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Bhadohi News: डेढ़ करोड़ खर्च करने के बाद भी दो फीट जलभराव
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ज्ञानपुर। जिले में मंगलवार को हुइ बारिश ने प्रशासनिक तैयारियों की पोल खोल दी। ज्ञानपुर के दुर्गागंज तिराहे पर पांच सालों में डेढ़ करोड़ रुपये खर्च किए गए, वहां दो फीट तक पानी लगा है। लोगों की दुकानों में पानी घुसने लगा। बारिश के कारण जिले के कई इलाकों में जलभराव, पेड़ और खंभे गिरने के मामले आए। मौसम विभाग के अनुसार मंगलवार को डेढ़ घंटे में 41 एमएम बारिश हुई।
जिले में बीते 10 दिनों में मौसम सामान्य बना हुआ था। छिटपुट बारिश और बादलों की आवाजाही के बीच मौसम में नमी बनी रही। इससे लोगों को गर्मी में राहत मिली। मंगलवार की सुबह भी हर दिन की तरह सामान्य था। दोपहर में एक बार तेज धूप भी निकली, लेकिन एक बजे अचानक मौसम बदलने लगा। डेढ़ बजे तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश इतनी तेज थी कि डेढ़ घंटे में जिले नगर निकायों में जलभराव को लेकर की गई तैयारियों की पोल खुल गई। ज्ञानपुर, गोपीगंज, घोसिया, खमरिया जैसे इलाकों में जलभराव हो गया। सबसे अधिक परेशानी ज्ञानपुर के दुर्गागंज तिराहे पर देखने को मिली। जहां दो फीट तक पानी लग गया। दुकानों में पानी घुसने लगा। गौरतलब है कि ज्ञानपुर तिराहे पर बीते पांच सालों में नगर पंचायत जलभराव रोकने करीब सवा से डेढ़ करोड़ खर्च कर चुका है पर समस्या जस की तस बनी हुई है। यहां ज्ञानपुर पुरानी बाजार तक चार साल पहले 80 लाख रुपये की लागत से नाला बनवाया गया था। वहीं अप्रैल में दुर्गागंज त्रिमुहानी से जिला अस्पताल मोड़ तक 18 लाख रुपये खर्च करके नई नाली बनाई गई। इसके अलावा हर साल यहां नगर पंचायत नाली सफाई, चैंबर बनाने जैसे कामों में चार से पांच लाख खर्च रुपये करता है। यही हाल गोपीगंज नगर के वार्ड-17 का रहा। यहां मंगलवार को हुई बारिश में घुटने तक पानी लग गया। जलभराव से लोग परेशान रहे।
घोसिया नगर पंचायत में नाली सफाई के नाम पर लाखों खर्च किए गए, लेकिन वहां करीब-करीब हर मोहल्ले में जलभराव की समस्या देखने को मिली। लोगों कहना था कि नाली सफाई केवल कागज पर हुआ है। जमीन पर काम नहीं होने से समस्या बनी हुई है। वहीं चौरी स्टेशन रोड पर भी डेढ़ फीट तक जलभराव रहा।
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पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से आपूर्ति ठप
बारिश के कारण कई इलाकों की बिजली गुल हो गई। वहीं कई जगहों पर पेड़ और बिजली के खंभे गिरे। ज्ञानपुर नगर में ही पुरानी तहसील के सामने बड़ा पेड़ गिर गया। वहीं पर 11 हजार हाईटेंशन का एक जर्जर खंभा एक व्यक्ति के मकान पर जाकर गिर गया। गनीमत रही कि बिजली कटी थी। नहीं तो बड़ा हादसा होता। ज्ञानपुर ब्लॉक संसाधन केंद्र के सामने और चकवा मंदिर के पास भी पेड़ गिरे। बिजली का खंभा गिरने से एक बजे से कटी बिजली देर शाम सात बजे तक बहाल नहीं हो सकी थी। हालांकि गिरे पेड़ों को हटाने में नगर पंचायत कर्मी जुटे रहे।
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मंगलवार को 41 एमएम बारिश
मंगलवार को इस सीजन की सबसे अच्छी बरसात हुई। डेढ़ घंटे में ही करीब 41 एमएम बारिश हो गई। मंगलवार को पहली बार ऐसा रहा कि बारिश पूरे जिले में एक साथ हुई। इसके पहले कभी पूरब तो कभी पश्चिम के क्षेत्रों में बारिश होकर बादल निकल जाते थे, लेकिन मंगलवार की बारिश से किसानों के चेहरे खिल गए। कृषि विज्ञान केंद्र बेजवां के मौसम विशेषज्ञ सर्वेश बरनवाल ने बताया कि डेढ़ घंटे में 41 एमएम बारिश हुई है। आने वाले दिनों में भी अच्छी बरसात देखने को मिल सकती है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री दर्ज किया गया।
