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Bijnor News: राजस्व प्राप्ति में प्रदेश में बिजनौर ने पाया 39वां स्थान

Wed, 26 Apr 2023 01:06 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर Updated Wed, 26 Apr 2023 01:06 AM IST
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Bijnor got 39th place in the state in revenue receipt
- जीएसटी रिटर्न दाखिल कराने में प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा बिजनौर
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- पिछले साल के मुकाबले 19 प्रतिशत अधिक जमा हुई जीएसटी
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जीएसटी मुख्यालय लखनऊ की ओर से सभी जिलों की जीएसटी जमा करने की रैंकिंग जारी कर दी गई है। प्रदेश में जीएसटी जमा करने में बिजनौर का 39वां स्थान है। वही जीएसटी रिटर्न दाखिल करने में बिजनौर प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा। जिससे साफ जाहिर हो रहा है कि जिले में जीएसटी जमा करने को लेकर व्यापारियों में जागरूकता बढ़ रही है।

जिले में 14996 व्यापारी जीएसटी विभाग में पंजीकृत हैं। जिनसे सरकार को राजस्व की प्राप्ति हो रही है। व्यापारी जीएसटी जमा करने में सकारात्मक प्रयास दिखा रहे हैं। सत्र 2022-23 में व्यापारियों ने 20746.87 लाख रुपये की जीएसटी जमा कराई है। वहीं सत्र 2021-22 में व्यापारियों ने 17471.97 लाख रुपये की जीएसटी जमा कराई थी। जिसके चलते इस साल जीएसटी जमा करने में करीब 19 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। वहीं सत्र 2022-23 में जीएसटी विभाग ने बिजनौर से जीएसटी रिटर्न दाखिल कराने का लक्ष्य 882.06 लाख रुपये निर्धारित किया था। जिसके सापेक्ष 1570.41 लाख रुपये जीएसटी रिटर्न दाखिल कराया गया है। यही वजह है कि जीएसटी रिटर्न दाखिल करने बिजनौर का प्रदेश में दूसरा स्थान है। जबकि इस जीएसटी रिटर्न दाखिल करने में अलीगढ़ पहले स्थान पर रहा।
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ईंट भट्टों से प्राप्त हुई 528.64 लाख रुपये की जीएसटी
जीएसटी विभाग के अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक सत्र 2022-23 में ईंट भट्टों से 528.64 लाखों रुपए की जीएसटी प्राप्त हुई है। वहीं सत्र 2021-22 में ईंट भट्टों से 206.62 लाखों रुपए की जीएसटी प्राप्त की गई थी। जिससे पता चलता है कि इन बच्चों ने पिछले साल के मुताबिक अधिक जीएसटी जमा की है। मगर विभागीय अधिकारियों का कहना है कि ईंट भट्टा व्यापारी पहले समाधान योजना के तहत एक प्रतिशत की दर से कर जमा कर रहे थे। मगर अब बिना बिना आईटीसी 6 प्रतिशत की दर से कर देना अनिवार्य है। जिस हिसाब से ईंट भट्टा व्यापारियों को पिछले साल के मुकाबले पांच गुना जीएसटी जमा करनी थी, लेकिन केवल डेढ़ गुना जीएसटी जमा की गई है।
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व्यापारी को न्यूनतम जमा करनी चाहिए 40 हजार सालाना जीएसटी
लघु श्रेणी के व्यापारियों को समाधान योजना का लाभ दिया जा रहा है। 40 लाख से डेढ़ करोड़ रुपये तक की सालाना व्यापार करने वाले व्यापारी इसमें पंजीकृत हैं। जो व्यापारी सालाना 40 लाख रुपये का व्यापार करते हैं, उन्हें हर साल 40 हजार रुपये की जीएसटी जमा करनी चाहिए। वहीं डेढ़ करोड़ रुपये का व्यापार करने वाले को डेढ़ लाख रुपये कि जीएसटी जमा करनी अनिवार्य है।

प्रदेश में जीएसटी जमा करने और रिटर्न दाखिल कराने में बिजनौर ने अच्छा स्थान प्राप्त किया है। सभी व्यापारी अपने टर्नओवर का आंकलन कर जीएसटी जमा कराएं। जो व्यापारी जीएसटी जमा नहीं कर रहे हैं, उनकी सूची तैयार की जा रही है। उन व्यापारियों के पंजीकरण निरस्त किए जाएंगे। कार्रवाई करते हुए बकाया जीएसटी जमा कराई जाएगी।..... राजीव आर्थर, संयुक्त आयुक्त, जीएसटी कार्यपालक, बिजनौर
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