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फर्जी मार्कशीट से भर्ती होने आया युवक पकड़ा
Bareilly
Updated Sat, 23 Aug 2014 05:30 AM IST
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बरेली। सेना भर्ती के लिए दूसरे की हाईस्कूल पास की मार्कशीट और निवास प्रमाणपत्र लेकर जाट रेजीमेंट सेंटर पहुंचा युवक शुक्रवार को पकड़ा गया। पकड़े गए युवक ने अपना नाम जीतू कुमार और पिता का नाम बिज्जू सिंह निवासी अलीगढ़ बताया। पूछताछ के बाद सेना ने कार्रवाई के लिए उसे कैंट थाना पुलिस के हवाले कर दिया है।
पकड़ा गया युवक किसी कपिल त्यागी की हाईस्कूल की मार्कशीट लेकर सेना भर्ती में शामिल हुआ। उसने कपिल त्यागी के नाम का पीलीभीत के ईंटगांव का निवास प्रमाणपत्र भी प्रस्तुत किया। दौड़ निकालने के बाद जब प्रारंभिक जांच के लिए सर्टिफिकेट पेश करने पर वह पकड़ में आ गया। मार्कशीट पर दर्ज सही जन्म तिथि और विषयवार अंक न बताने पर सेना के अफसरों ने उसे संदिग्ध मानते हुए पूछताछ की तो मामला खुल गया।
फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद युवक ने यह स्वीकार कर लिया कि यह मार्कशीट उसकी नहीं है। उसका कहना था कि वह अलीगढ़ में मजदूरी करता है और कक्षा नौ तक पढ़ाई की थी। उसके मुताबिक, जगटारी में ही रहने वाले राहुल ने उससे कहा था कि वह खूब दौड़ लेता है इसलिए सेना की भर्ती में शामिल होने चला जाए। इसके लिए राहुल ने ही उसे कपिल त्यागी की मार्कशीट दी और निवास प्रमाणपत्र की फोटोकापी भी उपलब्ध कराई। बदले में पांच हजार रुपये देने की बात तय हुई थी। उसने कहा था कि अगर भर्ती हो गई तभी पांच हजार रुपये देगा, जिस पर राहुल तैयार भी हो गया।
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जीतू कुमार का कहना था कि सुबह राहुल भी अलीगढ़ से उसके साथ भर्ती में शामिल होने आया था, लेकिन उसके पकड़े जाने के बाद वह फरार हो गया। भर्ती निदेशक कर्नल राजीव दीक्षित ने बताया कि पकड़े गए युवक को कैंट थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है।
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पकड़ा गया युवक किसी कपिल त्यागी की हाईस्कूल की मार्कशीट लेकर सेना भर्ती में शामिल हुआ। उसने कपिल त्यागी के नाम का पीलीभीत के ईंटगांव का निवास प्रमाणपत्र भी प्रस्तुत किया। दौड़ निकालने के बाद जब प्रारंभिक जांच के लिए सर्टिफिकेट पेश करने पर वह पकड़ में आ गया। मार्कशीट पर दर्ज सही जन्म तिथि और विषयवार अंक न बताने पर सेना के अफसरों ने उसे संदिग्ध मानते हुए पूछताछ की तो मामला खुल गया।
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फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद युवक ने यह स्वीकार कर लिया कि यह मार्कशीट उसकी नहीं है। उसका कहना था कि वह अलीगढ़ में मजदूरी करता है और कक्षा नौ तक पढ़ाई की थी। उसके मुताबिक, जगटारी में ही रहने वाले राहुल ने उससे कहा था कि वह खूब दौड़ लेता है इसलिए सेना की भर्ती में शामिल होने चला जाए। इसके लिए राहुल ने ही उसे कपिल त्यागी की मार्कशीट दी और निवास प्रमाणपत्र की फोटोकापी भी उपलब्ध कराई। बदले में पांच हजार रुपये देने की बात तय हुई थी। उसने कहा था कि अगर भर्ती हो गई तभी पांच हजार रुपये देगा, जिस पर राहुल तैयार भी हो गया।
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जीतू कुमार का कहना था कि सुबह राहुल भी अलीगढ़ से उसके साथ भर्ती में शामिल होने आया था, लेकिन उसके पकड़े जाने के बाद वह फरार हो गया। भर्ती निदेशक कर्नल राजीव दीक्षित ने बताया कि पकड़े गए युवक को कैंट थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है।