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जिले में बीते 10 दिनों में मौसम सामान्य बना हुआ था। छिटपुट बारिश और बादलों की आवाजाही के बीच मौसम में नमी बनी रही। इससे लोगों को गर्मी में राहत मिली। मंगलवार की सुबह भी हर दिन की तरह सामान्य था। दोपहर में एक बार तेज धूप भी निकली, लेकिन एक बजे अचानक मौसम बदलने लगा। डेढ़ बजे तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश इतनी तेज थी कि डेढ़ घंटे में जिले नगर निकायों में जलभराव को लेकर की गई तैयारियों की पोल खुल गई। ज्ञानपुर, गोपीगंज, घोसिया, खमरिया जैसे इलाकों में जलभराव हो गया। सबसे अधिक परेशानी ज्ञानपुर के दुर्गागंज तिराहे पर देखने को मिली। जहां दो फीट तक पानी लग गया। दुकानों में पानी घुसने लगा। गौरतलब है कि ज्ञानपुर तिराहे पर बीते पांच सालों में नगर पंचायत जलभराव रोकने करीब सवा से डेढ़ करोड़ खर्च कर चुका है पर समस्या जस की तस बनी हुई है। यहां ज्ञानपुर पुरानी बाजार तक चार साल पहले 80 लाख रुपये की लागत से नाला बनवाया गया था। वहीं अप्रैल में दुर्गागंज त्रिमुहानी से जिला अस्पताल मोड़ तक 18 लाख रुपये खर्च करके नई नाली बनाई गई। इसके अलावा हर साल यहां नगर पंचायत नाली सफाई, चैंबर बनाने जैसे कामों में चार से पांच लाख खर्च रुपये करता है। यही हाल गोपीगंज नगर के वार्ड-17 का रहा। यहां मंगलवार को हुई बारिश में घुटने तक पानी लग गया। जलभराव से लोग परेशान रहे।
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घोसिया नगर पंचायत में नाली सफाई के नाम पर लाखों खर्च किए गए, लेकिन वहां करीब-करीब हर मोहल्ले में जलभराव की समस्या देखने को मिली। लोगों कहना था कि नाली सफाई केवल कागज पर हुआ है। जमीन पर काम नहीं होने से समस्या बनी हुई है। वहीं चौरी स्टेशन रोड पर भी डेढ़ फीट तक जलभराव रहा।
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पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से आपूर्ति ठप
बारिश के कारण कई इलाकों की बिजली गुल हो गई। वहीं कई जगहों पर पेड़ और बिजली के खंभे गिरे। ज्ञानपुर नगर में ही पुरानी तहसील के सामने बड़ा पेड़ गिर गया। वहीं पर 11 हजार हाईटेंशन का एक जर्जर खंभा एक व्यक्ति के मकान पर जाकर गिर गया। गनीमत रही कि बिजली कटी थी। नहीं तो बड़ा हादसा होता। ज्ञानपुर ब्लॉक संसाधन केंद्र के सामने और चकवा मंदिर के पास भी पेड़ गिरे। बिजली का खंभा गिरने से एक बजे से कटी बिजली देर शाम सात बजे तक बहाल नहीं हो सकी थी। हालांकि गिरे पेड़ों को हटाने में नगर पंचायत कर्मी जुटे रहे।
मंगलवार को 41 एमएम बारिश
मंगलवार को इस सीजन की सबसे अच्छी बरसात हुई। डेढ़ घंटे में ही करीब 41 एमएम बारिश हो गई। मंगलवार को पहली बार ऐसा रहा कि बारिश पूरे जिले में एक साथ हुई। इसके पहले कभी पूरब तो कभी पश्चिम के क्षेत्रों में बारिश होकर बादल निकल जाते थे, लेकिन मंगलवार की बारिश से किसानों के चेहरे खिल गए। कृषि विज्ञान केंद्र बेजवां के मौसम विशेषज्ञ सर्वेश बरनवाल ने बताया कि डेढ़ घंटे में 41 एमएम बारिश हुई है। आने वाले दिनों में भी अच्छी बरसात देखने को मिल सकती है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री दर्ज किया गया।