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Basti News: दुष्कर्म के दोषी को दस वर्ष की सजा
Fri, 19 Jan 2024 01:57 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Fri, 19 Jan 2024 01:57 AM IST
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जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय ने सुनाया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय जेबा मजीद की अदालत ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के दोषी को दस वर्ष की सजा सुनाई है। 25 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। इसे अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
एडीजीसी जय गोविंद सिंह तथा प्राइवेट कौंसिल राजेश शुक्ला ने अदालत को बताया कि मामला वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के गनेशपुर स्थित राजकीय यूनानी अस्पताल का है। पीड़िता मूल रूप से बाराबंकी जिले के एक गांव की रहने वाल है। उसने थाने में तहरीर देकर बताया कि वह संविदा पर योग परीक्षक के रूप में कार्यरत है। वह अस्पताल में रहती है। उसकी मुलाकात पीलीभीत जिले के माधवपुर थाना क्षेत्र के टांडा गांव निवासी ऋषि पांडेय हुई।
इसके बाद ऋषि 14 जुलाई 2018 को अस्पताल पर पहुंचे। उसके साथ दो दिन बिताए। उसको आश्वस्त किया कि वह उससे शादी करेंगे। कई बार उसने शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाए। उसे दवा देकर गर्भपात भी कराया। जब उसने ऋषि पर शादी का दबाव बनाया तो 27 दिसंबर 2019 को वह अपने पूरे परिवार के साथ पहुंच कर गोद भराई की रस्म निभा दी। जब शादी की बात आई तो इन्कार कर दिया। मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया। पीड़िता के मेडिकल परीक्षण व मजिस्ट्रेटियल बयान के आधार पर आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। इस मामले में 14 गवाहों ने गवाही दी। न्यायाधीश ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी को दस वर्ष की कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय जेबा मजीद की अदालत ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के दोषी को दस वर्ष की सजा सुनाई है। 25 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। इसे अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
एडीजीसी जय गोविंद सिंह तथा प्राइवेट कौंसिल राजेश शुक्ला ने अदालत को बताया कि मामला वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के गनेशपुर स्थित राजकीय यूनानी अस्पताल का है। पीड़िता मूल रूप से बाराबंकी जिले के एक गांव की रहने वाल है। उसने थाने में तहरीर देकर बताया कि वह संविदा पर योग परीक्षक के रूप में कार्यरत है। वह अस्पताल में रहती है। उसकी मुलाकात पीलीभीत जिले के माधवपुर थाना क्षेत्र के टांडा गांव निवासी ऋषि पांडेय हुई।
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इसके बाद ऋषि 14 जुलाई 2018 को अस्पताल पर पहुंचे। उसके साथ दो दिन बिताए। उसको आश्वस्त किया कि वह उससे शादी करेंगे। कई बार उसने शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाए। उसे दवा देकर गर्भपात भी कराया। जब उसने ऋषि पर शादी का दबाव बनाया तो 27 दिसंबर 2019 को वह अपने पूरे परिवार के साथ पहुंच कर गोद भराई की रस्म निभा दी। जब शादी की बात आई तो इन्कार कर दिया। मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया। पीड़िता के मेडिकल परीक्षण व मजिस्ट्रेटियल बयान के आधार पर आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। इस मामले में 14 गवाहों ने गवाही दी। न्यायाधीश ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी को दस वर्ष की कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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