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सर्दी के सितम से ‘कुम्हलाई’ धूप
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बदायूं। रविवार को लोग कड़ाके की धूप के लिए तरसते रहे। सुबह से लेकर शाम तक अन्य दिनों की अपेक्षा ज्यादा ठंडक रही। हवा के साथ चल रही शीतलहर से बुजुर्गों और गरीबों लोगों को ज्यादा परेशानी हुई। सो वह गर्म कपड़े पहनकर घरों में कैद रहे या फिर अलाव के सहारे बैठे रहे। वहीं धूप नहीं निकलने पर छोटे बच्चे मैदान या फिर छतों पर खेलते रहे। शाम होते ही गलन भरी सर्दी और बढ़ गई।
तीन दिन से मौसम एकाएक बदला है। शुक्रवार और शनिवार को कोहरा ज्यादा रहा, लेकिन रविवार की सुबह हल्का ही कोहरा रहा। पूरे दिन हवा शीतलहर का एहसास कराती रही। खुद को सर्दी से बचाने को लोग धूप का इंतजार करने लगे, लेकिन धूप ठीक से नहीं निकली। बादल से छाये रहे। सर्दी ज्यादा होने से बुजुर्ग और गरीब लोगों को ज्यादा परेशान हालत में देखा गया। बच्चे जरूर शाम तक क्रिकेट आदि खेलकर गर्माहट लेते रहे। जैसे-जैसे शाम ढलती गई वैसे-वैसे सर्दी बढ़ती गई। इसका असर बाजार पर दिख रहा था। जरूरतमंद लोग ही बाजार में थे।
सर्दी में गर्म हुआ संडे मार्केट, लोगों ने की खरीदारी
बदायूं। मौसम में आए बदलाव के कारण सर्दी बढ़ते ही गर्म कपड़ों का बाजार भी गर्म हो गया। संडे बाजार में गर्म कपड़े खूब बिके। गरीबों ने अपनी जरूरत के हिसाब से गर्म कपड़ों की खरीददारी की। स्थिति ये थी कि मार्केट में पैर रखने तक की जगह नहीं थी।
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संडे मार्केट में सभी तबकों के हिसाब से गर्म और ठंडे कपड़ों की बिक्री होती है। यहां बरेली, मुरादाबाद समेत अन्य शहरों से लोग सस्ते दामों में कपड़ों की बिक्री करने आते हैं। कई वर्षों से ये बाजार गरीबों के लिए वरदान साबित हो रहा है। जहां से वे अपने जरूरत के हिसाब से कपड़ों की खरीदारी करते नजर आए। छुट्टी का दिन होने की वजह से भीड़ और भी अधिक रहती है। एक विक्रेता ने बताया कि पिछले संडे के मुकाबले इस बार ज्यादा लोग आए।
सड़क पर लगा जाम
-कुछ व्यापारी सड़क पर भी अपनी दुकानों को लगा लेते हैं। ऐसे में लोग वहां पर भी खरीदारी के लिए रुक जाते हैं। जो वहां जाम का कारण बनता है।
कंबल बांटे
ककराला। हजरत शाह सकलैन एकेडमी की यूनिट ककराला की तरफ से दरगाह हजरत शाहशुजाअत अली मियां पर गरीब व जरूरतमंदों को कंबल बांटे गएा। वितरण का आगाज हजरत शाह मुहम्मद सकलैन मियाँ हुजूर मद्दाजिल्लाहुल नूरानी के हाथों से हुआ। इस मौके पर एकेडमी के सदस्य हाफिज आमिल, मास्टर नसीम, हाफिज कारी मुहम्मद कैस, फराज खान सकलैनी, तौफीस सकलैनी, अकबर अहमद, ताहिर सकलैनी आदि मौजूद रहे। ब्यूरो
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तीन दिन से मौसम एकाएक बदला है। शुक्रवार और शनिवार को कोहरा ज्यादा रहा, लेकिन रविवार की सुबह हल्का ही कोहरा रहा। पूरे दिन हवा शीतलहर का एहसास कराती रही। खुद को सर्दी से बचाने को लोग धूप का इंतजार करने लगे, लेकिन धूप ठीक से नहीं निकली। बादल से छाये रहे। सर्दी ज्यादा होने से बुजुर्ग और गरीब लोगों को ज्यादा परेशान हालत में देखा गया। बच्चे जरूर शाम तक क्रिकेट आदि खेलकर गर्माहट लेते रहे। जैसे-जैसे शाम ढलती गई वैसे-वैसे सर्दी बढ़ती गई। इसका असर बाजार पर दिख रहा था। जरूरतमंद लोग ही बाजार में थे।
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सर्दी में गर्म हुआ संडे मार्केट, लोगों ने की खरीदारी
बदायूं। मौसम में आए बदलाव के कारण सर्दी बढ़ते ही गर्म कपड़ों का बाजार भी गर्म हो गया। संडे बाजार में गर्म कपड़े खूब बिके। गरीबों ने अपनी जरूरत के हिसाब से गर्म कपड़ों की खरीददारी की। स्थिति ये थी कि मार्केट में पैर रखने तक की जगह नहीं थी।
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संडे मार्केट में सभी तबकों के हिसाब से गर्म और ठंडे कपड़ों की बिक्री होती है। यहां बरेली, मुरादाबाद समेत अन्य शहरों से लोग सस्ते दामों में कपड़ों की बिक्री करने आते हैं। कई वर्षों से ये बाजार गरीबों के लिए वरदान साबित हो रहा है। जहां से वे अपने जरूरत के हिसाब से कपड़ों की खरीदारी करते नजर आए। छुट्टी का दिन होने की वजह से भीड़ और भी अधिक रहती है। एक विक्रेता ने बताया कि पिछले संडे के मुकाबले इस बार ज्यादा लोग आए।
सड़क पर लगा जाम
-कुछ व्यापारी सड़क पर भी अपनी दुकानों को लगा लेते हैं। ऐसे में लोग वहां पर भी खरीदारी के लिए रुक जाते हैं। जो वहां जाम का कारण बनता है।
कंबल बांटे
ककराला। हजरत शाह सकलैन एकेडमी की यूनिट ककराला की तरफ से दरगाह हजरत शाहशुजाअत अली मियां पर गरीब व जरूरतमंदों को कंबल बांटे गएा। वितरण का आगाज हजरत शाह मुहम्मद सकलैन मियाँ हुजूर मद्दाजिल्लाहुल नूरानी के हाथों से हुआ। इस मौके पर एकेडमी के सदस्य हाफिज आमिल, मास्टर नसीम, हाफिज कारी मुहम्मद कैस, फराज खान सकलैनी, तौफीस सकलैनी, अकबर अहमद, ताहिर सकलैनी आदि मौजूद रहे। ब्यूरो