{"_id":"64a1564387ea75047d0ac955","slug":"muslim-jamaat-protests-against-religious-book-burning-in-sweden-2023-07-02","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: स्वीडन में धार्मिक किताब जलाए जाने पर आक्रोश, मुस्लिम जमात ने मोदी सरकार से की ये मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: स्वीडन में धार्मिक किताब जलाए जाने पर आक्रोश, मुस्लिम जमात ने मोदी सरकार से की ये मांग
Sun, 02 Jul 2023 04:19 PM IST
मुकेश कुमार
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 02 Jul 2023 04:19 PM IST
सार
स्वीडन में धार्मिक किताब जलाए जाने के विरोध में ऑल इंडिया मुस्लिम जमात ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में स्वीडन एंबेसी के राजदूत को तलब किए जाने की मांग की गई है।
विज्ञापन
ऑल इंडिया मुस्लिम जमात ने सौंपा ज्ञापन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ईद-उल-अजहा (बकरीद) के दिन स्वीडन में धार्मिक किताब जलाए जाने पर ऑल इंडिया मुस्लिम जमात ने कड़ा एहतजाज (विरोध) जताया है। बरेली में मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी के नेतृत्व में रविवार को जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में इस मामले में कार्रवाई की मांग की गई।
विज्ञापन
ज्ञापन में कहा गया कि स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम की मस्जिद के बाहर ईद-उल-अजहा के दिन धार्मिक किताब जलाएं जाने और बेअदबी करने की घटना सामने आई है। पुलिस की सुरक्षा में इराकी नगरीक ने मस्जिद के बाहर मुकद्दस किताब को जलाया और बेअदबी की गई। ये सब कुछ वहां की हुकूमत के इशारे पर किया गया है। इस घटना के खिलाफ भारत के मुसलमानों में सख्त नाराजगी है। ये वाक्या करोड़ों मुसलमानों को भड़काने और उनके जज्बात को ठेस पहुंचाने वाला है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- बरेली में NIA का छापा: आंवला में एक पेंटर के घर जांच करने पहुंची टीम, पाकिस्तानी लड़की से हैं युवक के संबंध
विज्ञापन
इस्लाम देता है भाईचारे का संदेश
मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि यूरोपी यूनियन मज़हब या अकिदा और नस्लपरस्ती व नफरत फैलाने के खिलाफ दावा करती है। आजादी के नाम पर इस तरह का घिनौना कृत्य मुसलमान बर्दाश्त नहीं करेगा। इस्लाम अमन-शांति और भाईचारे का सबक देता है। इस्लाम तमाम धर्म के मानने वालों को सम्मान की निगाह से देखता है।ज्ञापन के माध्यम से भारत सरकार से मांग की गई है कि नई दिल्ली में स्थित स्वीडन एंबेसी के राजदूत को तलब किया जाए। तलब करने के बाद भारतीय मुसलमानों की तरफ से सख्त विरोध जताया जाए। ज्ञापन देने वालों में मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी, मौलाना पीर मुजाहिद हुसैन, हाजी नाजिम बेग, हाफिज अब्दुल वाहिद आदि लोग मौजूद रहे।