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Bijnor News: जमकर बरसे बादल, टूटा 30 साल का रिकॉर्ड
Thu, 04 May 2023 12:20 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Thu, 04 May 2023 12:20 AM IST
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- 114.8 एमएम बारिश तीन दिन में बिजनौर में हुई
- 50.6 एमएम बारिश बिजनौर में बुधवार को हुई
- 22 घंटे मई के तीन दिन रूक-रूककर हुई बारिश
- 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया अधिकतम तापमान
- 17.2 डिग्री सेल्सियस रहा न्यूनतम तापमान
- जिले में कई जगह पड़े ओले, बागवानी को नुकसान
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिले में रुक-रुककर झमाझम बारिश हो रही है। तीन दिन में 114.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। मई के तीन दिनों में हुई बारिश ने पिछले 30 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। बारिश की वजह से जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित रहा। बारिश पड़ने के बाद लोगों को फरवरी जैसी ठंड का अहसास हो रहा है। जिले में कई जगहों में ओले भी पड़े। जिससे आम की बागवानी को नुकसान होने की संभावना है।
बिजनौर में बुधवार को दोपहर 12 बजे झमाझम बारिश शुरू हुई, जो एक घंटे तक रुक-रुककर पड़ती रही। बारिश पड़ने से मौसम में ठंडक बढ़ गई। बारिश से जगह-जगह जलभराव हो गया। जिसमें लोगों के वाहन पलट रहे हैं। रास्ते में हुए कीचड़ से लोग फिसलकर गिर रहे हैं। बारिश के कारण मौसम ठंडा हो गया, जिसके कारण लोगों ने एक बार फिर गर्म कपड़े निकाल लिए। बुधवार को 50.6 एमएम बारिश दर्ज हुई है। जिले में कई जगहों पर ओले भी पड़े। बुधवार को अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 17.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। नगीना स्थित कृषि वेधशाला के प्रेषक सतीश कुमार का कहना है कि आसमान में बादल छाए रहेंगे, बारिश की भी संभावना है।
नगीना स्थित कृषि वेधशाला से मिली जानकारी के मुताबिक मई के पहले सप्ताह में करीब 30 सालों से इतनी बारिश नहीं हुई है। साल 2011 में पूरे मई महीने में 101.4 एमएम बारिश दर्ज की गई थी। हालांकि इस बार शुरूआत के तीन दिन में ही 114.8 एमएम बारिश हुई है। जबकि अभी मई का पूरा महीना बाकी है।
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औसतन पांच प्रतिशत गेहूं खराब होने की आशंका
जिले में 1,53,435 हेक्टेयर गेहूं का रकबा है। बारिश से औसतन पांच प्रतिशत गेहूं खराब होने की आशंका है। करीब सात हजार हेक्टेयर गेहूं बिजनौर में खराब हो गया है। गन्ने की बुवाई में भी देरी हो रही है। जिला कृषि अधिकारी अवधेश मिश्रा का कहना है कि बारिश से कुछ क्षेत्रों में गेहूं की फसल को नुकसान हुआ है। इसका मूल्यांकन कराया जाएगा।
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- 50.6 एमएम बारिश बिजनौर में बुधवार को हुई
- 22 घंटे मई के तीन दिन रूक-रूककर हुई बारिश
- 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया अधिकतम तापमान
- 17.2 डिग्री सेल्सियस रहा न्यूनतम तापमान
- जिले में कई जगह पड़े ओले, बागवानी को नुकसान
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिले में रुक-रुककर झमाझम बारिश हो रही है। तीन दिन में 114.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। मई के तीन दिनों में हुई बारिश ने पिछले 30 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। बारिश की वजह से जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित रहा। बारिश पड़ने के बाद लोगों को फरवरी जैसी ठंड का अहसास हो रहा है। जिले में कई जगहों में ओले भी पड़े। जिससे आम की बागवानी को नुकसान होने की संभावना है।
बिजनौर में बुधवार को दोपहर 12 बजे झमाझम बारिश शुरू हुई, जो एक घंटे तक रुक-रुककर पड़ती रही। बारिश पड़ने से मौसम में ठंडक बढ़ गई। बारिश से जगह-जगह जलभराव हो गया। जिसमें लोगों के वाहन पलट रहे हैं। रास्ते में हुए कीचड़ से लोग फिसलकर गिर रहे हैं। बारिश के कारण मौसम ठंडा हो गया, जिसके कारण लोगों ने एक बार फिर गर्म कपड़े निकाल लिए। बुधवार को 50.6 एमएम बारिश दर्ज हुई है। जिले में कई जगहों पर ओले भी पड़े। बुधवार को अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 17.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। नगीना स्थित कृषि वेधशाला के प्रेषक सतीश कुमार का कहना है कि आसमान में बादल छाए रहेंगे, बारिश की भी संभावना है।
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नगीना स्थित कृषि वेधशाला से मिली जानकारी के मुताबिक मई के पहले सप्ताह में करीब 30 सालों से इतनी बारिश नहीं हुई है। साल 2011 में पूरे मई महीने में 101.4 एमएम बारिश दर्ज की गई थी। हालांकि इस बार शुरूआत के तीन दिन में ही 114.8 एमएम बारिश हुई है। जबकि अभी मई का पूरा महीना बाकी है।
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औसतन पांच प्रतिशत गेहूं खराब होने की आशंका
जिले में 1,53,435 हेक्टेयर गेहूं का रकबा है। बारिश से औसतन पांच प्रतिशत गेहूं खराब होने की आशंका है। करीब सात हजार हेक्टेयर गेहूं बिजनौर में खराब हो गया है। गन्ने की बुवाई में भी देरी हो रही है। जिला कृषि अधिकारी अवधेश मिश्रा का कहना है कि बारिश से कुछ क्षेत्रों में गेहूं की फसल को नुकसान हुआ है। इसका मूल्यांकन कराया जाएगा।