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Bareilly News: चकबंदी प्रक्रिया निरस्त करने के लिए भेजा पत्र
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मीरगंज। तहसील क्षेत्र के गांव ठिरिया बुजुर्ग में ग्राम प्रधान की अध्यक्षता में पंचायत भवन में ग्रामीणों के साथ बैठक हुई। इसमें चकबंदी प्रक्रिया निरस्त करने के लिए चकबंदी आयुक्त सहित आलाधिकारियों को पत्र भेजा गया।
ग्रामीणों ने बताया कि चकबंदी कर्मचारियों की ओर से 1359 फसली खतौनी से चकबंदी करने के लिए जमीन की पैमाइश की गई थी, जिससे तमाम ग्रामीण भूमिहीन हो सकते हैं। ग्रामीण 1384 फसली बंदोबस्त से चकबंदी कराने की मांग कर रहे हैं। लोगों ने बताया कि कुछ भूमिहीन लोगों को पट्टे किए गए थे, जो असली कृषक हो चुके हैं। जमीन की कई बार बिक्री हो चुकी है। इसलिए इस प्रक्रिया से वह सब भूमिहीन हो जाएंगे। रामगंगा नदी एक जगह बह रही है, जबकि चकबंदी कर्मचारी दो जगह नदी दर्शा रहे हैं। लोगों के विरोध के कारण चकबंदी प्रक्रिया रुकी हुई है। अधिकारियों ने भी गांव में बैठक कर लोगों को समझाने का प्रयास किया था, लेकिन लोग चकबंदी कराने को तैयार नहीं है। बैठक में ग्राम प्रधान मुनीश दिवाकर, परमानंद गंगवार, छत्रपाल, गंगाराम, देवेन्द्र कुमार, राम गुलाम, मोरपाल, प्रदीप, जगदीश, मनोज दिवाकर आदि मौजूद रहे। संवाद
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डीएम को भेजी रिपोर्ट : एसडीएम
एसडीएम तृप्ति गुप्ता ने बताया कि ग्रामीणों को चकबंदी अधिकारी, एडीएम एवं मेरे द्वारा काफी समझाने का प्रयास किया जा चुका है, लेकिन ग्रामीण चकबंदी कराने को तैयार नहीं है। रिपोर्ट जिलाधिकारी बरेली को भेजी जा चुकी है।
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ग्रामीणों ने बताया कि चकबंदी कर्मचारियों की ओर से 1359 फसली खतौनी से चकबंदी करने के लिए जमीन की पैमाइश की गई थी, जिससे तमाम ग्रामीण भूमिहीन हो सकते हैं। ग्रामीण 1384 फसली बंदोबस्त से चकबंदी कराने की मांग कर रहे हैं। लोगों ने बताया कि कुछ भूमिहीन लोगों को पट्टे किए गए थे, जो असली कृषक हो चुके हैं। जमीन की कई बार बिक्री हो चुकी है। इसलिए इस प्रक्रिया से वह सब भूमिहीन हो जाएंगे। रामगंगा नदी एक जगह बह रही है, जबकि चकबंदी कर्मचारी दो जगह नदी दर्शा रहे हैं। लोगों के विरोध के कारण चकबंदी प्रक्रिया रुकी हुई है। अधिकारियों ने भी गांव में बैठक कर लोगों को समझाने का प्रयास किया था, लेकिन लोग चकबंदी कराने को तैयार नहीं है। बैठक में ग्राम प्रधान मुनीश दिवाकर, परमानंद गंगवार, छत्रपाल, गंगाराम, देवेन्द्र कुमार, राम गुलाम, मोरपाल, प्रदीप, जगदीश, मनोज दिवाकर आदि मौजूद रहे। संवाद
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डीएम को भेजी रिपोर्ट : एसडीएम
एसडीएम तृप्ति गुप्ता ने बताया कि ग्रामीणों को चकबंदी अधिकारी, एडीएम एवं मेरे द्वारा काफी समझाने का प्रयास किया जा चुका है, लेकिन ग्रामीण चकबंदी कराने को तैयार नहीं है। रिपोर्ट जिलाधिकारी बरेली को भेजी जा चुकी है।
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