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Bareilly News: तीन चरणों में होगा नकटिया का पुनरुद्धार, वैज्ञानिक मैपिंग से होगी शुरुआत
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बरेली। तीन चरणों में नकटिया नदी का पुनरुद्धार होगा। इसकी शुरुआत वैज्ञानिक मैपिंग से होगी। नगर निगम कार्यालय में बृहस्पतिवार को महापौर उमेश गौतम की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस पर सहमति बनी। बैठक में नकटिया नदी के पुनर्जीवन के लिए वैज्ञानिक, व्यवस्थित और समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने पर मंथन हुआ। तय किया गया कि नदी का पुनरुद्धार पारिस्थितिक पुनर्स्थापना के रूप में किया जाएगा।
योजना के पहले चरण में नदी और उसके आसपास के क्षेत्रों की वैज्ञानिक मैपिंग एवं बेसलाइन सर्वे कराया जाएगा। इसमें कैचमेंट एरिया, ड्रेनेज नेटवर्क, जल प्रवाह, प्रदूषण स्रोत, डिस्चार्ज प्वाइंट, अतिक्रमण और जल गुणवत्ता का अध्ययन होगा। दूसरे चरण में सर्वे के आधार पर विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जाएगी, जिसमें जल संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, नालों के ट्रीटमेंट, ग्रीन बफर और जैव विविधता को शामिल किया जाएगा। नमामि गंगे कार्यक्रम में परियोजना को शामिल कराने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।
तीसरे चरण में स्वीकृत डीपीआर के आधार पर कार्यों को चरणबद्ध ढंग से धरातल पर उतारा जाएगा। महापौर ने इसे जल सुरक्षा और भावी पीढ़ियों के भविष्य से जुड़ा अभियान बताते हुए सभी विभागों से मिशन मोड में समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया। इस मौके पर नगर आयुक्त संजीव मौर्य, बरेली कैंटोनमेंट बोर्ड की सीईओ डॉ.तनु जैन, जल शक्ति मंत्रालय एवं नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन अफेयर्स के वरिष्ठ वैज्ञानिक व अधिकारी, पीडब्ल्यूडी, वन विभाग, बाढ़ खंड, जल निगम ग्रामीण व शहरी के अधिकारी मौजूद रहे।
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योजना के पहले चरण में नदी और उसके आसपास के क्षेत्रों की वैज्ञानिक मैपिंग एवं बेसलाइन सर्वे कराया जाएगा। इसमें कैचमेंट एरिया, ड्रेनेज नेटवर्क, जल प्रवाह, प्रदूषण स्रोत, डिस्चार्ज प्वाइंट, अतिक्रमण और जल गुणवत्ता का अध्ययन होगा। दूसरे चरण में सर्वे के आधार पर विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जाएगी, जिसमें जल संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, नालों के ट्रीटमेंट, ग्रीन बफर और जैव विविधता को शामिल किया जाएगा। नमामि गंगे कार्यक्रम में परियोजना को शामिल कराने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।
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तीसरे चरण में स्वीकृत डीपीआर के आधार पर कार्यों को चरणबद्ध ढंग से धरातल पर उतारा जाएगा। महापौर ने इसे जल सुरक्षा और भावी पीढ़ियों के भविष्य से जुड़ा अभियान बताते हुए सभी विभागों से मिशन मोड में समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया। इस मौके पर नगर आयुक्त संजीव मौर्य, बरेली कैंटोनमेंट बोर्ड की सीईओ डॉ.तनु जैन, जल शक्ति मंत्रालय एवं नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन अफेयर्स के वरिष्ठ वैज्ञानिक व अधिकारी, पीडब्ल्यूडी, वन विभाग, बाढ़ खंड, जल निगम ग्रामीण व शहरी के अधिकारी मौजूद रहे।
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