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प्रवेश के लिए नौ छात्रों ने लगा दिए फर्जी सर्टिफिकेट
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बरेली। बरेली कॉलेज की प्रवेश प्रक्रिया में सेंधमारी के लिए फर्जी वेटेज प्रमाण पत्र लगाने वालों के प्रवेश पर अब तलवार लटकी है। फर्जी सर्टिफिकेट से कॉलेज में प्रवेश पाने का शोर मचा तो कॉलेज प्रशासन ने संदिग्ध 30 सर्टिफिकेट की जांच कराई। बताया जाता है कि इसमें नौ सर्टिफिकेट फर्जी मिले हैं। जिसकी रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग ने कॉलेज प्रशासन को सौंप दी है।
बरेली कॉलेज ने इस बार आवेदन के समय ही बता दिया था कि जो अभ्यर्थी वेटेज प्रमाण पत्र लगाएंगे, उनकी जांच संबंधित संस्थानों से कराई जाएगी। इसके बावजूद करीब नौ अभ्यर्थियों ने फर्जी प्रमाण पत्र लगा दिए। इसमें स्पोर्ट्स, एनएसएस, स्वतंत्रा संग्राम सेनानी आश्रित आदि के प्रमाण पत्र की कॉपी लगाई गई। जब ये प्रतियां जांच के लिए संबंधित संस्थानों को भेजी गई, तब इनका कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। जानकारों के मुताबिक स्पोर्ट्स, एनसीसी, एनएसएस, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित व अन्य प्रमाण पत्रों के आधार पर पांच से दस अंकों तक का अतिरिक्त लाभ मिलता है। जिन अभ्यर्थियों के कम अंक आए, उन्होंने वेटेज पाने के लिए फर्जीवाड़े का रास्ता चुना। ताकि इसके जरिये मेरिट में नाम आ जाए। मामले पर कॉलेज प्रशासन से संपर्क किया गया लेकिन बात नहीं हो सकी।
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बरेली कॉलेज ने इस बार आवेदन के समय ही बता दिया था कि जो अभ्यर्थी वेटेज प्रमाण पत्र लगाएंगे, उनकी जांच संबंधित संस्थानों से कराई जाएगी। इसके बावजूद करीब नौ अभ्यर्थियों ने फर्जी प्रमाण पत्र लगा दिए। इसमें स्पोर्ट्स, एनएसएस, स्वतंत्रा संग्राम सेनानी आश्रित आदि के प्रमाण पत्र की कॉपी लगाई गई। जब ये प्रतियां जांच के लिए संबंधित संस्थानों को भेजी गई, तब इनका कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। जानकारों के मुताबिक स्पोर्ट्स, एनसीसी, एनएसएस, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित व अन्य प्रमाण पत्रों के आधार पर पांच से दस अंकों तक का अतिरिक्त लाभ मिलता है। जिन अभ्यर्थियों के कम अंक आए, उन्होंने वेटेज पाने के लिए फर्जीवाड़े का रास्ता चुना। ताकि इसके जरिये मेरिट में नाम आ जाए। मामले पर कॉलेज प्रशासन से संपर्क किया गया लेकिन बात नहीं हो सकी।
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