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उझानी के एसडीएम और ईओ सफाई कर्मचारी आयोग में तलब
Updated Sat, 09 Sep 2017 06:23 PM IST
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उझानी (बदायूं)।
सफाई कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान में देरी और दैनिक वेतनभोगी कर्मियों को पूरा मानदेय मुहैया नहीं कराए जाने की शिकायतों के मामले में सफाई कर्मचारी आयोग ने एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य और अधिशासी अधिकारी (ईओ) संजय कुमार तिवारी को दिल्ली मुख्यालय पर तलब किया है। दोनों अफसर 11 सितंबर को आयोग के समक्ष पेश होंगे। शनिवार को तहसील से पहुंचे कर्मचारी ने पालिका में नोटिस भी रिसीव करा दिया।
सफाई कर्मचारी आयोग की सदस्य मंजू दिलेर के निर्देश पर आयोग के दिल्ली मुख्यालय में तलब किए गए ईओ संजय कुमार तिवारी पर सफाई कर्मियों ने अनियमितताओं के आरोप लगाए थे। मंजू दिलेर ने पिछले महीने पालिका कार्यालय पहुंचकर सफाई कर्मियों की समस्याओं को सुना था। उसी दौरान लोन स्वीकृत करने के नाम पर उनसे वसूली करने और दैनिक वेतन भोगी सफाई कर्मियों को पूरा मानदेय मुहैया नहीं कराने का मामला सामने आया था। आयोग की सदस्य ने मौके पर एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य को कार्रवाई के निर्देश दिए थे लेकिन सफाई कर्मियों को कोई राहत नहीं मिली।
आरोप यह भी लगा कि स्वच्छकार योजना के तहत सर्वे में पालिका प्रशासन ने मनमाने ढंग से कार्रवाई करते हुए एक ही इलाके के 10 लोगों का लाभार्थी के रूप में चयन कर लिया था। भाजपा अनुसूचित मोर्चा के नगर अध्यक्ष मोहित प्रभाकर ने इसकी भी शिकायत आयोग की सदस्य से कर दी थी। मोहित की माने तो ईओ ने बैकलॉग पर भर्ती दो कर्मचारियों से भी सफाई का कार्य लेना शुरू नहीं कराया। अवकाश के बाद भी शनिवार पूर्वाह्न में तहसील कार्यालय पहुंचे कर्मचारी ने पालिका के लिपिक को नोटिस रिसीव करा दिया। एसडीएम और ईओ को 11 सितंबर को तलब किया गया है। उन्हें आयोग के समक्ष पूरे प्रकरण में अभिलेखीय पक्ष भी प्रस्तुत करना होगा। एसडीएम सदर का कहना है कि आयोग में बुलाए जाने की सूचना है। वह जल्द ही अपना पक्ष रख देंगे। -------------
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कोट.....
उझानी नगर पालिका परिषद में सफाई कर्मचारियों को लेकर उनके संज्ञान में जो मामले लाए गए थे, उनसे जुड़ी हकीकत का पता लगाना और केंद्र सरकार की योजनाओं का सफल क्रियान्वयन कराना उनकी जिम्मेदारी में शामिल है। दोनों अफसरों को अपना पक्ष रखने के लिए तलब किया गया है। आगे की कार्रवाई बाद में तय होगी।
- मंजू दिलेर, सदस्य, सफाई कर्मचारी आयोग, नई दिल्ली
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सफाई कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान में देरी और दैनिक वेतनभोगी कर्मियों को पूरा मानदेय मुहैया नहीं कराए जाने की शिकायतों के मामले में सफाई कर्मचारी आयोग ने एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य और अधिशासी अधिकारी (ईओ) संजय कुमार तिवारी को दिल्ली मुख्यालय पर तलब किया है। दोनों अफसर 11 सितंबर को आयोग के समक्ष पेश होंगे। शनिवार को तहसील से पहुंचे कर्मचारी ने पालिका में नोटिस भी रिसीव करा दिया।
सफाई कर्मचारी आयोग की सदस्य मंजू दिलेर के निर्देश पर आयोग के दिल्ली मुख्यालय में तलब किए गए ईओ संजय कुमार तिवारी पर सफाई कर्मियों ने अनियमितताओं के आरोप लगाए थे। मंजू दिलेर ने पिछले महीने पालिका कार्यालय पहुंचकर सफाई कर्मियों की समस्याओं को सुना था। उसी दौरान लोन स्वीकृत करने के नाम पर उनसे वसूली करने और दैनिक वेतन भोगी सफाई कर्मियों को पूरा मानदेय मुहैया नहीं कराने का मामला सामने आया था। आयोग की सदस्य ने मौके पर एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य को कार्रवाई के निर्देश दिए थे लेकिन सफाई कर्मियों को कोई राहत नहीं मिली।
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आरोप यह भी लगा कि स्वच्छकार योजना के तहत सर्वे में पालिका प्रशासन ने मनमाने ढंग से कार्रवाई करते हुए एक ही इलाके के 10 लोगों का लाभार्थी के रूप में चयन कर लिया था। भाजपा अनुसूचित मोर्चा के नगर अध्यक्ष मोहित प्रभाकर ने इसकी भी शिकायत आयोग की सदस्य से कर दी थी। मोहित की माने तो ईओ ने बैकलॉग पर भर्ती दो कर्मचारियों से भी सफाई का कार्य लेना शुरू नहीं कराया। अवकाश के बाद भी शनिवार पूर्वाह्न में तहसील कार्यालय पहुंचे कर्मचारी ने पालिका के लिपिक को नोटिस रिसीव करा दिया। एसडीएम और ईओ को 11 सितंबर को तलब किया गया है। उन्हें आयोग के समक्ष पूरे प्रकरण में अभिलेखीय पक्ष भी प्रस्तुत करना होगा। एसडीएम सदर का कहना है कि आयोग में बुलाए जाने की सूचना है। वह जल्द ही अपना पक्ष रख देंगे। -------------
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उझानी नगर पालिका परिषद में सफाई कर्मचारियों को लेकर उनके संज्ञान में जो मामले लाए गए थे, उनसे जुड़ी हकीकत का पता लगाना और केंद्र सरकार की योजनाओं का सफल क्रियान्वयन कराना उनकी जिम्मेदारी में शामिल है। दोनों अफसरों को अपना पक्ष रखने के लिए तलब किया गया है। आगे की कार्रवाई बाद में तय होगी।
- मंजू दिलेर, सदस्य, सफाई कर्मचारी आयोग, नई दिल्ली