ज्ञानपुर/घोसिया। गांधी जयंती पर महिला शिक्षक संघ की पदाधिकारियों ने रविवार को मौन पदयात्रा निकाल कर पुरानी पेंशन व्यवस्था को बहाल कराने की मांग की। महिला शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी सदर अश्वनी को सौंपा। कहा कि पेंशन व्यवस्था शिक्षकों का अधिकार और सम्मान है। अधिकार के लिए पदाधिकारी सड़क से सदन तक संघर्ष करने से पीछे नहीं हटेंगे। मौन पदयात्रा बीआरसी सदर से शुरु होकर प्राचीन ज्ञान सरोवर स्थित गांधी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर सदर तहसील पहुंचा। जिलाध्यक्ष प्रीति मौर्य ने कहा कि महिला शिक्षक की मांगों को पूरा करने में जिम्मेदारों की हीलाहवाली वर्षों से चली आ रही है। जिला महामंत्री डॉ. कृष्णा सिंह ने कहा कि 60 वर्ष के बाद शिक्षकों का एकमात्र सहारा पेंशन ही है, जिसे बहाल करने में शिक्षकों की परीक्षा ली जा रही है। यह आवाज राष्ट्रपिता की 153वीं जयंती से उठी है तो अधिकार लेकर ही समाप्त भी होगी। मौके पर तबस्सुम बानो, डॉ. रत्ना गुप्ता, पूजा यादव, सुषमा, आरती सिंह, रीना राय, बिंदु देवी, अर्चना, संध्या समेत बड़ी संख्या में महिला शिक्षक शामिल रहीं।