बरेली: जीबीएस संदिग्ध बच्चे की मौत, निजी अस्पताल में चल रहा था उपचार; जानलेवा है ये बीमारी
जीबीएस (गुलियन बैरे सिंड्रोम) एक ऐसा विकार है, जिसमें रोगी के शरीर में पहले दर्द होता है। निजी अस्पताल की जांच में मासूम बच्चा इसी बीमारी से पीड़ित बताया गया था। चिकित्सक के मुताबिक ये जानलेवा बीमारी होती है।
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बरेली के देवचरा में जीबीएस (गुलियन बैरे सिंड्रोम) संदिग्ध एक बच्चे की मौत हो गई। निजी अस्पताल में कराई गई जांच में डॉक्टर ने बच्चे को इस बीमारी से पीड़ित बताया था। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने ऐसा कोई मामला सामने आने की जानकारी से इनकार किया है।
गांव निवासी राजीव गुप्ता ने बताया कि नौ वर्षीय बेटा देव गुप्ता कक्षा पांच का छात्र था। पिछले रविवार को उसके एक हाथ ने काम करना बंद कर दिया। तुरंत ही उसे बरेली के एक निजी अस्पताल भर्ती कराया गया। जांच के बाद डॉक्टर ने बच्चे के जीबीएस की चपेट में होने की बात कही।
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काफी उपचार के बाद भी उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ। रविवार को देव ने दम तोड़ दिया। इसके बाद परिजन शव गांव ले आए। वहीं, सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर गौरव शर्मा ने बताया इस बीमारी में बचने की संभावना बहुत कम होती है। क्षेत्र में इस तरह का मामला आने की जानकारी नहीं है।
यह है जीबीएस
जीबीएस (गुलियन बैरे सिंड्रोम) एक ऐसा विकार है, जिसमें रोगी के शरीर में पहले दर्द होता है। इसके बाद मांसपेशियां कमजोर होने लगती हैं। ब्रीदिंग मसल्स तक कमजोर हो जाती हैं। इस कारण लकवा भी हो जाता है। इस बीमारी के लक्षण दिखाई देते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।