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Bareilly News: विश्वविद्यालय की गलती से भटक रहे बीलिब के विद्यार्थी
Thu, 16 May 2024 05:44 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Thu, 16 May 2024 05:44 AM IST
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बरेली। रुहेलखंड विश्वविद्यालय की गलती से बड़ी संख्या में विद्यार्थियों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। बैचलर ऑफ लाइब्रेरी के विद्यार्थियों की मार्कशीट में ''''बैचलर'''' शब्द को ''''बैचोलर'''' लिख दिया है। इसमें संशोधन कराने के लिए छात्र-छात्राएं कॉलेज से लेकर विश्वविद्यालय तक चक्कर काट रहे हैं। इससे मार्कशीट की प्रमाणिकता भी प्रभावित हो रही है।
विश्वविद्यालय से संबद्ध बरेली कॉलेज, साहू राम स्वरूप महिला महाविद्यालय और एसएल कॉलेज मुरादाबाद में बीलिब और एमलिब कोर्स संचालित किए जाते हैं। वर्ष 2023 में बीलिब की डिग्री पूरी करने वाले विद्यार्थी जब मार्कशीट लेने कॉलेज पहुंचे तो देखा कि बैचलर की स्पेलिंग गलत है। बरेली कॉलेज के कुछ छात्रों ने नेशनल लाइब्रेरी कोलकाता में आवेदन किया तो वहां से भी आपत्ति दर्ज की गई।
इसके बाद बैचलर की स्पेलिंग ठीक कराने के लिए वह विश्वविद्यालय पहुंचे। कुछ छात्रों की मार्कशीट में संशोधन हो गया मगर, बड़ी संख्या में अब भी चक्कर लगा रहे हैं। कॉलेजों की ओर से शिकायत के बाद अब विश्वविद्यालय ने मिसप्रिंट मार्कशीटें मांगी है।
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वर्जन...
मार्कशीट पर अगर कुछ मिसप्रिंट हो गया है तो विद्यार्थी कॉलेज के माध्यम से विश्वविद्यालय से संपर्क कर सकते हैं। उनकी समस्या का समाधान प्राथमिकता से किया जाएगा। - डॉ. अमित सिंह, मीडिया प्रभारी, रुहेलखंड विश्वविद्यालय
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विश्वविद्यालय से संबद्ध बरेली कॉलेज, साहू राम स्वरूप महिला महाविद्यालय और एसएल कॉलेज मुरादाबाद में बीलिब और एमलिब कोर्स संचालित किए जाते हैं। वर्ष 2023 में बीलिब की डिग्री पूरी करने वाले विद्यार्थी जब मार्कशीट लेने कॉलेज पहुंचे तो देखा कि बैचलर की स्पेलिंग गलत है। बरेली कॉलेज के कुछ छात्रों ने नेशनल लाइब्रेरी कोलकाता में आवेदन किया तो वहां से भी आपत्ति दर्ज की गई।
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इसके बाद बैचलर की स्पेलिंग ठीक कराने के लिए वह विश्वविद्यालय पहुंचे। कुछ छात्रों की मार्कशीट में संशोधन हो गया मगर, बड़ी संख्या में अब भी चक्कर लगा रहे हैं। कॉलेजों की ओर से शिकायत के बाद अब विश्वविद्यालय ने मिसप्रिंट मार्कशीटें मांगी है।
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मार्कशीट पर अगर कुछ मिसप्रिंट हो गया है तो विद्यार्थी कॉलेज के माध्यम से विश्वविद्यालय से संपर्क कर सकते हैं। उनकी समस्या का समाधान प्राथमिकता से किया जाएगा। - डॉ. अमित सिंह, मीडिया प्रभारी, रुहेलखंड विश्वविद्यालय