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सौभाग्य योजना के लक्ष्य पूरे न करने वाली कंपनियों पर होगी कार्रवाई
Updated Sun, 16 Sep 2018 12:12 AM IST
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सौभाग्य योजना के तहत ग्रामीण इलाकों में घर-घर बिजली कनेक्शन देने का तमाम कंपनियों ने ठेका तो ले लिया लेकिन काम करने में दिलचस्पी नहीं दिखाई। सरकार की मंशा दिसंबर तक लक्ष्य पूरा करने की थी, लेकिन कंपनियों की ढिलाई की वजह से बमुश्किल 20 प्रतिशत काम ही पूरा हो पाया है। अब बिजली विभाग ने कंपनियों पर कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के निदेशक सुधीर कुमार ने शुक्रवार को बताया कि हर गांव और सौभाग्य हर घर में बिजली कनेक्शन देने की अब तक की सबसे बड़ी योजना है। बिहार समेत कई राज्यों में इस योजना पर काम काफी हो चुका है। कई राज्यों में लक्ष्य पूरे हो चुके है लेकिन यूपी की स्थिति बदतर है। निदेशक ने बताया कि सरकार की नाराजगी के बाद सभी जोन में इसकी समीक्षा शुरू कर दी गई है। बरेली जोन में इसके तहत पहली बैठक शुक्रवार को हुई। हालांकि इस जोन में काफी काम हुआ है लेकिन ठेका लेेने वाली फर्मों के पास मीटर, तार, खंभे जैसे संसाधनों की कमी है। विभाग अपने स्तर से उनकी मदद कर रहा है। मगर लापरवाह और मनमानी करने वाली कंपनियों को चिह्नित किया जा रहा है ताकि उनपर कार्रवाई हो सके। समीक्षा बैठक में चीफ इंजीनियर एसके सक्सेना ने प्रगति से अवगत कराया।
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मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के निदेशक सुधीर कुमार ने शुक्रवार को बताया कि हर गांव और सौभाग्य हर घर में बिजली कनेक्शन देने की अब तक की सबसे बड़ी योजना है। बिहार समेत कई राज्यों में इस योजना पर काम काफी हो चुका है। कई राज्यों में लक्ष्य पूरे हो चुके है लेकिन यूपी की स्थिति बदतर है। निदेशक ने बताया कि सरकार की नाराजगी के बाद सभी जोन में इसकी समीक्षा शुरू कर दी गई है। बरेली जोन में इसके तहत पहली बैठक शुक्रवार को हुई। हालांकि इस जोन में काफी काम हुआ है लेकिन ठेका लेेने वाली फर्मों के पास मीटर, तार, खंभे जैसे संसाधनों की कमी है। विभाग अपने स्तर से उनकी मदद कर रहा है। मगर लापरवाह और मनमानी करने वाली कंपनियों को चिह्नित किया जा रहा है ताकि उनपर कार्रवाई हो सके। समीक्षा बैठक में चीफ इंजीनियर एसके सक्सेना ने प्रगति से अवगत कराया।
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