{"_id":"6542a3af589ffa08ca06d528","slug":"ram-lakshman-met-hanuman-basti-news-c-207-1-bst1001-6496-2023-11-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: हनुमान से मिले राम-लक्ष्मण, सुग्रीव कराई प्रभु की दोस्ती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: हनुमान से मिले राम-लक्ष्मण, सुग्रीव कराई प्रभु की दोस्ती
Thu, 02 Nov 2023 12:44 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Thu, 02 Nov 2023 12:44 AM IST
विज्ञापन
बस्ती क्लब में रामलीला का मंचन करते स्कूली छात्र-छात्राएं।
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। सनातन धर्म संस्था के तत्वावधान में बस्ती क्लब में चल रहे श्री रामलीला महोत्सव के सातवें दिन बुधवार को स्कूली बच्चों ने राम- लक्ष्मण का हनुमान जी मिलन का सजीव मंचन किया। बालकारों द्वारा प्रस्तुत लीला को देख लोग मंत्रमुग्ध हो गए।
दयाभान सिंह, सुशील मिश्र, अतुल चित्रगुप्त, डॉ. अवधेश पांडेय, विवेक मिश्र, कर्नल केसी मिश्र, डॉ. दुर्गेश पांडेय आदि ने प्रभु दरबार की आरती कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इसके बाद सावित्री विद्या विहार के बच्चों ने रामलीला का मंचन शुरू किया। राम- लक्ष्मण सीता जी की खोज में ऋष्यमूक पर्वत के निकट पहुंचते हैं। यहां निवास कर रहे बंदरों के राजा सुग्रीव दोनों भाइयों के तेज को देख घबरा जाते हैं। वह बजरंगबली को उनका भेद लेने के लिए भेजते हैं। हनुमान जी एक ब्राह्मण के भेष में प्रभु का परिचय प्राप्त करते हैं। दोनों भाइयों को अपने कंधे पर बैठाकर महाराज सुग्रीव के समीप लाते हैं। प्रभु से उनकी मित्रता कराते हैं। सुग्रीव माता सीता को खोजने में प्रभु की सहायता करने की शपथ लेते हैं। इसके बाद सुग्रीव को न्याय दिलाने के लिए प्रभु श्रीराम उनके भाई बालि का वध करते हैं। प्रभु श्री राम कहते हैं कि भाई की स्त्री, पुत्र की स्त्री और कन्या एक समान होती है। इन पर कुदृष्टि डालने वाले का वध करना पाप की श्रेणी नहीं आता है। भगवान सुग्रीव को राज्य का संचालन और बालि पुत्र अंगद को युवराज घोषित कर आशीष प्रदान करते हैं। वर्षा ऋतु समाप्त होने के बाद सुग्रीव के नेतृत्व में वानरी सेना को सभी दिशाओं में माता सीता की खोज के लिए रवाना किया गया। जामवंत के नेतृतव् में सेना की एक टुकड़ी समुद्र तट पर पहुंचती है। जहां संपाती का उद्धार होता है। संपाती अपनी दिव्य दृष्टि से माता सीता का पता बताते हैं। संवाद
विज्ञापन
बस्ती। सनातन धर्म संस्था के तत्वावधान में बस्ती क्लब में चल रहे श्री रामलीला महोत्सव के सातवें दिन बुधवार को स्कूली बच्चों ने राम- लक्ष्मण का हनुमान जी मिलन का सजीव मंचन किया। बालकारों द्वारा प्रस्तुत लीला को देख लोग मंत्रमुग्ध हो गए।
दयाभान सिंह, सुशील मिश्र, अतुल चित्रगुप्त, डॉ. अवधेश पांडेय, विवेक मिश्र, कर्नल केसी मिश्र, डॉ. दुर्गेश पांडेय आदि ने प्रभु दरबार की आरती कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इसके बाद सावित्री विद्या विहार के बच्चों ने रामलीला का मंचन शुरू किया। राम- लक्ष्मण सीता जी की खोज में ऋष्यमूक पर्वत के निकट पहुंचते हैं। यहां निवास कर रहे बंदरों के राजा सुग्रीव दोनों भाइयों के तेज को देख घबरा जाते हैं। वह बजरंगबली को उनका भेद लेने के लिए भेजते हैं। हनुमान जी एक ब्राह्मण के भेष में प्रभु का परिचय प्राप्त करते हैं। दोनों भाइयों को अपने कंधे पर बैठाकर महाराज सुग्रीव के समीप लाते हैं। प्रभु से उनकी मित्रता कराते हैं। सुग्रीव माता सीता को खोजने में प्रभु की सहायता करने की शपथ लेते हैं। इसके बाद सुग्रीव को न्याय दिलाने के लिए प्रभु श्रीराम उनके भाई बालि का वध करते हैं। प्रभु श्री राम कहते हैं कि भाई की स्त्री, पुत्र की स्त्री और कन्या एक समान होती है। इन पर कुदृष्टि डालने वाले का वध करना पाप की श्रेणी नहीं आता है। भगवान सुग्रीव को राज्य का संचालन और बालि पुत्र अंगद को युवराज घोषित कर आशीष प्रदान करते हैं। वर्षा ऋतु समाप्त होने के बाद सुग्रीव के नेतृत्व में वानरी सेना को सभी दिशाओं में माता सीता की खोज के लिए रवाना किया गया। जामवंत के नेतृतव् में सेना की एक टुकड़ी समुद्र तट पर पहुंचती है। जहां संपाती का उद्धार होता है। संपाती अपनी दिव्य दृष्टि से माता सीता का पता बताते हैं। संवाद
विज्ञापन