{"_id":"6ab97186d5912cea6401fbd1","slug":"rules-flouted-in-the-appointment-of-75-outsourced-employees-basti-news-c-207-1-bst1005-167894-2026-09-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: 75 आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति में नियमों की अनदेखी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: 75 आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति में नियमों की अनदेखी
विज्ञापन
बस्ती। स्वास्थ्य विभाग में 75 आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति में शासन और निदेशालय की आवश्यक अनुमति की अनदेखी किए जाने का मामला सामने आया है। प्रक्रिया आगे बढ़ने के बाद अब तीन माह का बजट फंस गया है। कर्मचारियों के भुगतान के लिए शासन ने सीएमओ कार्यालय से संबंधित पत्रावली तलब की है।
बताया गया कि संबंधित लिपिक के माध्यम से पत्रावली निदेशालय भेजी जा चुकी है। हालांकि, अभी बजट जारी नहीं हुआ है। वहीं, मामले की जांच विजिलेंस टीम भी कर रही है। इससे नियुक्ति प्रक्रिया और अभिलेखों के रखरखाव को लेकर विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति से पहले शासन और निदेशालय स्तर से आवश्यक अनुमति ली जानी थी।
आरोप है कि अनुमति और बजट की उपलब्धता सुनिश्चित किए बिना ही नियुक्ति संबंधी प्रक्रिया आगे बढ़ा दी गई। अब कर्मचारियों के मानदेय के लिए बजट की जरूरत सामने आने पर संबंधित अनुमति और अभिलेख तलाशे जा रहे हैं।
विज्ञापन
शासन की ओर से पत्रावली तलब किए जाने के बाद विभागीय स्तर पर पुराने अभिलेखों को खंगाला जा रहा है। तीन माह के बजट के लिए मांग भी भेजी गई है। अब शासन स्तर से आगे की कार्रवाई और बजट जारी होने का इंतजार है।
कोट
स्टेट बजट से आउटसोर्स कर्मचारियों की जो नियुक्ति हुई थी, उससे संबंधित पत्रावलियां शासन को भेज दी गई हैं। तीन माह का बजट फंसा है, जिसकी मांग की गई है। शासन स्तर से अब आगे की कार्रवाई होनी है।
-डॉ. राजीव निगम, सीएमओ, बस्ती
विज्ञापन
बताया गया कि संबंधित लिपिक के माध्यम से पत्रावली निदेशालय भेजी जा चुकी है। हालांकि, अभी बजट जारी नहीं हुआ है। वहीं, मामले की जांच विजिलेंस टीम भी कर रही है। इससे नियुक्ति प्रक्रिया और अभिलेखों के रखरखाव को लेकर विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति से पहले शासन और निदेशालय स्तर से आवश्यक अनुमति ली जानी थी।
विज्ञापन
आरोप है कि अनुमति और बजट की उपलब्धता सुनिश्चित किए बिना ही नियुक्ति संबंधी प्रक्रिया आगे बढ़ा दी गई। अब कर्मचारियों के मानदेय के लिए बजट की जरूरत सामने आने पर संबंधित अनुमति और अभिलेख तलाशे जा रहे हैं।
विज्ञापन
शासन की ओर से पत्रावली तलब किए जाने के बाद विभागीय स्तर पर पुराने अभिलेखों को खंगाला जा रहा है। तीन माह के बजट के लिए मांग भी भेजी गई है। अब शासन स्तर से आगे की कार्रवाई और बजट जारी होने का इंतजार है।
कोट
स्टेट बजट से आउटसोर्स कर्मचारियों की जो नियुक्ति हुई थी, उससे संबंधित पत्रावलियां शासन को भेज दी गई हैं। तीन माह का बजट फंसा है, जिसकी मांग की गई है। शासन स्तर से अब आगे की कार्रवाई होनी है।
-डॉ. राजीव निगम, सीएमओ, बस्ती