फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   crime

अपनी आफत बच्चों के सिर डाली स्कूल वाहन मालिकों ने मुसीबत टाली

Wed, 28 Aug 2019 02:54 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 28 Aug 2019 02:54 AM IST
विज्ञापन
crime
बरेली। 28 और 29 अगस्त को होने वाली स्कूल बस की हड़ताल के मामले पर मंगलवार को अभिभावक संघ के पदाधिकारियों और स्कूल वाहन वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक बेनतीजा रही। अभिभावक संघ ने वाहन स्वामियों को बच्चों को और अभिभावकों को होने वाली समस्याओं की जानकारी दी लेकिन वे नहीं माने। कहा कि इससे अभिभावकों पर ही बोझ बढ़ेगा। अगर यह नियम लागू हुआ तो प्रति बच्चा एक हजार रुपये वाहन किराया बढ़ जाएगा। अब उन्होंने निजी स्कूली वाहनों के संचालन के लिए शासन की नई गाइडलाइन के विरोध में स्कूल वाहन स्वामी वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से दो दिवसीय हड़ताल की घोषणा की है।
विज्ञापन

शासन ने नए नियम के तहत स्कूल के स्वामित्व वाली बस को 15 साल और निजी बस को 10 साल तक चलाने की अनुमति दी है। निजी स्कूल वाहन संचालक इसके विरोध में हैं। इसको लेकर मंगलवार को चौपुला स्थित एक ट्रेवल्स एजेंसी के कार्यालय पर हुई बैठक में अभिभावक संघ के पदाधिकारियों ने उनके साथ बैठक करके इस मामले को हल करने का प्रयास किया। इस पर वाहन एसोसिएशन के पदाधिकारी राकेश कालरा ने शासन की दोहरी नीति की बात कही। कहा, नया नियम के तहत सरकार उनसे पक्षपात कर रही है। इस पर अभिभावक संघ ने हड़ताल से शहर में ट्रैफिक समस्या बढ़ने की बात कही। संभावना जताई कि एक बस में करीब 60 बच्चे जाते हैं। हड़ताल में उन 60 बच्चों को लेने के लिए कम से कम 50 गाड़ियां छोड़ने और लेने जाएंगी। इस स्थिति में अभिभावकों को और शहरवासियों को ट्रैफिक जाम की समस्या से जूझना पड़ेगा। इस पर एसोसिएशन ने तकलीफ पर खेद जताया और हड़ताल से सरकार को पक्षपाती रवैया बदलकर एक सही निर्णय लेने की बात कही। कहा, दो दिवसीय हड़ताल सांकेतिक है, अगर सरकार ने नियम नहीं बदले तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी।
विज्ञापन

किराया बढ़ाने के दे दिए संकेत
स्कूल वाहन एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश ने बताया कि 10 साल तक वाहन चलाए जाने की अनुमति से कोई आमदनी नहीं होगी। ऐसी स्थिति में अनुबंधित स्कूल वाहन स्वामी को किराया बढ़ाना पड़ेगा। कहा, अभिभावकों पर कोई बोझ न बढ़े, इसे देखते हुए हड़ताल का निर्णय लिया गया है। ताकि सरकार नियमों में परिवर्तन करने को विवश हो सके। बैठक में अभिभावक संघ के अध्यक्ष अंकुर सक्सेना, संजय अरोरा, राहुल यादव, अपुल श्रीवास्तव और स्कूल वाहन एसोसिएशन के पंकज गोयल, दिनेश मलिक, सोमनाथ गुप्ता, सूरज यादव, अनिल मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

करीब एक हजार स्कूल वाहनों का संचालन बंद होगा
जिले में करीब चार सौ अनुबंधित स्कूल बसें और पांच सौ से अधिक वैन या अन्य चार पहिया छोटे वाहन हैं, जिनका संचालन हड़ताल के दौरान बंद रहेगा। ऐसे में छोटे बच्चों से लेकर कॉलेज तक के स्टूडेंट्स जो इनके सहारे चलते हैं वे और उनके अभिभावक प्रभावित होंगे। इसमें विद्या भवन पब्लिक स्कूल, पद्मावती एकेडमी, बीबीएल, एसआर इंटरनेशनल, राधा माधव, एलबीएसआईएमटी, जिंगल बेल्स, माधव राव सिंधिया, सेंट मारिया गौरेटी इंटर कॉलेज, हार्टमन कॉलेज, बिशप कोनरॉड, महाराजा अग्रसेन महाविद्यालय, केसीएमटी, सोबती इंटरनेशनल स्कूल में सर्वाधिक अनुबंधित बसें हैं। इसके चलते विद्या भवन पब्लिक स्कूल ने बुधवार और बृहस्पतिवार की छुट्टी कर दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed