फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   The fellow kept shouting for help .. The car caught in the lake before the eyes

साथी मदद के लिए चिल्लाता रहा.. आंखों के सामने ही झील में समा गई कार

Sun, 01 Nov 2020 02:03 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sun, 01 Nov 2020 02:03 AM IST
सार

हादसे की कहानी, चश्मदीद की जुबानी
 

विज्ञापन
The fellow kept shouting for help .. The car caught in the lake before the eyes
इसी कार से हुआ हादसा। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

विस्तार

दस गाड़ियों से कलियर गए थे युवक, पुलिस और पीछे से आए साथियों ने की मदद

विज्ञापन
बरेली/बिजनौर। पुराना शहर से करीब दस कारों में युवा कलियर के उर्स में शामिल होने के लिए निकले थे। हादसे में बचे हनीफ उर्फ बबलू ने लोगों को उस मनहूस रात का जो मंजर सुनाया, उससे उनके रोंगटे खड़े हो गए।
हनीफ ने बताया कि कार को बरेली से वही चलाकर ले जा रहा था। अमरोहा में वह अपने परिचित अमजद के घर रुका। वहां सभी ने चाय पी। यहां से रवाना होने के बाद नूरपुर में सभी ने एक होटल में खाना खाया। फिर कार तनवीर चलाने लगे। हनीफ बराबर वाली सीट पर बैठ गए। नहटौर पहुंचने पर कार तेज गति से दौड़ रही थी। हादसे से 100 मीटर पहले कार अचानक लहराने लगी। शायद टायर फट गया था। लहराकर कार पुलिया को तोड़ती हुई झील में जा गिरी। वह ऊपर उठा और अपनी साइड की खिड़की के खुले शीशे से बाहर निकलने की कोशिश करने लगा और मदद के लिए चिल्लाने लगा।
विज्ञापन

उसकी आवाज सुनकर उधर से गुजर रहे पुलिस वाले आ गए। उन्होंने हनीफ को पानी से निकाल लिया। कार उसके सामने ही पानी में समा गई और इसके साथ ही चारों दोस्तों की आवाज थम गई। पुलिस ने रात में ही कार और शवों को बाहर निकाला। इस दौरान पीछे से आई दूसरी कार भी नहटौर में पेट्रोल पंप पर आकर रुकी। इस कार में सवार इजहार के मुताबिक वहां किसी ने बरेली का नाम लेकर कार दुर्घटना का जिक्र किया तो वह मौके की ओर दौड़े पड़े।
विज्ञापन
विज्ञापन

अमरोहा निवासी अमजद के मुताबिक, उन्होंने रात में ही तनवीर व अन्य के मोबाइल पर कॉल की पर मोबाइल नहीं मिला। तभी उन्हें किसी अनहोनी का अहसास होने लगा था। बाद में हादसे की जानकरी मिली। नहटौर थाने के प्रभारी निरीक्षक सत्यप्रकाश सिंह के मुताबिक, झील में अगर पानी नहीं होता तो चारों की जान बच जाती। हनीफ ने बताया कि वह चिल्लाते ही रह गए और उनकी आंखों के सामने कार पानी में समा गई और दोस्तों की आवाजें भी थम गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed