकर मामले की जांच कराई जाएगी। - डॉ. आरएस यादव, सीएमएस जिला अस्पताल
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