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GST Raid: बरेली में पेंटास्टार पावरकॉन पर जीएसटी का छापा, 1.35 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी पकड़ी

Sat, 04 May 2024 10:32 AM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 04 May 2024 10:32 AM IST
सार

बरेली में जीएसटी की विशेष अनुसंधान शाखा ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। जीएसटी की टीम ने बृहस्पतिवार को बिजली उपकरण कारोबारी के यहां छापा मारा। जांच में बड़ी कर चोरी सामने आई है। 

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GST raid on electrical equipment dealer in Bareilly
व्यापारी के प्रतिष्ठान पर जीएसटी की एसआईबी टीम ने मारा छापा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बरेली के सुरेश शर्मा नगर स्थित बिजली उपकरण निर्माता और आपूर्तिकर्ता कंपनी पेंटास्टार पावरकॉन प्राइवेट लिमिटेड पर बृहस्पतिवार को जीएसटी की विशेष अनुसंधान शाखा ने छापामारी की। जांच में 1.35 करोड़ रुपये कर चोरी की पुष्टि हुई। टीम ने मौके पर ही फैक्टरी के मालिक जितेंद्र कुमार से 55 लाख रुपये जमा कराए। 

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राज्यकर अपर आयुक्त ग्रेड-1 ओपी चौबे के मुताबिक संबंधित फर्म सरकारी संस्थानों में उपकरणों की आपूर्ति करती है। शिकायत का संज्ञान लेकर विशेष अनुसंधान शाखा रेंज बी बरेली की टीम ने फर्म की जांच की। उन्होंने फैक्टरी के कार्यालय और ट्रांसपोर्ट नगर के गोदाम पर जांच की। 
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इसमें 1.35 करोड़ की जीएसटी चोरी पकड़ी गई। टीम ने कारोबारी से 55.50 लाख रुपये मौके पर ही जमा कराया। बकाया 90 लाख जमा करने के लिए कारोबारी ने कुछ दिन का समय मांगा। टीम ने कारोबारी को 15 दिनों की मोहलत दी है। 

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प्रतिवर्ष सरकारी संस्थानों से हो रहा था दस करोड़ का भुगतान 
जांच में पता चला कि फर्म की सेवाओं के बदले सरकारी संस्थानों से प्रतिवर्ष 10 करोड़ रुपये से ज्यादा का भुगतान हो रहा है। अधिक मूल्य संवर्धन वाली कमोडिटी यानी सामान के निर्माता होने के बावजूद फर्म संचालक सभी कर देयता का समायोजन आईटीसी यानी अग्रिम टैक्स भुगतान से कर रहा था। साथ ही, कागजों की गड़बड़ी और बिलों में हेराफेरी के मामले मिले। 

आईटीसी क्लेम के लिए बोगस फर्मों से खरीद 
जांच में पता चला कि फर्म संचालक द्वारा कर चोरी के उद्देश्य से दिल्ली में सकुर्लर ट्रेडिंग यानी दलाल के जरिये धोखाधड़ी से बोगस फर्मों से खरीदारी दिखाकर आईटीसी क्लेम से देय कर का समायोजन किया गया। पहले तो कारोबारी ने आपत्ति जताई पर जब दस्तावेजों के आधार पर बात की गई तो उसने भूल स्वीकारी। 

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