{"_id":"5aaa8f9e4f1c1b4d0a8b5080","slug":"now-student-can-see-copies-of-toppers","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब यूपी बोर्ड के टॉपर्स की कॉपियां देख सकेंगे छात्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब यूपी बोर्ड के टॉपर्स की कॉपियां देख सकेंगे छात्र
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बरेली
Updated Thu, 15 Mar 2018 08:52 PM IST
विज्ञापन
exam
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
माध्यमिक शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षाओं में टॉप करने वाले छात्रों की कॉपियां पहली बार सभी छात्र देख सकेंगे। इसके लिए इंटरमीडिएट और हाईस्कूल में सर्वाधिक अंक हासिल करने वाले बीस-बीस छात्रों की कॉपियां परिषद अपनी वेबसाइट पर अपलोड करेगा। सभी डीआईओएस को आदेश जारी किए गए हैं कि जिले में सर्वाधिक अंक हासिल करने वाले छात्रों की कॉपी अलग रखें। अब तक टॉपर्स की कॉपियां छात्रों को आसानी से देखने को नहीं मिलती थीं। सूचना के अधिकार कानून के तहत छात्र कॉपी देख सकते थे। माध्यमिक शिक्षा परिषद पहली बार कॉपी सार्वजनिक करने जा रहा है, ताकि बाकी छात्र उन कॉपियों को देखकर जान सकें कि टॉपर्स ने किस तरह से प्रश्न हल किए। प्रश्नपत्र हल करने का तरीका क्या अपनाया। डीआईओएस अचल कुमार मिश्रा ने बताया कि पहली बार इंटरमीडिएट और हाईस्कूल की बीस-बीस कॉपियां यूपीएमएसपी की वेबसाइट पर अपलोड की जाएंगी। इसके निर्देश आ गए हैं।
मूल्यांकन में बेवजह न काटें अंक
मूल्यांकन स्टेप मार्किंग से होगा, यानी अगर छात्र आधा प्रश्न हल करता है तो भी परीक्षक उस जवाब को काटेगा नहीं, बल्कि उसी अनुसार अंक देगा। बोर्ड ने मूल्यांकन को लेकर निर्देश जारी किए हैं कि किसी भी छात्र के बेवजह अंक न कांटे। गणित और विज्ञान की कॉपी पर कई बार परीक्षक बायीं साइड पर मूल्यांकन नहीं करता है। इस बाबत भी निर्देश जारी किए हैं कि अगर छात्र ने बायीं साइड पर लिखा है तो उसका भी मूल्यांकन करें। पांचों केंद्रों पर पर्यवेक्षक लगा दिए गए हैं। मूल्यांकन में गड़बड़ी मिलती है तो उसका जिम्मेदार डीएचई होगा। मूल्यांकन 17 मार्च से शुरू हो जाएगा। बरेली की कॉपियां बाहर भेज दी गई हैं और दूसरे जिलों की कॉपियां आने लगी हैं।
विज्ञापन
मूल्यांकन में बेवजह न काटें अंक
मूल्यांकन स्टेप मार्किंग से होगा, यानी अगर छात्र आधा प्रश्न हल करता है तो भी परीक्षक उस जवाब को काटेगा नहीं, बल्कि उसी अनुसार अंक देगा। बोर्ड ने मूल्यांकन को लेकर निर्देश जारी किए हैं कि किसी भी छात्र के बेवजह अंक न कांटे। गणित और विज्ञान की कॉपी पर कई बार परीक्षक बायीं साइड पर मूल्यांकन नहीं करता है। इस बाबत भी निर्देश जारी किए हैं कि अगर छात्र ने बायीं साइड पर लिखा है तो उसका भी मूल्यांकन करें। पांचों केंद्रों पर पर्यवेक्षक लगा दिए गए हैं। मूल्यांकन में गड़बड़ी मिलती है तो उसका जिम्मेदार डीएचई होगा। मूल्यांकन 17 मार्च से शुरू हो जाएगा। बरेली की कॉपियां बाहर भेज दी गई हैं और दूसरे जिलों की कॉपियां आने लगी हैं।
विज्ञापन