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Bareilly News: विद्यालय के जर्जर भवन में पढ़ाई, मंडरा रहा खतरा
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मीरगंज। नगर के प्राथमिक विद्यालय मीरगंज में शिक्षा नहीं, बल्कि खतरे की छांव में बच्चों का भविष्य गढ़ा जा रहा है। विद्यालय भवन की हालत इतनी जर्जर हो चुकी है कि छत से आसमान साफ दिखाई देता है। दीवारों में गहरी दरारें हैं, जिससे कभी भी भयानक हादसा हो सकता है। चौंकाने वाली बात यह है कि भवन के जर्जर होने की जानकारी सभी संबंधित अधिकारियों को है। इसके बावजूद बच्चों को उसी असुरक्षित भवन में बैठाकर पढ़ाया जा रहा है।
बच्चे ठिठुरने को मजबूर, अभिभावकों में डर
कड़कड़ाती ठंड के बीच फर्श पर बैठे मासूम बच्चे ठिठुरने को मजबूर हैं। न तो अलाव की व्यवस्था है और न ही ठंड से बचाव के लिए कोई वैकल्पिक इंतजाम। अभिभावकों का कहना है कि रोज बच्चों को स्कूल भेजते समय मन में डर बना रहता है कि कहीं छत गिर गई तो जिम्मेदारी किसकी होगी? स्थानीय लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायतें और जानकारी होने के बावजूद शिक्षा विभाग व प्रशासन आंख मूंदे बैठा है। जब खतरा सभी को साफ दिख रहा है, तो सवाल उठता है कि कार्रवाई आखिर किस अनहोनी के बाद होगी? विद्यालय की प्रधानाध्यापिका रेनू मिश्रा ने बताया कि जर्जर छत को लेकर कई बार लिखित में शिकायतें उच्चाधिकारियों को भेजी जा चुकी हैं। संवाद
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मूल्यांकन पूरा होने के बाद कराया जाएगा ध्वस्तीकरण
खंड शिक्षा अधिकारी अवनीश प्रताप ने बताया कि विद्यालय भवन के मूल्यांकन के लिए रिपोर्ट भेज दी गई है। मूल्यांकन पूरा होने के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
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बच्चे ठिठुरने को मजबूर, अभिभावकों में डर
कड़कड़ाती ठंड के बीच फर्श पर बैठे मासूम बच्चे ठिठुरने को मजबूर हैं। न तो अलाव की व्यवस्था है और न ही ठंड से बचाव के लिए कोई वैकल्पिक इंतजाम। अभिभावकों का कहना है कि रोज बच्चों को स्कूल भेजते समय मन में डर बना रहता है कि कहीं छत गिर गई तो जिम्मेदारी किसकी होगी? स्थानीय लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायतें और जानकारी होने के बावजूद शिक्षा विभाग व प्रशासन आंख मूंदे बैठा है। जब खतरा सभी को साफ दिख रहा है, तो सवाल उठता है कि कार्रवाई आखिर किस अनहोनी के बाद होगी? विद्यालय की प्रधानाध्यापिका रेनू मिश्रा ने बताया कि जर्जर छत को लेकर कई बार लिखित में शिकायतें उच्चाधिकारियों को भेजी जा चुकी हैं। संवाद
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मूल्यांकन पूरा होने के बाद कराया जाएगा ध्वस्तीकरण
खंड शिक्षा अधिकारी अवनीश प्रताप ने बताया कि विद्यालय भवन के मूल्यांकन के लिए रिपोर्ट भेज दी गई है। मूल्यांकन पूरा होने के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
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