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लखनऊ से दो टीमें और पहुंचीं
अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Tue, 04 Oct 2016 12:10 AM IST
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बिजनौर में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन में हुए करोड़ों रुपये की घोटाले की जांच करने लखनऊ से दो टीमें और यहां पहुंच गई। टीम के पहुंचते ही स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। टीमों ने घोटाले प्रकरण से जुड़ीं फाइलें खंगालनी शुरू कर दी है। टीम के सदस्यों ने कहा कि पूरे मामले की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
एनएचएम में करीब तीन करोड़ दस लाख रुपये के घोटाले की जांच के लिए लखनऊ से मिशन निदेशक की टीम और परिवार कल्याण महानिदेशक की चार सदस्य टीम सोमवार को बिजनौर पहुंच गई। दोनों टीमों ने सोमवार को सीएमओ कार्यालय में पहुंचकर पिछले कई सालों के रिकार्ड खंगालने शुरू कर दिए हैं।
टीमों को शक है कि ये घोटाला तीन करोड़ से भी ऊपर का हो सकता है। इससे पहले कैग (कंट्रोलर एंड ऑडिटर जनरल) की टीम ने भी घोटाले के चलते पिछले पांच साल का रिकार्ड खंगाल रही है। एनएचएम घोटाले में पूर्व सीएमओ व एसीएमओ के हस्ताक्षर के एप्रुवल से चार कंपनियों का फर्जी तरीके से भुगतान किया गया है। दोनों ही अधिकारियों ने अपने हस्ताक्षर फर्जी होना बताया था। इस मामले में एसीएमओ आरसीएच की ओर से रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई थी।
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एनएचएम में करीब तीन करोड़ दस लाख रुपये के घोटाले की जांच के लिए लखनऊ से मिशन निदेशक की टीम और परिवार कल्याण महानिदेशक की चार सदस्य टीम सोमवार को बिजनौर पहुंच गई। दोनों टीमों ने सोमवार को सीएमओ कार्यालय में पहुंचकर पिछले कई सालों के रिकार्ड खंगालने शुरू कर दिए हैं।
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टीमों को शक है कि ये घोटाला तीन करोड़ से भी ऊपर का हो सकता है। इससे पहले कैग (कंट्रोलर एंड ऑडिटर जनरल) की टीम ने भी घोटाले के चलते पिछले पांच साल का रिकार्ड खंगाल रही है। एनएचएम घोटाले में पूर्व सीएमओ व एसीएमओ के हस्ताक्षर के एप्रुवल से चार कंपनियों का फर्जी तरीके से भुगतान किया गया है। दोनों ही अधिकारियों ने अपने हस्ताक्षर फर्जी होना बताया था। इस मामले में एसीएमओ आरसीएच की ओर से रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई थी।
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