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रानी लक्ष्मीबाई योजना : मेडिकल रिपोर्ट के अभाव में 14 आवेदन अटके
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बस्ती। रानी लक्ष्मीबाई महिला और बाल सम्मान कोष योजना के तहत आर्थिक मदद के लिए आवेदन करने वाली पीड़िताओं के मामले में लापरवाही का संज्ञान लेते हुए डीएम ने सीएमओ से जवाब तलब किया है। इस पर सीएमओ ने बताया है कि 544 मामलों की रिपोर्ट मिल गई थी जिनकी ऑनलाइन फीडिंग कराई जा चुकी है। मेडिकल रिपोर्ट के अभाव में 14 आवेदन लंबित रह गए हैं।
जानकारी के अनुसार, शासन की ओर से रानी लक्ष्मीबाई महिला और बाल सम्मान कोष योजना के तहत जिले में 558 पीड़िताओं ने आवेदन किया था, इनमें 14 पीड़िताएं ऐसी हैं जिनकी मेडिकल जांच रिपोर्ट की पत्रावलियां स्वास्थ्य विभाग में ढूंढ़े नहीं मिल रहीं हैं। इससे पीड़िताओं को सरकार की तरफ से दी जाने वाली मदद नहीं मिल पा रही है।
हालांकि इनमें अधिकतर मामले ऐसे हैं जिनमें चार्जशीट दाखिल हो चुकी है और सभी औपचारिकताएं पूरी हो चुकीं हैं। पीड़िताओं के आवेदन के बाद उन्हें मदद नहीं मिल पाने का मामला संवाद न्यूज एजेंसी ने प्रमुखता से उठाया था।
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डीएम कृतिका ज्योत्सना ने इसका संज्ञान लेते हुए सीएमओ से जवाब तलब किया। इस पर सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने डीएम को भेजे जवाब में बताया है कि इस साल 558 आवेदन प्राप्त हुए जिनमें 544 की मेडिकल रिपोर्ट मिल जाने के बाद डिजिटल हस्ताक्षर कराया जा चुका है। वर्तमान में 14 केस की पॉक्सो एक्ट के तहत मेडिकल जांच रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड नहीं की गई है।
वहीं, महिला अस्पताल की सीएमएस ने सीएमओ को बताया है कि 32 केस लंबित थे, वर्तमान में 14 केस रह गए हैं। मेडिकल रिपोर्ट आते ही इन्हें भी आगे बढ़ाया जाएगा। पुलिस की रिपोर्ट के बाद विभागीय पोर्टल पर मेडिकल रिपोर्ट आती है फिर उसे अपलोड किया जाता है।
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जानकारी के अनुसार, शासन की ओर से रानी लक्ष्मीबाई महिला और बाल सम्मान कोष योजना के तहत जिले में 558 पीड़िताओं ने आवेदन किया था, इनमें 14 पीड़िताएं ऐसी हैं जिनकी मेडिकल जांच रिपोर्ट की पत्रावलियां स्वास्थ्य विभाग में ढूंढ़े नहीं मिल रहीं हैं। इससे पीड़िताओं को सरकार की तरफ से दी जाने वाली मदद नहीं मिल पा रही है।
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हालांकि इनमें अधिकतर मामले ऐसे हैं जिनमें चार्जशीट दाखिल हो चुकी है और सभी औपचारिकताएं पूरी हो चुकीं हैं। पीड़िताओं के आवेदन के बाद उन्हें मदद नहीं मिल पाने का मामला संवाद न्यूज एजेंसी ने प्रमुखता से उठाया था।
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डीएम कृतिका ज्योत्सना ने इसका संज्ञान लेते हुए सीएमओ से जवाब तलब किया। इस पर सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने डीएम को भेजे जवाब में बताया है कि इस साल 558 आवेदन प्राप्त हुए जिनमें 544 की मेडिकल रिपोर्ट मिल जाने के बाद डिजिटल हस्ताक्षर कराया जा चुका है। वर्तमान में 14 केस की पॉक्सो एक्ट के तहत मेडिकल जांच रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड नहीं की गई है।
वहीं, महिला अस्पताल की सीएमएस ने सीएमओ को बताया है कि 32 केस लंबित थे, वर्तमान में 14 केस रह गए हैं। मेडिकल रिपोर्ट आते ही इन्हें भी आगे बढ़ाया जाएगा। पुलिस की रिपोर्ट के बाद विभागीय पोर्टल पर मेडिकल रिपोर्ट आती है फिर उसे अपलोड किया जाता है।