{"_id":"5dd440aa8ebc3e54b41040cd","slug":"civic-amenities-bareilly-news-bly3847269150","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्मार्ट सिटी में सीवर लाइन बिछेगी लेकिन हजियापुर में पुलिया दुरुस्त नहीं होगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्मार्ट सिटी में सीवर लाइन बिछेगी लेकिन हजियापुर में पुलिया दुरुस्त नहीं होगी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। स्मार्ट सिटी में अमृत योजना के तहत करीब चार सौ करोड़ की लागत से शहर में चार सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की कवायद होगी। शहर के पॉश एरिया में पिछले दिनों सीवरेज लाइन दुरुस्त करने का कार्य जोर शोर से शुरू हुआ लेकिन वह भी शहर के पॉश एरिया तक ही सीमित रहा। वहीं, सीवर लाइन के न होने से गंदगी से पटा हजियापुर की अफसर सुध नहीं ले रहे। अफसरों की इस अनदेखी से हजियापुर के लोग सीवर लाइन की मांग के बजाय मोहल्ले की एक पुलिया को पिछले करीब छह माह से दुरुस्त करने की मांग कर रहे हैं लेकिन अब तक निर्माण कार्य पर मुहर नहीं लग सकी है। इस पुलिया के चलते वार्ड की नाला नालियां चोक हैं और गंदगी उफनाकर सड़कों पर फैल रही है। दुर्गंध और जलभराव के बीच से लोग गुजर रहे हैं।
मंगलवार को अमर उजाला की टीम पुराना शहर के वार्ड संख्या 15 हजियापुर पहुंची। वहां पहुंचते ही लोगों ने बताया कि वार्ड के सभी नाला नालियों को मुख्य नाला तक जोड़ने वाली यह पुलिया टूटने से समूचा इलाका गंदगी में डूबा हुआ है। बारिश में स्थिति बद से बदतर हो जाती है। हर दिन करीब दर्जन भर से अधिक लोग पुलिया पर गिरकर चोटिल होते हैं। इसके आगे बढ़े तो मुख्य मार्ग जर्जर मिला। सड़क पर बड़े-बड़े रोड़े पड़े थे। महिलाओं ने बताया कि गलियों में वर्षों पहले खडंजा बिछा था, जो अब टूट चुका है। हालत बद से बदतर हैं। पार्षद से शिकायत करने पर सिर्फ आश्वासन ही मिलता है लेकिन समस्या निस्तारण के अब तक ठोस प्रयास नहीं किए गए हैं। खजूर वाली मस्जिद के पास कई गलियों में नालियों का गंदा पानी सड़क पर भरने से लोग सीमेंट की बोरियां रखकर गुजरने को मजबूर हैं। गंदगी और जलभराव से लोग कई बीमारियों और मच्छरजनित रोग से ग्रस्त हैं।
पुलिया निर्माण को लेकर कई बार लिखा पत्र
हजियापुर वार्ड के पार्षद रईस मियां ने बताया कि पूरे क्षेत्र में सीवर लाइन नहीं बिछी है। जिसके चलते नाला नालियां ही घरों से निकली गंदगी को मुख्य नाला से क्षेत्र के बाहर निकालते हैं। बताया कि करीब छह माह पहले पुलिया निर्माण को पत्र लिखा था। इसके बाद जब भी वे नगर निगम पहुंचते हैं तो पुलिया निर्माण कराने को कहते हैं लेकिन मांग अनसुनी ही रहती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगलवार को अमर उजाला की टीम पुराना शहर के वार्ड संख्या 15 हजियापुर पहुंची। वहां पहुंचते ही लोगों ने बताया कि वार्ड के सभी नाला नालियों को मुख्य नाला तक जोड़ने वाली यह पुलिया टूटने से समूचा इलाका गंदगी में डूबा हुआ है। बारिश में स्थिति बद से बदतर हो जाती है। हर दिन करीब दर्जन भर से अधिक लोग पुलिया पर गिरकर चोटिल होते हैं। इसके आगे बढ़े तो मुख्य मार्ग जर्जर मिला। सड़क पर बड़े-बड़े रोड़े पड़े थे। महिलाओं ने बताया कि गलियों में वर्षों पहले खडंजा बिछा था, जो अब टूट चुका है। हालत बद से बदतर हैं। पार्षद से शिकायत करने पर सिर्फ आश्वासन ही मिलता है लेकिन समस्या निस्तारण के अब तक ठोस प्रयास नहीं किए गए हैं। खजूर वाली मस्जिद के पास कई गलियों में नालियों का गंदा पानी सड़क पर भरने से लोग सीमेंट की बोरियां रखकर गुजरने को मजबूर हैं। गंदगी और जलभराव से लोग कई बीमारियों और मच्छरजनित रोग से ग्रस्त हैं।
विज्ञापन
पुलिया निर्माण को लेकर कई बार लिखा पत्र
हजियापुर वार्ड के पार्षद रईस मियां ने बताया कि पूरे क्षेत्र में सीवर लाइन नहीं बिछी है। जिसके चलते नाला नालियां ही घरों से निकली गंदगी को मुख्य नाला से क्षेत्र के बाहर निकालते हैं। बताया कि करीब छह माह पहले पुलिया निर्माण को पत्र लिखा था। इसके बाद जब भी वे नगर निगम पहुंचते हैं तो पुलिया निर्माण कराने को कहते हैं लेकिन मांग अनसुनी ही रहती है।
विज्ञापन