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बड़ा बाईपास की तरह लालफाटक रोड पर भी विकसित होगी ग्रीन बेल्ट

Fri, 06 Dec 2019 02:58 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 06 Dec 2019 02:58 AM IST
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BDA
बरेली। बड़ा बाईपास की तरह लालफाटक रोड पर भी ग्रीन बेल्ट विकसित की जाएगी। इसके लिए वन विभाग को करीब पांच किलोमीटर रोड किनारे 68 हजार से ज्यादा पौधे लगाने हैं। डीएफओ ने ग्रीन बेल्ट के लिए 109 हेक्टेयर जमी उलब्ध कराने के लिए जिलाधिकारी को चिट्ठी लिखी है।
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नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के आदेश पर शहर में विभिन्न जगहों पर ग्रीन बेल्ट विकसित की जानी है। बड़ा बाईपास के किनारे पहले से ही ग्रीन बेल्ट के लिए जगह चिह्नित है। अब लालफाटक रोड पर भी हरित पट्टी विकसित करने की तैयारी चल रही है। चूंकि लालफाटक क्रासिंग से बदायूं हाईवे तक करीब पांच किलोमीटर रोड को चौड़ा कर फोरलेन भी बनाया जाना है। इसके बाद रोड साइड में ग्रीन बेल्ट तैयार होनी है। इसे लेकर डीएम नितीश कुमार ने हाल में वन विभाग और पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों के साथ बैठक भी की थी। इसमें डीएफओ भरत लाल ने ग्रीन बेल्ट के लिए प्रति हेक्टेयर 625 पौध लगाने की जरूरत बताते हुए करीब पांच किलोमीटर रोड पर 68020 पौधे लगाने का प्रस्ताव डीएम नितीश कुमार को दिया है। डीएफओ का कहना है कि लालफाटक पर ग्रीन बेल्ट के लिए 109 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराने का आग्रह डीएम से किया है।
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शहर के चारों ओर ग्रीन बेल्ट के लिए नहीं मिली जमीन
बड़ा बाईपास-लालफाटक रोड ही नहीं, शहर के चारों ओर भी ग्रीन बेल्ट विकसित की जानी है। इसके लिए एनएचएआई और वन विभाग को मिलकर प्रोजेक्ट तैयार करना है। दिक्कत यह आ रही है कि पौधरोपण के लिए वन विभाग को हाइवे के किनारे बीडीए और नगर निगम की जमीन उपलब्ध न होने से ग्रीन बेल्ट विकसित नहीं हो पा रही है। 19 सितंबर को मंडलीय पर्यावरण समिति की बैठक में कमिश्नर रणवीर प्रसाद के सामने यह मामला उठा था कि नेशनल हाईवे के दोनों तरफ खाली भूमि पर पौधरोपण करके ग्रीन बेल्ट तैयार की जाए। इसके अलावा कुछ जमीन बीडीए और नगर निगम को देनी है। बीडीए के अधिकारियों का कहना है कि ग्रीन बेल्ट के लिए कहां और कितनी जमीन चिह्नित है। इसका नक्शा उपलब्ध करा दिया गया है। बीडीए के पास अपनी कोई जमीन नहीं है। इसे नगर निगम को ही देना है। जबकि नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि जमीन देने का प्रस्ताव तैयार हो रहा है। कहां और कितनी जमीन देनी है, यह बोर्ड बैठक में ही तय होगा।
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‘लालफाटक पर ग्रीन बेल्ट विकसित करने के लिए डीएम से भूमि उपलब्ध कराने का आग्रह किया गया है। इसके अलावा बड़ा बाईपास पर भी ग्रीन बेल्ट विकसित नहीं हो सकी है। यहां पहले जो पौधरोपण कराया गया था, वह सफल नहीं को सका। एनएचएआई से जमीन हस्तांतरण के लिए लिखा गया था, लेकिन वह इसके लिए तैयार नहीं है।’

- भरतलाल, डीएफओ

‘ग्रीन बेल्ट के लिए जो जगह चिह्नित है, उनका नक्शा वन विभाग को उपलब्ध करा दिया गया है। बाकी जमीन ग्राम सभा या नगर निगम की है। फिर भी यह सर्वे कराया जा रहा है कि ग्रीन बेल्ट के लिए बीडीए कहां जमीन दे सकता है।’
- दिव्या मित्तल, उपाध्यक्ष, बीडीए

‘लालफाटक पर ग्रीन बेल्ट विकसित कराई जा रही है। इसके लिए वन विभाग और पीडब्ल्यूडी के साथ मीटिंग कर इसकी प्लानिंग भी तैयार कर ली है।’
- नितीश कुमार, जिलाधिकारी
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