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तहसील स्टाफ ने जमाई कुंडली
ब्यूरो, अमर उजाला /बिजनौर
Updated Thu, 01 Dec 2016 12:38 AM IST
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कांशीराम काॅलोनी के कक्षा कक्ष में बैठकर काम करते तहसील कर्मचारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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बिजनौर में। परिषदीय स्कूलों की व्यवस्था बिगाड़ने में अधिकारी भी कोई कसर नहीं छोड़ रहे। प्राथमिक विद्यालय नई बस्ती नंबर चार कांशीराम कॉलोनी के एक कक्षा कक्ष में तहसील के कर्मचारी कुंडली जमाए बैठे हैं। स्कूली बच्चे सिकुड़ कर बैठने को मजबूर हैं।
बीएसए कार्यालय के पास प्राथमिक विद्यालय नई बस्ती नंबर चार कांशीराम कॉलोनी में संचालित हैं। इस स्कूल में पांच कक्षा कक्ष हैं। जबकि 150 छात्र छात्राएं पंजीकृत हैं। शिक्षकों की माने तो एक कक्षा कक्ष में आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। जबकि एक कक्षा कक्ष में तहसील कर्मचारी बैठते हैं तथा तहसील का काम निपटाते हैं। स्कूल में बच्चे अधिक होने के कारण बच्चों की बैठक व्यवस्था सही से नहीं हो पाती। टाट पट्टी पर भी बच्चे खुलकर नहीं बैठ पाते हैं। स्कूल में पांच कक्ष हैं। दो कक्षाओं में दूसरे कार्यों में प्रयोग होने से स्कूल का माहौल ठीक नहीं है। तहसील का नया भवन बन कर पूरा हो चुका है तथा नया भवन भी स्कूल के पास ही है। तहसील के नए भवन में तहसील का स्टाफ भी शिफ्ट कर चुका है। बताते हैं कि खंड शिक्षा अधिकारी ने अस्थाई तौर पर तहसील के स्टॉफ को स्कूल का एक कक्षा कक्ष दिया था। नई तहसील में सामान शिफ्ट होने के बाद भी स्कूल का कक्ष खाली नहीं किया गया है। सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के मुताबिक स्कूल के कमरों में गैर शैक्षणिक कार्य होना गलत है। यदि ऐसा है तो मामले की जांच की जाएगी तथा संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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बीएसए कार्यालय के पास प्राथमिक विद्यालय नई बस्ती नंबर चार कांशीराम कॉलोनी में संचालित हैं। इस स्कूल में पांच कक्षा कक्ष हैं। जबकि 150 छात्र छात्राएं पंजीकृत हैं। शिक्षकों की माने तो एक कक्षा कक्ष में आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। जबकि एक कक्षा कक्ष में तहसील कर्मचारी बैठते हैं तथा तहसील का काम निपटाते हैं। स्कूल में बच्चे अधिक होने के कारण बच्चों की बैठक व्यवस्था सही से नहीं हो पाती। टाट पट्टी पर भी बच्चे खुलकर नहीं बैठ पाते हैं। स्कूल में पांच कक्ष हैं। दो कक्षाओं में दूसरे कार्यों में प्रयोग होने से स्कूल का माहौल ठीक नहीं है। तहसील का नया भवन बन कर पूरा हो चुका है तथा नया भवन भी स्कूल के पास ही है। तहसील के नए भवन में तहसील का स्टाफ भी शिफ्ट कर चुका है। बताते हैं कि खंड शिक्षा अधिकारी ने अस्थाई तौर पर तहसील के स्टॉफ को स्कूल का एक कक्षा कक्ष दिया था। नई तहसील में सामान शिफ्ट होने के बाद भी स्कूल का कक्ष खाली नहीं किया गया है। सीडीओ डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के मुताबिक स्कूल के कमरों में गैर शैक्षणिक कार्य होना गलत है। यदि ऐसा है तो मामले की जांच की जाएगी तथा संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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