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अनन्या प्रकरण: मेडिकल कॉलेज पहुंची सीबीसीआईडी
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बरेली। एमबीबीएस की छात्रा अनन्या की मौत के मामले में सीबीसीआईडी टीम ने गुरुवार को मेडिकल कॉलेज जाकर मौका मुआयना किया। कुछ लोगों से घटना के बारे में पूछताछ भी की।
अनन्या दीक्षित नोएडा के सेक्टर 62 गेल अपार्टमेंट में रहने वाले इंजीनियर अनादि दीक्षित की इकलौती बेटी थी। उसने 24 अगस्त को बरेली के एक मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लिया था। यहां वह एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही थी। छह सितंबर 2017 की दोपहर अनन्या की लाश हॉस्टल के कमरे में लटकी मिली थी। कॉलेज प्रशासन और पुलिस का कहना था कि अनन्या ने आत्महत्या की थी। जबकि सूचना पर पहुंचे माता-पिता अनन्या की हत्या किए जाने का आरोप लगा रहे थे। पिता अनादि की ओर से भोजीपुरा थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ आत्महत्या की धारा 306, 201 के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई थी। शुरू में इस मुकदमे की विवेचना भोजीपुरा पुलिस ने की। पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट भी लगा दी। मगर अनन्या के पिता पुलिस की तफ्तीश से संतुष्ट नहीं थे। इसके बाद विवेचना सीबीसीआईडी ट्रांसफर कर दी गई थी।
विवेचक और सीबीसीआईडी के इंस्पेक्टर सत्यनारायण गंगवार गुरुवार को टीम के साथ मेडिकल कॉलेज गए। टीम ने सबसे पहले उस कमरे को जाकर देखा जहां अनन्या की लाश लटकी मिली बताई गई थी। कमरे की छानबीन करने के बाद कुछ लोगों के बयान दर्ज किए। कई घंटे छानबीन करने के बाद सीबीसीआईडी टीम लौट गई। इंस्पेक्टर सत्यनारायण ने बताया कि वह टीम के साथ मौका मुआयना करने गए थे। मगर इस मामले में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता। विवेचना चल रही है।
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अनन्या दीक्षित नोएडा के सेक्टर 62 गेल अपार्टमेंट में रहने वाले इंजीनियर अनादि दीक्षित की इकलौती बेटी थी। उसने 24 अगस्त को बरेली के एक मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लिया था। यहां वह एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही थी। छह सितंबर 2017 की दोपहर अनन्या की लाश हॉस्टल के कमरे में लटकी मिली थी। कॉलेज प्रशासन और पुलिस का कहना था कि अनन्या ने आत्महत्या की थी। जबकि सूचना पर पहुंचे माता-पिता अनन्या की हत्या किए जाने का आरोप लगा रहे थे। पिता अनादि की ओर से भोजीपुरा थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ आत्महत्या की धारा 306, 201 के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई थी। शुरू में इस मुकदमे की विवेचना भोजीपुरा पुलिस ने की। पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट भी लगा दी। मगर अनन्या के पिता पुलिस की तफ्तीश से संतुष्ट नहीं थे। इसके बाद विवेचना सीबीसीआईडी ट्रांसफर कर दी गई थी।
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विवेचक और सीबीसीआईडी के इंस्पेक्टर सत्यनारायण गंगवार गुरुवार को टीम के साथ मेडिकल कॉलेज गए। टीम ने सबसे पहले उस कमरे को जाकर देखा जहां अनन्या की लाश लटकी मिली बताई गई थी। कमरे की छानबीन करने के बाद कुछ लोगों के बयान दर्ज किए। कई घंटे छानबीन करने के बाद सीबीसीआईडी टीम लौट गई। इंस्पेक्टर सत्यनारायण ने बताया कि वह टीम के साथ मौका मुआयना करने गए थे। मगर इस मामले में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता। विवेचना चल रही है।
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